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प्रतिबंध लगाने की बजाय अमेरिका खुद की सुरक्षा पर ध्यान दे: नॉर्थ कोरिया

अमेरिका और उत्तर कोरिया के बीच संबंध बद से बदतर होने जा रहे हैं। इस हफ्ते की शुरुआत में अमेरिका द्वारा खुद पर लगाए गए प्रतिबंधों को एकतरफा बताते हुए उत्तर कोरिया ने कहा है कि...

Kim Jong-un | AP Photo- India TV Hindi
Kim Jong-un | AP Photo

प्योंगयांग: अमेरिका और उत्तर कोरिया के बीच संबंध बद से बदतर होने जा रहे हैं। इस हफ्ते की शुरुआत में अमेरिका द्वारा खुद पर लगाए गए प्रतिबंधों को एकतरफा बताते हुए उत्तर कोरिया ने कहा है कि इससे प्योंगयांग की परमाणु हथियारों के संकल्प को और मजबूत ही मिलती है। इस हफ्ते की शुरुआत में उत्तर कोरिया के ताजा अंतरमहाद्वीपीय मिसाइल परीक्षण की प्रतिक्रिया स्वरूप अमेरिका ने उस पर प्रतिबंध लगा दिए हैं।

उत्तर कोरिया के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने गुरुवार देर रात कहा, ‘अमेरिका के प्रतिबंध अन्य देशों भले ही प्रभावित कर सकते हैं, लेकिन उत्तर कोरिया को कभी नहीं।’ उत्तर कोरिया पर युद्ध और अत्यधिक प्रतिबंध लगाने की अमेरिका की धमकी केवल उसकी सतर्कता और सहनशक्ति को बढ़ाएगी और उसकी परमाणु हथियारों तक पहुंच के औचित्य को जायज ठहराएगी।’ रिपोर्ट्स के मुताबिक, गुरुवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कच्चा तेल और उससे बने उत्पादों, कोयला और अन्य दुर्लभ धातुओं को लेकर उत्तर कोरिया के साथ व्यापार करने वाली कंपनियों और लोगों पर नए तरह के प्रतिबंधों को मंजूरी दे दी। इन प्रतिबंधों में उत्तर कोरिया के श्रमिकों को दूसरे देशों में रोजगार देने वाली कंपनियां भी शामिल हैं।

प्रवक्ता ने कहा, ‘उत्तर कोरिया अमेरिका द्वारा कथित तौर पर द्विपक्षीय प्रतिबंधों को लगाए जाने के प्रयास की निंदा करता है और इन्हें खारिज करता है। इन प्रतिबंधों की आड़ में अमेरिका अपने संघीय कानून को अंतर्राष्ट्रीय संबंधों पर लागू करना चाहता है, जोकि स्पष्ट रूप से संयुक्त राष्ट्र चार्टर और अंतर्राष्ट्रीय कानून को चुनौती देता है।’ उन्होंने कहा कि उनके देश का मिसाइल परीक्षण अमेरिका को एक चेतावनी है। उन्होंने प्रतिबंधों का पालन करने वाले देशों पर कोरियाई प्रायद्वीप में तनाव भड़काने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, ‘उत्तर कोरिया के खिलाफ निराशाजनक प्रतिबंधों पर अपनी ऊर्जा खर्चने के बजाए, अमेरिका को अपनी आंतरिक सुरक्षा सुनिश्चित करनी चाहिए।’

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