Assam Assembly Elections 2026: असम में 126 सदस्यों वाली विधानसभा के लिए 9 अप्रैल को वोटिंग होगी। जिन सीटों पर वोटिंग होगी, उनमें बरचल्ला सीट भी अहम है। यह सीट असम के शोणितपुर जिले के अंतर्गत आती है। इस निर्वाचन क्षेत्र की संख्या 72 है। यह सामान्य कोटे की सीट है। इसका राजनीतिक इतिहास दिलचस्प रहा है। पहले इस सीट पर कांग्रेस का दबदबा हुआ करता था लेकिन पिछले एक दशक से बीजेपी ने इस सीट पर अपनी पकड़ मजबूत की है।
बरचल्ला में त्रिकोणीय मुकाबला
2026 के असम विधानसभा चुनाव में बरचल्ला विधानसभा सीट पर त्रिकोणीय मुक़ाबला देखने को मिल सकता है। बरचल्ला में कांग्रेस ने जहां रिपुन बोरा को चुनाव मैदान में उतारा है वहीं बीजेपी ने रितु बरन सरमाह को मौका दिया है जबकि यूनाइटेड पीपल्स पार्टी लिबरल (यूपीपीएल) की ओर से बाबूराम बंसुमतारी चुनाव मैदान में ताल ठोक रहे हैं। तीनों उम्मादवारों के बीच कड़ा मुकाबला है।
बरचल्ला विधानसभा सीट का इतिहास
यह सीट 1957 में अस्तित्व में आई थी। 1957 से 1967 तक इस सीट का प्रतिनिधित्व कांग्रेस नेता मोहिकांता दास ने किया था। पार्टी ने कुछ समय के लिए इस सीट पर अपनी पकड़ खो दी थी, लेकिन 1991 के विधानसभा चुनावों में रुद्र पराजुली ने इसे फिर से जीत लिया। 1996 में कांग्रेस यह सीट असम गण परिषद से हार गई, लेकिन 2001 में इसे फिर से हासिल कर लिया। 2001 से 2016 तक कांग्रेस ने बरछल्ला पर फिर से अपना नियंत्रण जमा लिया इस दौरान पार्टी नेता टंका बहादुर राय ने इसका प्रतिनिधित्व किया।
पिछले चुनाव में क्या हुआ?
2016 के विधानसभा चुनाव में भगवा का ऐसा जादू चला कि बरचल्ला की सीट भी कांग्रेस के हाथ से निकल गई। 2016 के विधानसभा चुनावों में, BJP नेता गणेश कुमार लिंबू ने टंका बहादुर राय को लगभग 23,000 वोटों के अंतर से हराया। जहां लिंबू को 53,912 वोट मिले, वहीं राय को 30,230 वोट मिले। 2021 के चुनावों में भी लिंबू ने इस सीट पर अपना कब्ज़ा बरकरार रखा और कांग्रेस उम्मीदवार राम प्रसाद शर्मा को लगभग 17,000 वोटों से हराया। लिंबू को 70,569 वोट मिले थे, जबकि शर्मा को उस समय 52,787 वोट मिले थे।
Latest India News