A
Hindi News भारत राजनीति गौरव गोगोई के 'पाक कनेक्शन' की होगी जांच, असम कैबिनेट ने गृह मंत्रालय को भेजी रिपोर्ट, सीएम हिमंत विश्व शर्मा ने लगाए गंभीर आरोप

गौरव गोगोई के 'पाक कनेक्शन' की होगी जांच, असम कैबिनेट ने गृह मंत्रालय को भेजी रिपोर्ट, सीएम हिमंत विश्व शर्मा ने लगाए गंभीर आरोप

असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने कांग्रेस एमपी और असम के सीनियर नेता गौरव गोगोई पर अधिकारियों को सूचित किए बिना 2013 में गोपनीय ढंग से पाकिस्तान जाने का आरोप लगाया और संदेह जताया कि उन्होंने वहां ''किसी प्रकार का प्रशिक्षण'' प्राप्त किया था।

Gaurav Gogoi, Himanta Biswa sharma- India TV Hindi Image Source : PTI/ANI गौरव गोगोई और हिमंत विश्व शर्मा

गुवाहाटी: असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने कांग्रेस सांसद गौरव गोगई और उनकी पत्नी एलिजाबेथ कोलबर्न गोगोई पर कई गंभीर आरोप लगाए और इनके पाकिस्तान कनेक्शन की जांच केंद्रीय एजेंसी से कराने की सिफारिश केंद्र सरकार भेजी है। उन्होंने दावा किया कि एलिजाबेथ कोलबर्न 2011-12 के दौरान पाकिस्तान में कार्यरत थीं और उन्होंने कुल 9 बार पाकिस्तान की यात्रा की। सीएम के अनुसार, "वे अली तौकीर शेख नामक एक पाकिस्तानी नागरिक के बेहद करीब थीं। जब हमने एलिजाबेथ से इस बारे में सवाल पूछे, तो उन्होंने जवाब देने से इनकार कर दिया।"

युवाओं को लेकर पाकिस्तान दूतावास गए थे गोगोई

हिमंत विश्व शर्मा ने आज एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में गौरव गोगोई पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि गौरव गोगोई युवाओं को लेकर पाकिस्तान दूतावास गए थे और वो पिक्चर वायरल हुई। वहां उन्होंने काफ़ी समय बिताया । इस पिक्चर को देखकर मुझे यकीन नहीं हुआ था । उसके बाद हमने जांच शुरू की । कांग्रेस का कोई और नेता पाकिस्तान दूतावास डेलीगेशन लेकर नहीं गया होगा । अब्दुल बसीत इसके बाद असम भी आए थे । SIT की रिपोर्ट के बाद असम कैबिनेट ने तय किया कि केंद्रीय एजेंसी से जाँच होनी चाहिए और इसलिए गृह मंत्रालय को हमने लिखा है । 

कोई विशेष ट्रेनिंग दी गई थी?

हिमंत विश्व शर्मा ने कहा कि गौरव को केवल लाहौर का वीजा मिला था, लेकिन वहां पहुंचने के बाद पाकिस्तान के गृह मंत्रालय ने खुद हस्तक्षेप कर उन्हें इस्लामाबाद और कराची बुलाया। एक सामान्य नागरिक को पाकिस्तान में यह 'रेड कार्पेट' स्वागत क्यों मिला? उन 10 दिनों में गौरव गोगोई 'डिजिटल साइलेंस' पर थे। क्या उन्हें वहां कोई विशेष ट्रेनिंग दी गई थी?

एसआईटी की रिपोर्ट गृह मंत्रालय को भेजी

बता दें कि असम सरकार ने पाकिस्तानी नागरिक अली तौकीर शेख द्वारा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोगोई और उनकी पत्नी के साथ मिलकर कथित तौर पर भारत विरोधी साजिश रचने की जांच के लिए एक एसआईटी भी गठित किया था। एसआईटी ने पिछले साल 10 सितंबर को अपनी रिपोर्ट शर्मा को सौंपी, जिनके पास गृह विभाग का भी प्रभार है। मुख्यमंत्री ने गोगोई के खिलाफ अपने आरोपों के समर्थन में सबूत पेश करने के लिए शुरू में 10 सितंबर की ही तारीख तय की थी।

गौरव, उनकी पत्नी और अली तौकीर शेख के बीच गहरा संबंध

हिमंत विश्व शर्मा ने कहा, ''हमारा मानना ​​है कि गौरव, उनकी पत्नी और अली तौकीर शेख के बीच गहरा संबंध है। हम केंद्रीय एजेंसी द्वारा जांच की सिफारिश करते हैं।'' उन्होंने दावा किया कि एक पाकिस्तानी कंपनी ने एलिजाबेथ को नौकरी दी और फिर उनका भारत में तबादला कर दिया जबकि उनका वेतन शेख देता था। शर्मा और बीजेपी गोगोई पर उनकी पत्नी के पाकिस्तान की जासूसी एजेंसी आईएसआई से कथित संबंधों को लेकर हमला करती रही है। असम मंत्रिमंडल ने शनिवार को गोगोई के कथित पाकिस्तानी संबंधों के मामले को गृह मंत्रालय को सौंपने का फैसला किया था।

Latest India News