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Hindi News फैक्ट चेक Fact Check: मथुरा के मंदिर में मौजूद भीड़ का वीडियो महाकुंभ से जोड़कर हो रहा शेयर

Fact Check: मथुरा के मंदिर में मौजूद भीड़ का वीडियो महाकुंभ से जोड़कर हो रहा शेयर

भीड़ के वीडियो को गलत दावों के साथ वायरल किया जा रहा है। इस वीडियो का महाकुंभ से कोई लेना-देना नहीं है। दरअसल, यह वीडियो मथुरा के बरसाना स्थित राधा रानी मंदिर का है।

Mahakumbh 2025, Mahakumbh 2025 Fact Check- India TV Hindi Image Source : SOCIAL MEDIA फैक्ट चेक।

Originally Fact Checked by Vishvas News: सोशल मीडिया पर एक संकरी गली में चल रही भीड़ का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो के बारे में दावा किया जा रहा है कि यह प्रयागराज का वीडियो है, जहां गलियों में सही से चलने तक की जगह नहीं है। वीडियो में उत्तर प्रदेश सरकार पर सवाल उठाया गया है और महाकुंभ के दौरान किए गए इंतजामों की आलोचना करते हुए शेयर किया जा रहा है।

विश्वास न्यूज ने अपनी जांच में पाया कि वायरल वीडियो को गलत दावे के साथ शेयर किया जा रहा है। इस वीडियो का महाकुंभ से कोई संबंध नहीं है। असल में, यह वीडियो मथुरा के बरसाना स्थित राधा रानी मंदिर का है और लगभग एक महीने पुराना है। राधा रानी मंदिर के इस वीडियो को अब भ्रामक दावों के साथ वायरल किया जा रहा है।

क्या हो रहा है वायरल?

फेसबुक यूजर ‘आरती भाकरे’ ने 3 फरवरी 2025 को वायरल वीडियो को शेयर किया था। वीडियो को शेयर करते हुए अंग्रेजी में कैप्शन में लिखा गया है, 'महाकुंभ की ऐतिहासिक व्यवस्था।' जबकि वीडियो पर लिखा हुआ है, 'प्रयागराज के गली में चलने रास्ता तक नहीं लोग फंसे हुए हैं।'

पोस्ट के आर्काइव लिंक को यहां पर देखें।

Image Source : Social Mediaफैक्ट चेक।

पड़ताल

वायरल पोस्ट की सच्चाई जानने के लिए हमने इनविड टूल की मदद से वीडियो के कई कीफ्रेम निकाले और उन्हें गूगल रिवर्स इमेज की मदद से सर्च किया। हमें वीडियो मथुरा न्यूज नामक एक यूट्यूब चैनल पर मिला। वीडियो को 1 जनवरी 2025 को शेयर किया गया था। मौजूद जानकारी के मुताबिक, वीडियो बरसाना के राधा रानी मंदिर का है।

पड़ताल के दौरान हमें वीडियो कई अन्य यूट्यूब चैनल पर भी इसी जानकारी के साथ अपलोड हुआ मिला।

प्राप्त जानकारी के आधार पर हमने गूगल पर संबंधित कीवर्ड्स की मदद से सर्च किया। हमें वायरल वीडियो बरसाना के एक मोटिवेशनल स्पीकर श्यामसुंदर गोस्वामी के आधिकारिक फेसबुक और इंस्टाग्राम अकाउंट पर मिला। वीडियो को 1 जनवरी 2025 को शेयर करते हुए मथुरा के बरसाना के राधा रानी मंदिर का बताया गया है। प्रोफाइल को खंगालने पर हमें भीड़ के मिलते-जुलते कई अन्य वीडियो 1 जनवरी 2025 को शेयर हुए मिले।

Image Source : Social Mediaफैक्ट चेक।

अधिक जानकारी के लिए हमने मोटिवेशनल स्पीकर श्यामसुंदर गोस्वामी से संपर्क किया। उनके साथ वायरल वीडियो को शेयर किया। उन्होंने हमें बताया कि वायरल दावा गलत है। असल में वायरल हो रहे वीडियो को मेरे एक मित्र ने अपने घर से बनाया था और मेरे साथ शेयर किया था। उसके बाद मैंने इसे अपने सोशल मीडिया पर अपलोड किया था। यह वीडियो बरसाना के राधा रानी मंदिर की ओर जा रही सीढ़ियों पर मौजूद भीड़ का है, जो कि नववर्ष पर दर्शन करने के लिए आई थी।

हमने प्रयागराज में दैनिक जागरण के संपादकीय प्रभारी राकेश पांडेय पांडे से संपर्क किया। उन्होंने हमें बताया कि प्रयागराज की गलियां ऐसी नहीं है।

जनसत्ता की वेबसाइट पर 14 जनवरी 2025 को प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक, महाकुंभ 13 जनवरी 2025 से शुरू हुआ था और 26 फरवरी 2025 तक चलेगा।

अंत में हमने वीडियो को गलत दावे के साथ शेयर करने वाले यूजर के अकाउंट को स्कैन किया। हमने पाया कि यूजर एक विचारधारा से जुड़ी पोस्ट को शेयर करती हैं।

निष्कर्ष: विश्वास न्यूज ने अपनी पड़ताल में पाया कि भीड़ के वायरल वीडियो को गलत दावे के साथ वायरल किया जा रहा है। वीडियो का महाकुंभ से कोई संबंध नहीं है। असल में वायरल वीडियो मथुरा के बरसाना के राधा रानी मंदिर का है और करीब एक महीने पुराना है, जिसे अब भ्रामक दावों के साथ शेयर किया जा रहा है।

Claim Review : महाकुंभ में मौजूद भीड़ का वीडियो।
Claimed By : FB User Arti Bhakre
Fact Check : भ्रामक

(Disclaimer: यह फैक्ट चेक मूल रूप से Vishvas News द्वारा किया गया है, जिसे Shakti Collective की मदद से India TV ने पुन: प्रकाशित किया है)