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Hindi News Explainers Explainer: चक्रवाती तूफान Ditwah कितना खतरनाक है? तमिलनाडु में 3 लोगों की हो चुकी मौत, बड़े पैमाने पर कृषि भूमि प्रभावित

Explainer: चक्रवाती तूफान Ditwah कितना खतरनाक है? तमिलनाडु में 3 लोगों की हो चुकी मौत, बड़े पैमाने पर कृषि भूमि प्रभावित

चक्रवाती तूफान Ditwah तेजी से भारत की ओर बढ़ रहा है। ये इतना खतरनाक है कि इसने श्रीलंका में 150 से ज्यादा लोगों की जान ली है और 190 से ज्यादा लोग लापता हैं।

Ditwah- India TV Hindi Image Source : PTI/REPRESENTATIVE PIC चक्रवाती तूफान की वजह से तमिलनाडु में भारी बारिश

चेन्नई: श्रीलंका में तबाही मचाने के बाद भीषण चक्रवात ‘दित्वा’ भारत की ओर लगातार बढ़ रहा है। श्रीलंका में तो इस चक्रवात की वजह से भीषण तबाही मची है और बड़ी संख्या में जान-माल का नुकसान हुआ है। तमाम जगहों पर भूस्खलन, बाढ़ और अन्य दर्दनाक घटनाएं सामने आई हैं। अब ये तूफान भारत में किसी भी वक्त नॉर्थ तमिलनाडु, पुडुचेरी और साउथ आंध्र प्रदेश के तटों से टकराएगा।

चक्रवाती तूफान दित्वा कितना खतरनाक?

इस तूफान के खतरे को इस बात से अंदाजा लगाया जा सकता है कि श्रीलंका में इसकी वजह से 150 से ज्यादा लोगों की मौत हुई है। 190 से ज्यादा लोग लापता हैं। श्रीलंका में तबाही के बाद राष्ट्रपति अनुरा कुमारा दिसानायके ने पूरे देश में इमरजेंसी लगा दी है।

न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, श्रीलंका में कुल 25 जिलों में 2,17,263 परिवारों के 7,74,724 लोग इस आपदा से प्रभावित हुए हैं। भारत ने श्रीलंका को ऑपरेशन सागर बंधु के तहत दो सैन्य विमानों से करीब 21 टन राहत सामग्री भेजी है।

तमिलनाडु में 3 लोगों की मौत, 149 मवेशियों की भी जान गई

तमिलनाडु के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री केकेएसएसआर रामचंद्रन ने रविवार को बताया कि चक्रवात दित्वा के कारण तमिलनाडु में हुई बारिश से संबंधित घटनाओं में तीन लोगों की मौत हो गई है। डेल्टाई जिलों में 149 मवेशियों की मौत हो गई है और 57,000 हेक्टेयर कृषि भूमि प्रभावित हुई है।

मंत्री केकेएसएसआर रामचंद्रन ने राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र में पत्रकारों से संवाद के दौरान ये जानकारी दी और कहा, "कल शाम से बारिश से जुड़ी घटनाओं में तीन लोगों की जान जा चुकी है। डेल्टा जिलों में कृषि भूमि पर हुए प्रभाव का ब्यौरा देते हुए उन्होंने बताया, "नागपट्टिनम में 24,000 हेक्टेयर, तिरुवरुर में 15,000 हेक्टेयर और मयिलादुथुराई में 8,000 हेक्टेयर भूमि प्रभावित हुई है। कुल मिलाकर, भारी बारिश के कारण 57,000 हेक्टेयर कृषि भूमि जलमग्न हो गई है।"

केकेएसएसआर रामचंद्रन ने एक उत्तर में कहा कि डेल्टा जिलों में लगभग 234 झोपड़ियां क्षतिग्रस्त हुई हैं। एसडीआरएफ और एनडीआरएफ सहित 28 आपदा प्रतिक्रिया टीमों को तैयार रखा गया है और अन्य राज्यों से 10 अतिरिक्त टीमें तमिलनाडु आ गई हैं।

मौसम विज्ञान ने पहले ही जताया था ये अनुमान

रीजनल मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के मुताबिक, रविवार को ज्यादातर बारिश नॉर्थ तमिलनाडु तक ही रहेगी। इसी वजह से शुक्रवार रात से तमिलनाडु के कई दक्षिणी तटीय और डेल्टा जिलों में भारी बारिश हुई।

भारत में क्या तैयारियां की गई हैं?

भारतीय मौसम विभाग ने रविवार को ही आंध्र प्रदेश के चित्तूर, तिरुपति, नेल्लोर, प्रकाशम और बापटला के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। चेन्नई समेत तमिलनाडु और पुडुचेरी के कई जिलों के लिए अगले तीन घंटों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। तमिलनाडु के कई हिस्सों में भारी बारिश हो रही है। 

तूफान की वजह से मछुआरों को समुद्र में ना जाने की सलाह दी गई है। एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की कई टीमों को तैनात किया गया है और उन्हें अलर्ट मोड पर रखा गया है। आईएमडी का कहना है कि 30 दिसंबर की शाम तक समुद्र में गंभीर स्थिति बनी रह सकती है। (इनपुट: भाषा से भी)