Mardaani Interesting Facts : इंटरनेट और सोशल मीडिया पर इन दिनों रानी मुखर्जी की फिल्म मर्दानी-3 की काफी चर्चा हो रही है। फिल्म के रिलीज होने के बाद से ही गूगल पर इसे लेकर ट्रेंड बना हुआ है। रानी मुखर्जी की ये फिल्म एक बार फिर हिट साबित होती दिख रही है। फिल्म में वह सभी एलिमेंट्स मौजूद हैं, जो एक दमदार और असरदार कॉप ड्रामा से उम्मीद की जाती है। मगर क्या आपको पता है कि, भारत की रियल लाइफ 'मर्दानी' कौन थीं ? वैसे आपको बता दें कि, इनका नाम सुनते ही देश के दुश्मन थर—थर कांप जाते थे। आज हम आपको इसके बारे में ही बताने वाले हैं ?
भारत की रियल लाइफ मर्दानी कौन थीं ?
'बुंदेले हरबोलों के मुँह हमने सुनी कहानी थी। खूब लड़ी मर्दानी वह तो...झांसी वाली रानी थी।' हिन्दी की मशहूर कवयित्री सुभद्रा कुमारी चौहान की इन पंक्तियों से स्पष्ट है कि, भारत की रियल लाइफ मर्दानी का नाम 'रानी लक्ष्मीबाई' था। रानी लक्ष्मीबाई (1828-1858) झांसी की रानी और 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम की सबसे प्रमुख नायिकाओं में से एक थीं। मणिकर्णिका (मनु) के रूप में जन्मी, वे अपनी वीरता, घुड़सवारी और तलवारबाजी के लिए प्रसिद्ध थीं। अंग्रेजों की दमनकारी नीतियों के खिलाफ लड़ते हुए उन्होंने 'मैं अपनी झांसी नहीं दूंगी' का उद्घोष किया और रणभूमि में वीरगति को प्राप्त हुईं।
रानी लक्ष्मीबाई से अंग्रेज कांपते थे
वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई से अंग्रेज खौफ खाते थे। अपनी अदम्य वीरता, युद्ध कौशल और दृढ़ संकल्प के साथ उन्होंने मेजर जनरल ह्यूरोज की ब्रिटिश सेना को कड़ी चुनौती दी थी। पीठ पर पुत्र को बांधकर दोनों हाथों में तलवार लेकर लड़ने वाली रानी को अंग्रेजों ने 'विद्रोहियों में सबसे खतरनाक और एकमात्र मर्द' माना था। गौरतलब है कि, रानी लक्ष्मीबाई ने अंतिम समय तक अंग्रेजों के सामने घुटने नहीं टेके, जो उन्हें भारतीय इतिहास की सबसे साहसी महिला योद्धाओं में से एक बनाता है।
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