A
  1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. उच्चतम न्यायालय का मुल्लापेरियार बांध के बारे में समिति बनाने का निर्देश

उच्चतम न्यायालय का मुल्लापेरियार बांध के बारे में समिति बनाने का निर्देश

पीठ ने यह भी स्पष्ट किया कि इस ऐतिहासिक बांध की सुरक्षा और इसके जीवन की अवधि से जुडे़ मुद्दों पर एक अन्य वर्तमान समिति गौर करती रहेगी। संविधान पीठ के 2014 के फैसले के बाद यह समिति गठित की गयी थी।

Mullaperiyar-dam-Centre-TN-Kerala-asked-to-set-up-separate-panels- India TV Hindi
Image Source : PTI उच्चतम न्यायालय का मुल्लापेरियार बांध के बारे में समिति बनाने का निर्देश

नयी दिल्ली: उच्चतम न्यायालय ने आज केन्द्र, तमिलनाडु और केरल सरकारों को 180 साल पुराने ऐतिहासिक मुल्लापेरियार बांध स्थल पर किसी अप्रत्याशित आपदा से निबटने के लिये तीन अलग अलग समितियां गठित करने का निर्देश दिया। प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा, न्यायमूर्ति ए एम खानविलकर और न्यायमूर्ति धनन्जय वाई चन्द्रचूड की खंडपीठ ने इसके साथ ही स्पष्ट किया कि प्रस्तावित समिति बांध के आपदा से जुड़े पहलू पर ही ध्यान देगी।

पीठ ने यह भी स्पष्ट किया कि इस ऐतिहासिक बांध की सुरक्षा और इसके जीवन की अवधि से जुडे़ मुद्दों पर एक अन्य वर्तमान समिति गौर करती रहेगी। संविधान पीठ के 2014 के फैसले के बाद यह समिति गठित की गयी थी। पीठ इस बांध की सुरक्षा और इसकी जीवन अवधि के बारे में प्राधिकारियों को अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों की समिति से अध्ययन कराने का निर्देश देने हेतु केरल के रसेल जाय की याचिका पर सुनवाई कर रही थी।

याचिका में इस बांध के बहुत अधिक पुराना हो जाने के आधार पर इसका प्रयोग बंद करने का अनुरोध भी किया गया है। याचिका में कहा गया है कि इस वजह से बांध के आसपास रहने वाली तीस लाख से अधिक की आबादी निरंतर इस आशंका के साथ जिंदगी बसर कर रही है कि निकट भविष्य में उन्हें कोई आपदा प्रभावित कर सकती है। पीठ ने केन्द्र और दोनों राज्य सरकारों को अलग अलग समितियां गठित करने का निर्देश देने के साथ ही इस याचिका का निरस्तारण कर दिया।

Latest India News