मुंबई: महाराष्ट्र में मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया पर विराम लग सकता है। स्थानीय निकाय चुनाव का हवाला देते हुए राज्य निर्वाचन आयोग ने चुनाव आयोग से अनुरोध किया है कि राज्य में मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की अगर उसकी कोई योजना है तो वह उसे जनवरी 2026 तक स्थगित कर दे। राज्य निर्वाचन आयोग (एसईसी) ने अपनी चिट्ठी में कहा है कि अधिकारी स्थानीय निकाय चुनाव में व्यस्त रहेंगे।
सुप्रीम कोर्ट ने चार महीने का दिया था वक्त
राज्य निर्वाचन आयोग ने कहा, ‘‘भारत के माननीय सुप्रीम कोर्ट ने छह मई 2025 के अपने आदेश के माध्यम से राज्य निर्वाचन आयोग को महाराष्ट्र में स्थानीय निकायों के चुनाव चार महीने की अवधि के भीतर संपन्न कराने का प्रयास करने का निर्देश दिया है। साथ ही, राज्य निर्वाचन आयोग को उचित मामलों में समय विस्तार की मांग करने की स्वतंत्रता भी प्रदान की है।’’
स्थानीय चुनावों में व्यस्त रहेंगे अधिकारी-कर्मचारी
एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि महाराष्ट्र में सभी 29 नगर निगमों, सभी 247 नगर परिषदों, 147 नगर परिषदों में से 42 नगर पंचायतों, 34 जिला परिषदों में से 32 और 351 पंचायत समितियों में से 336 के चुनाव होने हैं। राज्य निर्वाचन आयोग ने यह भी बताया कि एसआईआर और स्थानीय निकाय चुनाव कराने वाले अधिकारी एक ही होंगे। इन सभी निकायों के लिए चुनाव प्रक्रिया अस्थायी रूप से जनवरी 2026 तक जारी रहने की संभावना है। इस दौरान राज्य के अधिकतर उप जिलाधिकारी और तहसीलदार (जिन्हें स्थानीय निकाय चुनाव के लिए निर्वाचन अधिकारी एवं सहायक निर्वाचन अधिकारी के रूप में नियुक्त किया जाता है) इन चुनावों में व्यस्त रहेंगे।
जनवरी 2026 के अंत तक स्थगित करने का अनुरोध
राज्य निर्वाचन आयोग ने कहा, ‘‘चूंकि उप जिलाधिकारी और तहसीलदार सहित क्षेत्रीय कर्मचारी स्थानीय निकाय चुनाव और विधानसभा मतदाता सूची के पुनरीक्षण के लिए एक ही अधिकारी हैं, इसलिए अनुरोध है कि अगर आयोग की विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्यक्रम शुरू करने की कोई योजना है तो उसे कम से कम जनवरी 2026 के अंत तक स्थगित कर दिया जाए।’’
इससे पहले राज्य निर्वाचन आयोग ने सितंबर के पहले सप्ताह में जनवरी 2026 तक SIR आयोजित करने में अपनी असमर्थता जताई थी। उस वक्त निर्वाचन आयोग राज्य भर के मुख्य निर्वाचन अधिकारियों का एक सम्मेलन आयोजित करने की योजना बना रहा था। एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि राज्य निर्वाचन आयोग ने चुनाव आयोग को सूचित किया कि जिला परिषदों और पंचायत समितियों के वार्ड का परिसीमन पूरा हो गया है, जबकि नगर निगमों, परिषदों और नगर पंचायतों के लिए वार्ड परिसीमन की प्रक्रिया शीघ्र ही पूरी हो जाएगी। (इनपुट-भाषा)