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अमेरिका ने ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी के लिए बनाया बड़ा प्लान, तैनात किए 10,000 से ज्यादा जवान

अमेरिका ने ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी का पूरा प्लान बना रखा है। ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के चेयरमैन जनरल डैन केन ने सैन्य गतिविधियों के बारे में जानकारी दी है। उन्होंने कहा है कि अमेरिकी सेना बल का प्रयोग भी कर सकती है।

US Navy- India TV Hindi
Image Source : AP US Navy

वॉशिंगटन: अमेरिका के 10,000 से ज्यादा सैनिक ईरान के बंदरगाहों पर नाकेबंदी लागू करने में बड़ी भूमिका निभा रहे हैं। अमेरिकी सेना ने गुरुवार को कहा कि वह ईरान से जुड़े जहाजों को चेतावनी दे रही है कि अगर वो नौसेना से बचकर निकलने की कोशिश करेंगे, तो वह चेतावनी के तौर पर गोलियां चला सकती है या इससे भी बड़ी कार्रवाई कर सकती है।

ईरान से जुड़े जहाजों ने रोकी आवाजाही

ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के चेयरमैन जनरल डैन केन ने पेंटागन में पत्रकारों को बताया कि 13 जहाजों ने इस हफ्ते की शुरुआत में शुरू हुई नौसैनिक नाकेबंदी का सामना करने के बजाय अपना रास्ता बदल लिया। शिपिंग डेटा फर्मों का कहना है कि ईरान से जुड़े या प्रतिबंधित कुछ जहाज, जो फारसी खाड़ी से ऊर्जा शिपमेंट के लिए अहम जलमार्ग, होर्मुज जलडमरूमध्य से निकले थे, उन्होंने अपनी आवाजाही रोक दी है, अपने रेडियो ट्रांसपोंडर बंद कर दिए हैं, या ईरान के तट की ओर वापस लौट गए हैं।

'जहाज पर कर सकते हैं कब्जा'

डैन केन ने कहा कि कोई भी जहाज जो नाकेबंदी को पार करने की कोशिश करेगा, तो हमारे नाविक पहले से तय रणनीतियों को अंजाम देंगे। इसमें बल का इस्तेमाल करना भी शामिल है। उन्होंने कहा कि अगर जरूरत पड़ी तो जहाज पर चढ़कर उसे कब्जे में भी लिया जा सकता है। इस दौरान  अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने कहा कि नाकेबंदी को लागू करने के लिए अमेरिका की नौसैनिक शक्ति का 10 फीसदी से भी कम हिस्सा इस्तेमाल किया जा रहा है।

अमेरिका चला रहा है विशेष अभियान

नौसेना के पास मध्य पूर्व में 16 युद्धपोत हैं। इनमें 11 डिस्ट्रॉयर, 3 एम्फीबियस असॉल्ट जहाज, एक विमानवाहक पोत और एक लिटोरल कॉम्बैट जहाज शामिल है। नाकेबंदी में मदद के लिए ईंधन भरने वाले जहाजों के साथ-साथ निगरानी, ​​टोही और खुफिया अभियान भी चलाए जा रहे हैं। केन ने कहा कि हमारा प्रयास ईरान की समुद्री पहुंच को सीमित करना है। उन्होंने कहा कि दुनिया के अन्य हिस्सों, जिनमें प्रशांत क्षेत्र भी शामिल है, में मौजूद अमेरिकी सेना उन जहाजो का पीछा करेगी, जो अवैध रूप से ईरानी तेल की शिपिंग कर रहे हैं या तेहरान को सामग्री सहायता देने की कोशिश कर रहे हैं। केन ने नाकेबंदी के आसपास के इलाके में जहाजों की भीड़भाड़ का जिक्र करते हुए इसकी तुलना एक भीड़भाड़ वाली पार्किंग से की और अमेरिकी डिस्ट्रॉयर जहाजों की तुलना तेज रफ्तार स्पोर्ट्स कारों से की है। 

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