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अब बैंक से लोन लेना होगा पहले से आसान, RBI ने बनाया मास्टर प्लान

Bank Loan: वित्त मंत्री ने अपने पहले बजट भाषण में कहा था कि इससे आसानी से कर्ज देने में मदद मिलेगी, वित्तीय समावेशन बढ़ेगा और वित्तीय स्थिरता को बढ़ावा मिलेगा।

RBI Bank Loan Plan- India TV Paisa Image Source : FILE अब बैंक से लोन लेना होगा पहले से आसान

RBI Bank Loan Plan: अब बैंक ले लोन लेना पहले से आसान हो जाएगा। RBI इसके लिए एक नए प्लान पर काम कर रहा है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने राष्ट्रीय वित्तीय सूचना रजिस्ट्री (NFIR) गठित करने के लिए एक विधेयक का मसौदा तैयार किया है। आर्थिक मामलों के सचिव अजय सेठ ने यह जानकारी देते हुए कहा कि इसका मकसद कर्ज तक पहुंच बढ़ाना और इसे किफायती बनाना है। उन्होंने कहा कि सितंबर में वित्तीय स्थिरता एवं विकास परिषद की बैठक में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने ऋण संग्राहक (रिपॉजिटरी) स्थापित करने के प्रस्ताव पर चर्चा की थी। रिजर्व बैंक पहले ही विधेयक का मसौदा तैयार कर चुका है, जिसपर अभी विचार किया जा रहा है। इसका मकसद ऋण से संबंधित जानकारी के लिए एक सार्वजनिक बुनियादी ढांचे का निर्माण करना है। एनएफआईआर कर्ज देने वाली एजेंसियों को सही जानकारी उपलब्ध कराएगी। एक राष्ट्रीय वित्तीय सूचना रजिस्ट्री वित्तीय और सहायक जानकारी के केंद्रीय भंडार के रूप में काम करेगी। 

वित्त मंत्री ने कही ये बात

वित्त मंत्री ने अपने पहले बजट भाषण में कहा था कि इससे आसानी से कर्ज देने में मदद मिलेगी, वित्तीय समावेशन बढ़ेगा और वित्तीय स्थिरता को बढ़ावा मिलेगा। सेठ ने कहा कि ऋण के बारे में जानकारी होने के अलावा, प्रस्तावित एनएफआईआर कर भुगतान, बिजली खपत के रुझान जैसी सहायक जानकारी भी रखेगा। उन्होंने कहा कि अगर कर्जदाता के पास पर्याप्त जानकारी नहीं है, तो इससे जोखिम पैदा होगा और इस तरह ब्याज दर बढ़ जाएगी। दूसरी ओर, यदि जोखिमों को अच्छी तरह से समझा जाएगा, तो बेहतर कीमत पर कर्ज मिल सकेगा। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित संस्था ऋणों के उचित मूल्य निर्धारण में मदद करेगी और सभी हितधारकों के लिए जोखिम कम करेगी। 

इन बैंको ने हाल ही में बढ़ाई थी ब्याज दरें 

  1. बैंक ऑफ बड़ौदा (बीओबी) के अनुसार, एक महीने के लिए MCLR दर को 20 आधार अंकों से बढ़ाकर 8.15 प्रतिशत कर दिया गया है। 
  2. तीन महीने की एमसीएलआर दिसंबर 2022 में 8.05 प्रतिशत से बढ़कर 8.25 प्रतिशत हो गई। छह महीने की एमसीएलआर को 8.15 फीसदी से संशोधित कर 8.35 फीसदी कर दिया गया है।
  3. एक साल की परिपक्वता अवधि के लिए नई दर अब मौजूदा 8.20 प्रतिशत से बढ़ाकर 8.50 प्रतिशत कर दी गई है। 

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