चंडीगढ़ः ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान से सटे पंजाब के कई जिलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। इसके साथ ही सभी सार्वजनिक कार्यक्रम रद्द कर दिए गए हैं। कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने कहा कि पंजाब पाकिस्तान के साथ 532 किलोमीटर लंबी सीमा साझा करता है। इसलिए किसी भी सैन्य तनाव के दौरान पंजाब सरकार की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण हो जाती है। सीमा के निकट सभी जिलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है और जनता की सुरक्षा के लिए सरकार ने सभी प्रकार के सार्वजनिक कार्यक्रम रद्द कर दिए हैं।
पंजाब पुलिस भी पूरी तरह तैयार
अमन अरोड़ा ने कहा कि रक्षा की दूसरी पंक्ति के रूप में पंजाब पुलिस भी पूरी तरह तैयार है। पंजाब पुलिस आर्मी को पूरा सहयोग कर रही है। उन्होंने कहा कि जब भी देश की एकता, अखंडता और सुरक्षा को खतरा होता है, तो पंजाबी हमेशा आगे आते हैं, यहां तक कि अपनी जान भी कुर्बान कर देते हैं।
सीमावर्ती गांवों के लोग सुरक्षित स्थान पर जा रहे हैं
उधर, भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के बीच पंजाब के फिरोजपुर जिले के कुछ सीमावर्ती गांवों के लोगों ने सुरक्षित स्थानों पर शरण लेना शुरू कर दिया है। हालांकि पाकिस्तान से लगती अंतरराष्ट्रीय सीमा पर स्थित अमृतसर व तरनतारन के गांवों में स्थिति शांत है और लोग रोजमर्रा के अपने काम करते नजर आए।
ग्रामीणों को जाने के लिए किसी ने नहीं कहा
फिरोजपुर के ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने अपना सामान स्थानांतरित करना शुरू कर दिया है, हालांकि सीमा सुरक्षा बल, भारतीय सेना या किसी भी सरकारी एजेंसी ने इस संबंध में कोई आदेश नहीं दिया है। उन्होंने कहा कि सुरक्षित स्थानों पर जाने का निर्णय उन्होंने स्वंय लिया है, विशेषकर महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए। फिरोजपुर के टेंडी वाला, कालू वाला, गट्टी राजो के, झुग्गे हजारा, नवी गट्टी राजो के, गट्टी रहीमे के, चांडीवाला, बस्ती भानेवाली, जल्लो गांव के लोग सुरक्षित स्थानों पर जाकर शरण ले रहे हैं।
अमृतसर हवाई अड्डे के निदेशक ने लिखित रूप से बताया कि सभी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ान परिचालन 10 मई सुबह 5.30 बजे तक निलंबित कर दिये गये हैं। अमृतसर में उपायुक्त के आदेश पर सभी शिक्षण संस्थान बंद रहे।
इनपुट- भाषा