बिहार की राजधानी पटना में स्थित दीघा विधानसभा क्षेत्र राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण विधानसभा क्षेत्र है। 2008 के परिसीमन के बाद अस्तित्व में आया यह क्षेत्र पटना साहिब लोकसभा सीट के अंतर्गत आता है। शहरीकरण की चकाचौंध से भरा यह इलाका गंगा नदी के किनारे बसा है, जहां पटना का एयरपोर्ट, मुख्यमंत्री आवास, राजभवन, बिहार विधानसभा भवन और कई सरकारी दफ्तर शामिल हैं।
14 वार्ड और 6 पंचायतें
यह विधानसभा क्षेत्र पटना नगर निगम के 14 वार्डों और 6 पंचायतों को कवर करता है, जो इसे एक मिश्रित शहरी-ग्रामीण चरित्र प्रदान करता है। जनसंख्या के लिहाज से यहां 2011 की जनगणना के अनुसार कुल आबादी लगभग 4.49 लाख थी, जिसमें 98.26% शहरी और मात्र 1.74% ग्रामीण आबादी है।
अनुसूचित जाति (SC) की हिस्सेदारी 10.48% और अनुसूचित जनजाति (ST) की 0.71% है। 2024 के लोकसभा चुनावों तक यहां पंजीकृत मतदाताओं की संख्या बढ़कर 4.73 लाख से अधिक हो गई है, जो इसे बिहार का सबसे बड़ा मतदाता आधार वाला क्षेत्र बनाती है।
जानिए क्या है जातीय आकंड़ा
यह विधानसभा शहरी होने के कारण विभिन्न समुदायों का मिश्रण है। यहां कायस्थ समुदाय का प्रभुत्व है। कायस्थ मतदाता इस क्षेत्र की राजनीति को प्रभावित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसके अलावा, यादव समुदाय की भी उल्लेखनीय संख्या है, जो पिछड़े वर्ग (OBC) का हिस्सा है। ग्रामीण-शहरी सीमाओं पर मजबूत पकड़ रखता है। अनुसूचित जाति (SC) मतदाता 2020 में कुल मतदाताओं का लगभग 10.68% थे, जबकि मुस्लिम मतदाताओं की हिस्सेदारी 9.4% रही है। बाकी आबादी में अन्य OBC समूह, ब्राह्मण, राजपूत और सामान्य वर्ग के लोग शामिल हैं।
अब तक कुल तीन बार हुए विधानसभा चुनाव
दीघा में अब तक केवल तीन विधानसभा चुनाव हुए हैं। पिछले दो में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने अपनी स्थिति मजबूत की है। 2010 विधानसभा चुनाव में यहां से जेडीयू उम्मीदवार ने जीत दर्ज की थी।
2020 में जीता बीजेपी का उम्मीदवार
2020 के विधानसभा चुनाव में यहां से बीजेपी के उम्मीदवार संजीव चौरसिया ने जीत दर्ज की थी। संजीव चौरसिया ने सीपीआई(एमएल)एल के उम्मीदवार शशि यादव को 46234 वोटों से हराया था। बीजेपी के उम्मीदवार संजीव चौरसिया को 97,318 वोट मिले थे।
संजीव चौरसिया ने जेडीयू उम्मीदवार को हराया
2015 के विधानसभा चुनाव में दीघा विधानसभा क्षेत्र से संजीव चौरसिया ने जीत दर्ज की थी। बीजेपी उम्मीदवार ने जेडीयू के उम्मीदवार राजीव रंजन प्रसाद को 24,779 वोटों से हराया था। बीजेपी के उम्मीदवार को 92,671 वोट मिले थे।
जेडीयू के उम्मीदवार ने लोजपा प्रत्याशी को हराया
दीघा विधानसभा क्षेत्र से 2010 के विधानसभा चुनाव में जेडीयू उम्मीदवार पूनम देवी ने चुनाव जीता था। जेडीयू उम्मीदवार पूनम देवी को 81,247 वोट मिले थे। लोजपा प्रत्याशी यहां सत्य नंद शर्मा यहां से दूसरे नंबर पर रहे थे।