Fact Check: क्या PM मोदी से मिलने के बाद भगवामय हो गए पप्पू यादव? जानें वायरल वीडियो का सच
सोशल मीडिया पर इन दिनों एक पोस्ट काफी तेजी से वायरल हो रही है। इस पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि 'पीएम मोदी से मिलने के बाद पूर्णिया के सांसद भगवामय हो गए हैं।' आइये जानते हैं वायरल हो रही इस पोस्ट के दावे का का पूरा सच क्या है?

Fact Check: इन दिनों सोशल मीडिया पर किसी भी बात को गलत दावे के साथ पेश करना बहुत ही आसान है। हालांकि इसका बहुत ज्यादा नुकसान भी होता है और ये खतरनाक है। फेक खबरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो जाती हैं। इन्हीं फेक न्यूज से आपको सावधान करने के लिए हम लेकर आते हैं India TV फैक्ट चेक। सोशल मीडिया पर इन दिनों एक पोस्ट काफी तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें यह दावा किया जा रहा है कि 'पीएम मोदी से मिलने के बाद पूर्णिया के सांसद भगवामय हो गए हैं।'
क्या हो रहा है वायरल?
सोशल मीडिया पर वायरल हो रही एक पोस्ट में यह दावा किया जा रहा है कि 'पीएम मोदी से मिलने के बाद पूर्णिया के सांसद भगवामय हो गए हैं।' सोशल मीडिया प्लेटफार्म इंस्टाग्राम पर एक यूजर ने अपनी पोस्ट में यह दावा किया है। इसके साथ ही यूजर ने अपने इंस्टा अकाउंट पर एक वीडियो भी शेयर किया है। इस वीडियो में सांसद पप्पू यादव को भगवा वस्त्र में देखा जा सकता है और वह राम भक्ति के गाने भी गा रहे हैं। इसमें वीडियो के ऊपर लिखा है, "पीएम मोदी और बिहार के सीएम नीतीश ने जबसे पूर्णिया एयरपोर्ट का उद्घाटन किया है तब से पूर्णिया के सांसद पप्पू यादव भगवा रंग में रंगे हुए हैं।"
फैक्ट चेक
चूंकि सोशल मीडिया पर यह पोस्ट काफी तेजी से वायरल हो रही थी, इसलिए हमने दावे की जांच करने का फैसला किया। वायरल दावे की सच्चाई जानने के लिए हमने की-फ्रेम के जरिए गूगल रिवर्स इमेज सर्च के जरिए वीडियो को खंगाला। पड़ताल में यह वीडियो पंजाब केसरी बिहार के यूट्यूब चैनल पर मिला। इसमें पप्पू यादव ने वही कपड़े पहने थे, जो वायरल वीडियो में नजर आ रहे हैं। हमारी पड़ताल में सामने आया कि यह वीडियो अप्रैल 2025 का है, जब पप्पू यादव रामनवमी के मौके पर आयोजित एक शोभायात्रा में शामिल हुए थे।
फैक्ट चेक में क्या निकला?
India TV की ओर से किए गए फैक्ट चेक में सामने आया है कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रही पोस्ट के साथ किया जा रहा दावा गलत है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रही पोस्ट को पप्पू यादव और पीएम मोदी की मुलाकात के बाद का बता कर वायरल किया जा रहा था, जबकि यह वीडियो दोनों नेताओं के बीच हुई मुलाकात के पहले की है। ऐसे में इंडिया टीवी के फैक्ट चेक में वायरल हो रहा दावा गलत निकला। सोशल मीडिया पर गलत दावे के साथ इस पोस्ट को वायरल किया जा रहा था, इसलिए लोगों को ऐसी किसी भी पोस्ट से सावधान रहने की सलाह दी जाती है। India TV के फैक्ट चेक में वायरल हो रही इस पोस्ट का दावा झूठा निकला।