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'भारतीय मूल के नागमल्लैया की हत्या कभी नहीं होती' जानें क्यों उठ रहे हैं बाइडेन प्रशासन पर सवाल

अमेरिका में भारतीय मूल के होटल प्रबंधक चंद्र नागमल्लैया की हत्या को लेकर बाइडेन प्रशासन पर निशाना साधा जा रहा है। अमेरिकी कानून प्रवर्तन एजेंसियों का कहना है कि बाइडेन प्रशासन उस अपराधी को रिहा कर दिया था जिसने नागमल्लैया का बेरहमी से कत्ल किया है।

50-year-old Chandramouli Nagamallaiah (R) was beheaded by Yordanis Cobos-Martinez (L)- India TV Hindi
Image Source : FACEBOOK/CHANDRA MOULI NAGAMALLAIAH AND 50-year-old Chandramouli Nagamallaiah (R) was beheaded by Yordanis Cobos-Martinez (L)

न्यूयॉर्क/वाशिंगटन: अमेरिकी कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने कहा है कि डलास में भारतीय मूल के एक होटल प्रबंधक चंद्र नागमल्लैया की नृशंस तरीके से हत्या कभी नहीं होती, अगर पूर्ववर्ती बाइडेन प्रशासन आरोपी को रिहा नहीं करता। अमेरिकी आव्रजन और सीमा शुल्क प्रवर्तन ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘एक होटल प्रबंधक की उसके परिवार के सामने क्यूबा से आए एक अवैध विदेशी ने हत्या कर दी। क्यूबा ने दोषी ठहराए गए इस अपराधी को स्वीकार करने से इनकार कर दिया, इसलिए बाइडेन प्रशासन ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के पदभार ग्रहण करने से एक हफ्ते पहले उसे अमेरिकी सड़कों पर छोड़ दिया।’’ 

सहकर्मी ने की थी हत्या

चंद्र नागमल्लैया (50) की डाउनटाउन सूट्स मोटल में उनके सहकर्मी योर्डानिस कोबोस-मार्टिनेज ने वाशिंग मशीन को लेकर हुए एक विवाद के बाद हत्या कर दी थी। 37 वर्षीय कोबोस-मार्टिनेज क्यूबाई नागरिक है और उसका हिंसक आपराधिक इतिहास है। संघीय एजेंसी ने कहा कि इस अपराधी और अवैध विदेशी को अमेरिका में होना ही नहीं चाहिए था। 

पत्नी और बच्चे के सामने किया गया कत्ल

कोबोस-मार्टिनेज को एक ‘घृणित दानव’ करार देते हुए गृह सुरक्षा विभाग (डीएचएस) ने कहा कि उसने नागमल्लैया का उसकी पत्नी और बच्चे के सामने सिर कलम कर दिया। डीएचएस ने कहा कि यही कारण है कि एजेंसी आपराधिक प्रवृत्ति के अवैध विदेशियों को तीसरे देशों में भेज रही है। 

'बर्बर अपराधियों को रहने की अनुमति नहीं'

एजेंसी ने अल सल्वाडोर के टेकोलुका में अधिकतम सुरक्षा वाले आतंकवाद निरोध केंद्र का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘राष्ट्रपति ट्रंप और डीएचएस मंत्री क्रिस्टी नोएम अब बर्बर अपराधियों को अमेरिका में अनिश्चित काल तक रहने की अनुमति नहीं दे रहे हैं। अगर आप अवैध रूप से हमारे देश में आते हैं, तो आप एस्वातिनी, युगांडा, दक्षिण सूडान या सीईसीओटी में पहुंच सकते हैं।’’ (भाषा)

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