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तमिलनाडु के इस इकलौते जिले में बजेगा युद्ध का सायरन, PAK के खिलाफ मॉक ड्रिल के लिए हो जाएं तैयार

7 मई को देश के 244 जिलों के 259 जगहों पर मॉक-ड्रिल के तौर पर युद्ध वाले सायरन बजाए जाएंगे। तमिलनाडु में इस मॉक ड्रिल के लिए सिर्फ एक जिले को चुना गया है, जिसे लेकर निर्देश जारी हो गए हैं।

mock drill- India TV Hindi
Image Source : X मॉक ड्रिल का अभ्यास।

पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत-पाकिस्तान जंग के मुहाने पर है। पाकिस्तान को जवाब देने को लेकर देश में बैठकों का दौर जारी है। इस क्रम में 7 मई को देशभर में मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाएगा। 7 मई को देश के 244 जिलों के 259 जगहों पर मॉक-ड्रिल के तौर पर युद्ध वाले सायरन बजाए जाएंगे। यह मॉक-ड्रिल नागरिकों को युद्ध के समय बजने वाले सायरन को पहचानने के लिए किया जाएगा। इस दौरान कुछ देर तक युद्ध वाला सायरन बजता रहेगा। हालांकि, नागरिकों को इससे घबराने की जरूरत नहीं है। तमिलनाडु में इस मॉक ड्रिल के लिए सिर्फ एक जिले को चुना गया है, जिसे लेकर निर्देश जारी हो गए हैं।

तमिलनाडु में यहां होगी मॉक ड्रिल

देश के 244 जिलों में कल इस सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाएगा। तमिलनाडु में इस मॉक ड्रिल को केवल एक जिले में किया जाएगा, जिसका नाम चेन्नई है। बता दें कि मॉक ड्रिल के लिए जिलों को तीन कैटेगरीज (कैटेगरी I, कैटेगरी II, कैटेगरी III) में विभाजित किया गया है। चेन्नई को कैटेगरी 1 में डाला गया है।  

54 साल बाद भारत में युद्ध की मॉक ड्रिल

बता दें कि 7 मई यानि कल हिंदुस्तान पाकिस्तान को ट्रेलर दिखाएगा। भारत के 244 जिलों में 7 मई को मॉक ड्रिल होनी है। 1971 की जंग के बाद यानि 54 साल बाद भारत में युद्ध की मॉक ड्रिल की जा रही है। यह मॉक-ड्रिल नागरिकों को युद्ध के समय बजने वाले सायरन को पहचानने के लिए किया जाएगा। इस दौरान कुछ देर तक युद्ध वाला सायरन बजता रहेगा। हालांकि, नागरिकों को इससे घबराने की जरूरत नहीं है।

कब बजते हैं युद्ध वाले सायरन?

आम तौर पर युद्ध और आपातकाल की स्थिति में इस तरह के सायरन बजाए जाते हैं। युद्ध के समय सायरन बजाने के कई मायने होते हैं, जिनमें लोगों को हवाई हमले की वार्निंग, एयरफोर्स के साथ रेडियो संपर्क चालू करने के लिए या फिर सिविल डिफेंस की तैयारियों को जांचने के लिए, ब्लैकआउट और कंट्रोल रूम की तैयारियों की जांच करने के लिए यह एक्सरसाइज किया जाता है। युद्ध के सायरन 2 से 5 किलोमीटर दूर तक सुनाई देते हैं। यह आम अलार्म या फिर एंबुलेंस के सायरन जैसा नहीं होगा। यह तेज आवाज वाला वार्निंग सिस्टम होगा, जो 120 से लेकर 140 डेसिबल तक की आवाज करेगा।

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