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Hindi News भारत राष्ट्रीय किसानों ने नहीं मानी गृहमंत्री अमित शाह की बात, मीटिंग के लिए रखी बड़ी शर्त

किसानों ने नहीं मानी गृहमंत्री अमित शाह की बात, मीटिंग के लिए रखी बड़ी शर्त

केंद्र सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों ने गृहमंत्री अमित शाह की उस अपील को मानने से इनकार कर दिया है, जिसमें उन्होंने किसानों से बुराड़ी में धरना प्रदर्शन स्थल (मैदान) में जाकर अपना विरोध जारी रखने की बात कही थी और कहा था कि किसानों के धरना प्रदर्शन स्थल पर पहुंचते ही सरकार उनसे बातचीत करेगी।

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नई दिल्ली: केंद्र सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों ने गृहमंत्री अमित शाह की उस अपील को मानने से इनकार कर दिया है, जिसमें उन्होंने किसानों से बुराड़ी में धरना प्रदर्शन स्थल (मैदान) में जाकर अपना विरोध जारी रखने की बात कही थी और कहा था कि किसानों के धरना प्रदर्शन स्थल पर पहुंचते ही सरकार उनसे बातचीत करेगी। गृहमंत्री अमित शाह ने शनिवार देर शाम यह अपील की थी।

गृहमंत्री अमित शाह की इस अपील को किसानों ने मानने से इनकार कर दिया। किसान नेता हरमीत सिंह कादियां ने रविवार दोपहर को कहा, "हमने फैसला लिया कि सभी बॉर्डर और रोड ऐसे ही ब्लॉक रहेंगे। गृहमंत्री ने शर्त रखी थी कि अगर हम मैदान में धरना देते हैं तो वह तुरंत मीटिंग के लिए बुला लेंगे। लेकिन, हमने शर्त खारिज़ कर दी है। अगर वह बिना शर्त के मीटिंग के लिए बुलाएंगे तो ही हम मिलने जाएंगे।"

बता दें कि कल किसानों को प्रस्ताव देते हुए गृह मंत्री अमित शाह ने कहा है कि अगर किसान चाहते हैं कि भारत सरकार उनसे जल्दी बात करे तो उन्हें आंदोलन के लिए निर्धारित जगह पर जाना होगा। जैसे ही किसान सिंधु और टिकरी बॉर्डर से हटेंगे, उसके दूसरे ही दिन भारत सरकार उनसे बातचीत के लिए तैयार रहेगी। इसके बाद पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने भी किसानों से अमित शाह की बात मानने की अपील की थी।

गृह मंत्री के जवाब में किसान नेता जगजीत सिंह और शिवकुमार कक्का ने भी कहा है कि हम सरकार के साथ बातचीत करने को तैयार हैं, लेकिन शर्त नहीं होनी चाहिए। किसान नेताओं का कहना है कि हमें इस बात का दुख है कि अमित शाह ने कंडीशन लगाई है कि पहले आपको एक जो जगह दी गई है वहां जाना चाहिए। उसके बाद बातचीत होगी। यह ठीक नहीं है। किसानों ने रविवार रात को ही यह बात करीब-करीब साफ कर दी थी कि वह बुराड़ी नहीं जाएंगे।

गौरतलब है कि किसान अभी भी हरियाणा दिल्ली सीमा पर डटे हुए हैं। हरियाणा के सिंघु और टिकरी बॉर्डर के बाद किसानों ने गाजियाबाद से जुड़े गाजीपुर बॉर्डर पर भी डेरा डाल लिया है। यूपी से आने वाले ट्रैफिक को पुलिस डायवर्ट कर रही है। भारतीय किसान यूनियन के नेता पहले ही कह चुके हैं कि अमित शाह की शर्तें उन्हें मंजूर नहीं है। वे बुराड़ी नहीं जाएंगे। ऐसे में गाजियाबाद से जुड़े गाजीपुर बॉर्डर पर भी काफी संख्या में किसान जमा हैं।

किसानों का कहना है कि वे आज दिल्ली की ओर कूच करेंगे और संसद या फिर जंतरमंतर पर धरना देंगे। किसानों के अनुसार उन्हें सरकार का प्रस्ताव किसी भी कीमत पर मंजूर नहीं है। किसानों ने धरने के लिए सरकार द्वारा निर्देशित बुराड़ी मैदान जाने से भी मना कर दिया है। भारतीय किसान यूनियन ने अमित शाह की अपील पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि गृह मंत्री ने सशर्त जल्दी मिलने की बात कही है जो कि ठीक नहीं है।

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