Axis My India EXIT Poll: बिहार में NDA की वापसी का अनुमान, विधानसभा चुनाव पर सबसे नया एग्जिट पोल
बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर नया एग्जिट पोल सामने आया है। Axis My India EXIT Poll के आंकड़े के मुताबिक बिहार में एक बार फिर एनडीए की वापसी होनेवाली है।

Axis My India EXIT Poll: बिहार विधानसभा चुनाव के लिए दूसरे और आखिरी चरण की वोटिंग मंगलवार शाम को खत्म हो चुकी है। वोटिंग खत्म होते ही एग्जिट पोल आने शुरू हो गए। इस बीच बिहार चुनाव को लेकर सबसे नया एग्जिट पोल सामने आया है। यह Axis My India का एग्जिट पोल है। इस सर्वे के मुताबिक बिहार में एक बार फिर एनडीए की वापसी हो सकती है। Axis My India के एग्जिट पोल के मुताबिक एनडीए को 130, महागठबंधन को 110, जनसुराज को एक और अन्य को 2 सीटें मिलने के आसार हैं। इस एग्जिट पोल के अनुमानों के मुताबिक आरजेडी सबसे बड़े दल के तौर पर उभर सकती है। आरजेडी को 67 से 76 सीटें मिलने का अनुमान है। जेडीयू को 56-62 सीटें मिल सकती हैं। जबकि बीजेपी को 50 से 56 सीटें मिलने का अनुमान है,। वहीं कांग्रेस को 17 से 21 सीटें मिल सकती हैं।
Axis My India EXIT Poll फाइनल डेटा
- एनडीए-130
- महागठबंधन-110
- जन सुराज-01
- अन्य-02
वोट शेयर
- NDA को 43% वोट शेयर
- महागठबंधन को 41% वोट शेयर
- जनसुराज को 4% वोट शेयर
- अन्य को 12% वोट शेयर
किस गठबंधन को किस जाति का कितना प्रतिशत वोट
- बिहार में NDA को 64% ब्राह्मण वोट
- बिहार में महागठबंधन को 14% ब्राह्मण वोट
- AXIS MY INDIA में जनसुराज को 9% ब्राह्मण वोट
- बिहार में NDA को 60% भूमिहार वोट
मुस्लिम वोट शेयर
- बिहार में NDA को 8% मुस्लिम वोट
- बिहार में महागठबंधन को 79% मुस्लिम वोट
- जनसुराज को 1% मुस्लिम वोट
- बिहार में अन्य को 11% मुस्लिम वोट
पासवान और यादव का वोट शेयर
- बिहार में NDA को 64% पासवान वोट
- महागठबंधन को 19% पासवान वोट
- NDA को 6% यादव वोट दिया
- महागठबंधन को 90% यादव वोट
कुर्मी और कोयरी कुशवाहा वोट शेयर
- बिहार में NDA को 68% कुर्मी वोट
- महागठबंधन को 13% कुर्मी वोट
- NDA को 58% कोयरी कुशवाहा वोट
- महागठबंधन को 24% कोयरी कुशवाहा वोट
मल्लाह केवट बिंद वोट शेयर
- NDA को 46% मल्लाह केवट बिंद वोट
- महागठबंधन को 40% मल्लाह केवट बिंद वोट
दलित, पिछड़ा, अतिपिछड़ा वोट
- NDA को 49% दलितों का वोट
- महागठबंधन को 29% दलितों का वोट
- NDA को 58% अतिपिछड़ा वोट
- महागठबंधन को 26% अतिपिछड़ा वोट
- NDA को 63% OBC वोट
पाटलीपुत्र (मगध) रीजन-60 सीट
- एनडीए-35
- महागठबंधन-25
- जन सुराज-00
- अन्य-00
सीमांचल की 24 सीटों का EXIT Poll
- एनडीए-08
- महागठबंधन-15
- जन सुराज-01
- अन्य-00
भोजपुर-49 सीट
- एनडीए-27
- महागठबंधन-21
- जन सुराज-21
- अन्य-01
कोसी-31 सीट
- एनडीए-16
- महागठबंधन-15
- जन सुराज-00
- अनय-00
मिथिलांचल-58 सीट
- एनडीए-32
- महागठबंधन-25
- अन्य-01
बता दें कि इससे पहले मंगलवार शाम इंडिया टीवी-Matrize एग्ज़िट पोल के नतीजे इंडिया टीवी पर प्रसारित किए गए थे। इस एग्ज़िट के नतीजों के मुताबिक बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एक बार फिर से अपनी सत्ता बरकरार रखने में कामयाब हो सकते हैं। 243 सीटों वाली विधानसभा में एनडीए को 147 से 167 सीटें मिलने का अनुमान है जो कि बहुमत हासिल करने के जादुई आंकड़े 122 से कहीं ज़्यादा है। डिया टीवी-Matrize एग्ज़िट पोल के अनुमानों के मुताबिक आरजेडी, कांग्रेस और वामपंथी दलों सहित अन्य छोटे दलों द्वारा बनाया गया महागठबंधन केवल 70-90 सीटों के दायरे में सिमट सकता है।
उधर, बिहार में विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण का मतदान समाप्त होने के एक दिन बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बुधवार को पटना में विभिन्न धार्मिक स्थलों पर दर्शन किए। उन्होंने दरगाह, मंदिर और गुरुद्वारे में मत्था टेका तथा राज्य में शांति एवं सद्भाव की कामना की। सुबह मुख्यमंत्री अपने सरकारी आवास से निकले और सबसे पहले पटना हाईकोर्ट परिसर में स्थित मजार पर पहुंचे। वहां उन्होंने पारंपरिक तरीके से चादरपोशी की और राज्य में अमन-चैन की दुआ मांगी। इसके बाद वह पटना जंक्शन स्थित प्रसिद्ध महावीर मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने भगवान हनुमान की पूजा-अर्चना की और प्रसाद चढ़ाया। मुख्यमंत्री ने इसके बाद पटना सिटी के ऐतिहासिक गुरुद्वारे का भी दौरा किया और मत्था टेका। नीतीश कुमार के इस धार्मिक दौरे को चुनाव परिणाम से पहले “संतुलन की राजनीति” का प्रतीक बताया जा रहा है।
वहीं महागठबंधन के सीएम फेस तेजस्वी यादव ने आज पटना में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने कहा कि 18 नवंबर को शपथ होगा, हमने पहले भी कहा था, ये होने जा रहा है। लोग कतार में खड़े थे और एग्जिट पोल आ जाता है। तेजस्वी ने आगे कहा किजो अधिकारी मतगणना में लगे हुए हैं उन पर दबाव के लिए यह सर्वे लाये गए हैं। उन्होंने कहा कि 2020 से 72 लाख लोगों ने वोट किया है, हर विधानसभा में 29500 अधिक वोट पड़े है, ये vote for change है.. प्रशासन के लोगों पर दबाव डालने की रणनीति है, हकीकत बिहार की जनता समझती है।