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Hindi News भारत राष्ट्रीय Republic Day 2026: PM मोदी ने गणतंत्र दिवस पर पहना कढ़ाई वाला मरून साफा, जानें क्या था खास

Republic Day 2026: PM मोदी ने गणतंत्र दिवस पर पहना कढ़ाई वाला मरून साफा, जानें क्या था खास

पीएम मोदी खास अवसरों पर साफा बांधे नजर आते हैं। इस बार 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर भी पीएम मोदी साफा पहने नजर आए। आइये जानते हैं पीएम मोदी के साफे में क्या खास था।

पीएम मोदी ने पहना कढ़ाई वाला मरून साफा।- India TV Hindi Image Source : YT/NARENDRAMODI पीएम मोदी ने पहना कढ़ाई वाला मरून साफा।

नई दिल्ली: पीएम मोदी अक्सर विशिष्ट अवसरों पर पहने जाने वाले साफे को लेकर चर्चा में रहते हैं। रंग-बिरंगा साफा पहनने की अपनी परंपरा को जारी रखते हुए पीएम मोदी ने 77वें गणतंत्र दिवस समारोह के अवसर पर भी अनोखा साफा पहना था। पीएम मोदी सुनहरे रंग की मोर पंख की आकृति की कढ़ाई वाला गहरे मरून रंग का साफा पहने दिखे। पीएम मोदी ने साफे के साथ सफेद पायजामे पर नेवी ब्लू रंग का कुर्ता और उसके ऊपर आसमानी नीले रंग की हाफ ब्लेजर भी पहन रखी थी। उनके साफे के आखिरी हिस्से में हरे व पीले रंग का मिश्रण देखने को मिला। 

पहले के गणतंत्र दिवस पर पीएम मोदी का साफा

बता दें कि अपने पहले कार्यकाल से ही गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस पर अपनी वेशभूषा को लेकर प्रधानमंत्री सुर्खियां बटोरते रहे हैं। इससे पहले, पीएम मोदी ने 76वें गणतंत्र दिवस पर सफेद कुर्ता-पायजामा के साथ गहरे भूरे रंग का बंद गले का कोट और लाल-पीले रंग का साफा पहना था। प्रधानमंत्री मोदी ने 75वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर बहुरंगी ‘बांधनी’ प्रिंट का साफा पहना था। बांधनी एक प्रकार का टाई-डाई कपड़ा होता है जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। यह एक ऐसी विधि है, जिसमें कपड़े को बांधकर व गांठ लगाकर रंगाई की जाती है। जार्जेट, शिफान, रेशमी व सूती कपड़े को रंग के कुंड में डालने से पहले धागे से कसकर बांधा जाता है और जब इस धागे को खोला जाता है तो बंधा हुआ हिस्सा रंगीन हो जाता है। फिर हाथ से कपड़े पर धागे के प्रयोग से डिजाइन तैयार किया जाता है। साल पीएम मोदी ने 2023 में कुर्ते और चूड़ीदार पायजामे के साथ बहुरंगी राजस्थानी साफा पहना था। उस वर्ष बाद में 77 वें स्वतंत्रता दिवस पर उन्होंने कई रंगों वाला राजस्थानी शैली का साफा चुना था जिसका अन्तिम छोर (छेला) कमर के नीचे तक लंबा था। वर्ष 2022 में पीएम मोदी ने गणतंत्र दिवस समारोह के लिए उत्तराखंड की एक अद्वितीय पारंपरिक टोपी चुनी थी। इस टोपी में ब्रह्मकमल बना हुआ था। ब्रह्मकमल उत्तराखंड का राजकीय फूल है, जिसे प्रधानमंत्री केदारनाथ की हर यात्रा पर इस्तेमाल करते रहे हैं। साल 2021 में मोदी ने गणतंत्र दिवस परेड के दौरान पीले बिन्दुओं वाली ‘हालारी’ पगड़ी पहनी थी। इसे जामनगर के शाही परिवार के जामसाहब की ओर से प्रधानमंत्री को भेंट किया गया था।

स्वतंत्रता दिवस पर पीएम मोदी का साफा

वर्ष 2014 में अपने पहले स्वतंत्रता दिवस भाषण के अवसर पर उन्होंने चमकीले लाल रंग का जोधपुरी बंधेज साफा पहना। साल 2015 में, प्रधानमंत्री मोदी ने बहुरंगी लहरिया पीला साफा और 2016 में गुलाबी और पीले रंग का टाई-एंड-डाई साफा पहना था। वर्ष 2017 में प्रधानमंत्री का साफा चमकीले लाल और पीले रंग का मिश्रण था। इसमें चारों ओर सुनहरी रेखाएं थीं। उन्होंने 2018 में लाल किले पर राष्ट्र को संबोधित करते हुए केसरिया साफा पहना था। कच्छ के चमकीले लाल रंग के बांधनी साफे से लेकर पीले रंग का राजस्थानी साफा, गणतंत्र दिवस पर मोदी के पहनावे के प्रमुख आकर्षण रहे हैं। प्रचंड बहुमत के साथ दूसरे कार्यकाल के लिए सत्ता में लौटने के बाद 2019 में मोदी ने लाल किले की प्राचीर से अपना छठा स्वतंत्रता दिवस भाषण देते हुए बहुरंगी साफा पहना था। राजस्थानी साफा या पगड़ी स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस के लिए प्रधानमंत्री की पसंद रहे हैं। 

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