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इजरायल ने हमास के साथ संघर्ष विराम के बाद पहली बार उठाया बड़ा कदम, फलस्तीनियों को मिली राहत

हमास के साथ हुए युद्ध विराम समझौते के बाद इजरायल की ओर से पहली बार बड़ा कदम उठाया गया है। इजरायल ने गाजा के उत्तरी क्षेत्र में फलस्तीनियों को लौटने की इजाजत दे दी है। युद्ध के दौरान गाजा का उत्तरी क्षेत्र बुरी तरह से प्रभावित हुआ है।

इजरायल ने फलस्तीनियों को गाजा पट्टी के उत्तरी क्षेत्र में लौटने की अनुमति दी- India TV Hindi
Image Source : AP इजरायल ने फलस्तीनियों को गाजा पट्टी के उत्तरी क्षेत्र में लौटने की अनुमति दी

दीर अल-बला: इजरायल ने हमास के साथ 15 महीने के युद्ध के बाद संघर्ष विराम लागू होने पर पहली बार फलस्तीनियों को गाजा पट्टी के उत्तरी क्षेत्र में लौटने की अनुमति दी है। इस युद्ध के कारण गाजा पट्टी का उत्तरी क्षेत्र बुरी तरह तबाह हो चुका है। अनुमति मिलने के बाद कई दिनों से अपने क्षेत्र लौटने का इंतजार कर रहे हजारों फलस्तीनी सोमवार को उत्तर की ओर बढ़े। यहां लौटने वालों की बड़ी संख्या नजर आई। 

लोगों की वापसी में हुई देरी

‘एसोसिएटेड प्रेस’ के संवाददाताओं ने लोगों को सुबह सात बजे के बाद नेत्जारिम गलियारा पार करते देखा, जब नाका खुल जाता है। हमास और इजरायल के बीच विवाद के कारण उत्तरी क्षेत्र में लोगों की वापसी में देरी हुई। इजरायल का आरोप था कि आतंकवादी समूह ने सैकड़ों फलस्तीनी कैदियों के बदले में रिहा किए जाने वाले बंधकों के क्रम में बदलाव किया था। हालांकि, वार्ताकारों ने देर रात विवाद सुलझा लिया। 

युद्ध को समाप्त करना है मकसद

संघर्ष विराम का उद्देश्य इजरायल और हमास के बीच अब तक के सबसे घातक और विनाशकारी युद्ध को समाप्त करना है। इतना ही नहीं  संघर्ष विराम का मकसद यह भी है कि सात अक्टूबर, 2023 को आतंकवादियों द्वारा इजरायल को निशाना बनाकर किए गए हमले में पकड़े गए कई बंधकों की रिहाई सुनिश्चित हो सके। इस हमले के बाद इजरायल ने हमास के खिलाफ युद्ध की शुरुआत की थी। 

इजरायल ने दिया था क्षेत्र को खाली करने का आदेश

युद्ध के शुरुआती दिनों में इजरायल ने उत्तरी क्षेत्र को पूरी तरह से खाली करने का आदेश दिया था और जमीनी सैनिकों के आने के कुछ समय बाद ही इसे सील कर दिया था। अक्टूबर 2023 में लगभग दस लाख लोग दक्षिण की ओर पलायन कर गए और उन्हें वापस लौटने की अनुमति नहीं दी गई थी। लाखों लोग उत्तरी क्षेत्र में रह गए, जहां युद्ध के दौरान सबसे भीषण लड़ाई और सबसे भयानक विनाश हुआ।

Image Source : apगाजा पट्टी के उत्तरी क्षेत्र में लौटते हुए फलस्तीनी

हमास ने लगाया समझौते के उल्लंघन का आरोप 

इजरायल ने कहा था कि वह तब तक फलस्तीनियों को उत्तर की ओर जाने की अनुमति नहीं देगा जब तक कि महिला नागरिक बंधक अर्बेल येहूद को रिहा नहीं कर दिया जाता। इजरायल ने यह आरोप भी लगाया कि हमास ने ऐसी कोई जानकारी नहीं दी कि रिहा किए जाने वाले शेष बंधक जीवित हैं या मृत। बदले में हमास ने इजरायल पर ‘क्रॉसिंग’ नहीं खोलकर समझौते का उल्लंघन करने का आरोप लगाया।

जल्द होगी बंधकों की रिहाई 

हमास के साथ प्रमुख वार्ताकार एवं मध्यस्थ खाड़ी देश कतर ने सोमवार को घोषणा की है कि शुक्रवार से पहले येहूद तथा दो अन्य बंधकों को रिहा करने पर सहमति बन गई है। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने एक बयान में कहा कि बंधकों की रिहाई बृहस्पतिवार को होगी। बंधकों में महिला सैनिक अगम बर्गर भी शामिल हैं। यह रिहाई अगले शनिवार को पहले से तय की गई रिहाई के अलावा होगी, जब तीन बंधकों को रिहा किया जाना है।

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