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Chunav Manch: अरविंद केजरीवाल को दिल्ली में बहुमत मिलने की उम्मीद, लेकिन सीटों की संख्या बताने से किया इनकार

केजरीवाल ने कहा, "एक समय था जब मैं कागज पर लिखकर दिया करता था कि मेरी पार्टी को इतनी सीटें आ रही हैं। अब मुझे लगने लगा कि यह मेरा अहंकार था। अब मैं जनता के सामने जा रहा हूं। नतमस्तक होकर जा रहा हूं।

Arvind Kejriwal- India TV Hindi
Image Source : INDIA TV अरविंद केजरीवाल

Chunav Manch : आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने आज यह बताने से इनकार कर दिया कि उनकी पार्टी दिल्ली विधानसभा चुनाव में कितनी सीटें जीतेगी, लेकिन उन्होंने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि उनकी पार्टी को शायद बहुमत मिलेगा। इंडिया टीवी कॉन्क्लेव 'चुनाव मंच' में आज एंकर सौरव शर्मा द्वारा यह पूछे जाने पर कि क्या उन्हें इस बार अपनी पार्टी के बहुमत पाने का भरोसा है, केजरीवाल ने जवाब दिया, "किसी को भी अति आत्मविश्वासी नहीं होना चाहिए। जेल में रहने के दौरान मैंने एक बात सीखी कि किसी को अहंकार कभी नहीं करना चाहिए। अहंकार ने बड़े-बड़े सम्राटों और तानाशाहों को ध्वस्त कर दिया। इतिहास इसका गवाह है।"

मुझे लगने लगा कि यह मेरा अहंकार था

केजरीवाल ने कहा, "एक समय था जब मैं कागज पर लिखकर दिया करता था कि मेरी पार्टी को इतनी सीटें आ रही हैं। अब मुझे लगने लगा कि यह मेरा अहंकार था। अब मैं जनता के सामने जा रहा हूं। नतमस्तक होकर जा रहा हूं। जनता जो आशीर्वाद देगी वह मेरे सर माथे पर। लेकिन मुझे लगता है कि जनता मेरे काम से खुश है और शायद जनता हमें पूर्ण बहुमत देगी।' केजरीवाल ने कहा, "यह हमारा अहंकार था कि पंजाब विधानसभा चुनाव में भी मैंने कहा कि हम 100 सीटें जीतेंगे। अब मैं (सीटों की भविष्यवाणी के बारे में) लिखकर नहीं दूंगा।"

केजरीवाल से जब यह कहा गया कि नई दिल्ली सीट से उनके प्रतिद्वंद्वी बीजेपी उम्मीदवार प्रवेश वर्मा ने भविष्यवाणी की है कि वह लिखकर दे सकते हैं कि केजरीवाल 20 हजार वोटों से हारेंगे, तो पूर्व मुख्यमंत्री ने जवाब दिया, "उन्हें लिखने दीजिए।"

कांग्रेस के नेतृत्व वाले इंडिया ब्लॉक में बने रहने और अब दिल्ली में कांग्रेस का प्रतिद्वंद्वी बन जाने के बीच विरोधाभास के बारे में पूछे जाने पर केजरीवाल ने कहा, "राष्ट्रीय स्तर पर आप एक छोटी पार्टी है। यदि आप राष्ट्रीय स्तर पर relevance  चाहते हैं, तो आपको मौजूदा दो बड़े ब्लॉक में से किसी एक को चुनना होगा। हमने इन दो ब्लॉक में से एक को चुना है।"

किसी एक गठबंधन का हिस्सा बनना हमारी राजनीतिक मजबूरी 

केजरीवाल ने कहा: "जहां तक राज्यों का सवाल है तो न तो दिल्ली में हमारा किसी के साथ गठबंधन है और न ही पंजाब में किसी दल के साथ हमारा गठबंधन है। आम आदमी पार्टी जिस दिन राष्ट्रीय स्तर पर मजबूत हो जाएगी, मुझे नहीं लगता कि हमें किसी ब्लॉक का हिस्सा बनने की जरूरत होगी...दोनों ब्लॉक में से किसी एक का हिस्सा बनना हमारी राजनीतिक मजबूरी है। लोकसभा चुनावों में जब हम दिल्ली में मतदाताओं के पास जाते हैं, तो लोग कहते हैं कि केजरीवाल जी आपकी तो सात ही सीट आएंगी तो हम आपको वोट देकर क्या करेंगे। ऐसे में हम उनसे कहते हैं कि हम इंडिया ब्लॉक का हिस्सा हैं और अगर आप हमें वोट देंगे तो हम केंद्र में सरकार का हिस्सा बन सकेंगे।"