A
  1. Hindi News
  2. हेल्थ
  3. फर्राटे से कार और बाइक चलाने वालों में बढ़ रहा है रीढ़ की हड्डी टूटने का खतरा, बाबा रामदेव से जानिए रीढ़ को मजबूत कैसे बनाएं?

फर्राटे से कार और बाइक चलाने वालों में बढ़ रहा है रीढ़ की हड्डी टूटने का खतरा, बाबा रामदेव से जानिए रीढ़ को मजबूत कैसे बनाएं?

तेज ड्राइविंग से रीढ़ खतरे में आ सकती है। दुनिया में 63 करोड़ लोगों को स्पाइनल इंजरी है। जिसकी एक बड़ी वजह आपकी तेज रफ्तार में की जाने वाली ड्राइविंग भी है। एक्सीडेंट होने पर ऐसे लोगों में रीढ़ टूटने का खतरा ज्यादा रहता है। स्वामी रामदेव से जानिए रीढ़ को कैसे मजबूत बनाएं?

रीढ़ को मजबूत कैसे बनाएं- India TV Hindi
Image Source : INDIA TV रीढ़ को मजबूत कैसे बनाएं

आज कल तो लोग ऐसे फर्राटे से कार और बाइक चलाते हैं जैसे गाड़ी सड़क पर नहीं, हवा में उड़ा रहे हों। जबकि एक नई स्टडी कहती है कि अगर आप 60 किलोमीटर या उससे ऊपर की रफ्तार में गाड़ी चलाते हैं तो दूसरों को छोड़िए आपकी अपनी रीढ़ की हड्डी टूटने का खतरा बढ़ जाता है। दरअसल 40 KM की स्पीड से ड्राइव करना सेफ माना गया है। लेकिन अगर गाड़ी की स्पीड ज्यादा है तो एक्सिडेंट होने पर शरीर का फैट और मसल्स झटके को बर्दाश्त नहीं कर पाते और इसका असर रीढ़ की हड्डी पर पड़ता है। साफ है जितनी ज्यादा स्पीड उतना ज्यादा खतरा। रिपोर्ट के मुताबिक आप इसे इस तरह समझ सकते हैं। अगर कार की रफ्तार 65 किलोमीटर है और टक्कर आमने-सामने से हो जाती है तो उसमें सवार लोगों के सीरियस स्पाइनल इंजरी का खतरा 85% तक बढ़ जाता है। 

यही वजह है कि पिछले 25 साल में जहां मोटर एक्सिडेंट से स्पाइल इंजरी के मामले 30 परसेंट थे। ये मामले अब बढ़कर 45 परसेंट हो गए हैं। वैसे ही देश के 80% लोग कंधे, पीठ और कमर की किसी ना किसी परेशानी से जूझ रहे हैं। ऐसे में स्पाइनल हेल्थ का ख्याल रखना तो बहुत ही जरुरी है। स्वामी रामदेव से जानिए रीढ़ को मजबूत बनाने के उपाय क्या है?

खराब लाइफस्टाइल का रीढ़ पर असर

  • 80% लोगों को स्पाइनल प्रॉब्लम
  • फ्रोजन शोल्डर 
  • सर्वाइकल 
  • वर्टिगो
  • स्लिप डिस्क 
  • साइटिका

स्पाइनल प्रॉब्लम की वजह- इसका सबसे बड़ा कारण आपक गलत पॉश्चर में बैठना है। इसके अलावा सिटिंग जॉब करना, घंटों लैपटॉप पर काम करना, स्मार्ट फोन का 
ज़्यादा इस्तेमाल करना, शरीर पर मोटापा बढ़ना और वर्कआउट ना करना है।

स्लिप डिस्क के स्टेज- फर्स्ट स्टेज डिस्क का डिहाइड्रेट होवा, डिस्क की फ्लेक्सिबिलिटी कम होना, डिस्क में कमजोरी आना है। सेकंड स्टेज होती है जब डिस्क की रेशेदार परत टूटने लगती है। थर्ड स्टेज आती है जिसमें न्यूक्लियस का एक हिस्सा टूट जाता है और फोर्थ स्टेज में स्पाइन में लिक्विड लीक होने लगता है।

कंधे का दर्द कैसे दूर करें- इसके लिए आपको रोजाना हल्दी और शहद वाला दूध पीना चाहिए। हल्दी और नारियल का तेल मिलाकर पेस्ट बना लें और इसे दर्द वाली जगह पर लगा लें। शहद और अदरक की चाय बनाकर पी लें। गर्म पानी में सेंधा नमक डालकर प्रभावित हिस्से को धोएं।

सर्वाइकल पेन से कैसे पाएं छुटकारा- सबसे पहले अपने पॉश्चर में सुधार लाएं। गर्दन को सीधा रखें खासतौर से लंबे सिटिंग जॉब में इसका ख्याल रखें। नर्म गद्दे की जगह तख्त पर सोएं। विटामिन डी और कैल्शियम से भरपूर चीजें खाएं।

हड्डियों को मजबूत बनाने के लिए क्या खाएं- रोजाना 1 गिलास हल्दी वाला दूध पीएं। सेब का सिरका, अदरक की चाय और दालचीनी शहद में मिलाकल सेवन करें। इसके साथ ही डाइट में विटामिन डी और कैल्शियम से भरपूर आहार शामिल करें। रोजाना किसी न किसी तरह का कोई व्यायाम जरूर करें।

Disclaimer: (इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।)

 

Latest Health News