BAN vs IND: दोनों टीमों के बीच एकमात्र टेस्ट आज से
नई दिल्ली: फ़तुल्लाह (बांग्लादेश) भारत ने बुधवार को यहां शिखर धवन के धुआंधार शतक की बदौलत ख़ान साहब उस्मान अली स्टेडियम में पहले टेस्ट के पहले दिन खेल समाप्त होने पर बग़ैर किसी नुकसान के

नई दिल्ली: फ़तुल्लाह (बांग्लादेश) भारत ने बुधवार को यहां शिखर धवन के धुआंधार शतक की बदौलत ख़ान साहब उस्मान अली स्टेडियम में पहले टेस्ट के पहले दिन खेल समाप्त होने पर बग़ैर किसी नुकसान के 239 रन बना लिए। ये सिर्फ़ एक टेस्ट मैच की सिरीज़ है।
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाज़ी करते हुए सलामी बल्लेबाज़ शिखर धवन और मुरली विजय वर्षा से प्रभावित मैच में आज सिर्फ 56 ओवर ही खेल पाए।
वर्षा से जहां पहला और तीसरा सेशन प्रभावित रहा वहीं दूसरे सेशन में खोल हो ही नहीं सका।
खेल समाप्त होने पर धवन 150 और विजय 89 पर खेल रहे थे।
ख़़राब फ़ार्म से जूझ रहे शिखर धवन ने वन डे अंदाज़ में ताबड़ तोड़ सेंचुरी बनाकर शानदार वापसी का संकेत दिया। बारिश के कारण मैच बीच में रोकना पड़ा लेकिन जैसे ही खेल शुरु हुआ शिखर धवन की तूफानी बल्लेबाज़ी भी शुरु हो गई जो शतक तक जारी रही।
धवन ने इस मैच से पहले 13 टेस्ट मैचों की 23 पारियों में 823 रन बनाएं थे जिसमें 2 सेंचुरी और 2 हाफ सेंचुरी शामिल हैं। टेस्ट मैचों में उनका बेस्ट स्कोर 187 रन है।
के.एल राहुल के नहीं खेलने से शिखर धवन को फायदा हुआ जो अंतिम 11 में अपनी जगह पक्की करने के लिए संघर्ष कर रहे थे। लगातार खराब प्रदर्शन के कारण उन्हें सिडनी टेस्ट से बाहर रहना पड़ा था।
इसके पहले भारत ने बांग्लादेश के खिलाफ एकमात्र टेस्ट मैच में बुधवार को टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला करते हुए भारत ने 23.3 ओवर में बिना किसी नुकसान के 107 रन बना लिए हैं पर बारिश के चलते मैच को रोक दिया गया है। साथ ही, भारत की सलामी जोड़ी शिखर धवन 74 (71) और मुरली विजय 33 (70) ने धुआंधार शुरुआत देने में कामयाब रहे हैं।
महेंद्र सिंह धोनी द्वारा अचानक टेस्ट को अलविदा कहने के बाद अब प्रशंसकों की निगाहें टेस्ट टीम के कप्तान कोहली पर होगी जो अपने आक्रामक तेवर और कभी न हार मानने वाले खिलाड़ी के तौर पर देखे जाते हैं।
विश्व कप से पहले ऑस्ट्रेलिया दौरे पर चार टेस्ट मैचों की सीरीज में दो मैचों में कोहली की आक्रामक कप्तानी की झलक देखने को मिल चुकी है। धोनी के शांत और सौम्य तरीके से टीम का नेतृत्व करने के अंदाज से बिल्कुल जुदा कोहली ने इस कारण उस दौरे में अपनी कप्तानी के लिए खूब चर्चा बटोरी।
बहरहाल, बांग्लादेश के साथ मुकाबले की बात करें तो भारतीय टीम की मजबूत बल्लेबाजी उसकी सबसे बड़ी ताकत है। मेजबान बांग्लादेश के हरफनमौला खिलाड़ी शाकिब अल हसन और युवा तेज गेंदबाजों पर भारतीय बल्लेबाजों को चुनौती देने की मुख्य जिम्मेदारी होगी।
वैसे, बांग्लादेश के पास अच्छे गेंदबाजों की कमी उसके लिए सबसे बड़ी चुनौती है। पाकिस्तान के खिलाफ हाल में खराब गेंदबाजी के कारण ही बांग्लादेश को 0-1 से हार का सामना करना पड़ा। मेजबान टीम का उत्साह बढ़ाने के लिए उसके साथ विश्व कप में किए शानदार प्रदर्शन की यादें होंगी। विश्व कप में बांग्लादेश को क्वार्टर फाइनल में भारत के ही हाथों हार कर टूर्नामेंट से बाहर होना पड़ा था।
दोनों टीमों के बीच हुए अब तक के टेस्ट मैचों की बात करें तो निश्चित तौर पर भारत का पलड़ा भारी है। बांग्लादेश ने अपना पहला टेस्ट मैच भारत के साथ नवंबर-2000 में खेला। भारत के साथ खेले सात मैचों में बांग्लादेश को छह में हार का सामना करना पड़ा। चटगांव में 2007 में खेला गया मैच ड्रा रहा। इस ड्रा में बारिश ने भी अहम भूमिका निभाई।
ऑफ-स्पिन गेंदबाज हरभजन सिंह के लिए भी यह मैच खास होगा जो लंबे समय बाद भारतीय टेस्ट टीम में वापसी करने में कामयाब हुए हैं। इसके अलावा धोनी की विदाई के बाद रिद्धिमान साह भी अपने प्रदर्शन से भारतीय टेस्ट टीम में अपना स्थान पक्का करना चाहेंगे।
टीम- भारत: विराट कोहली (कप्तान), शिखर धवन, मुरली विजय, अजिंक्य रहाणे, रोहित शर्मा, रिद्धिमान साह (विकेटकीपर), रविचंद्रन अश्विन, हरभजन सिंह, इशांत शर्मा, उमेश यादव, वरुण एरॉन।
बांग्लादेश: मुशफिकुर रहीम (कप्तान/विकेटकीपर), तमीम इकबाल, अबुल हसन, इमरुल कायेस, जुबैर हुसैन, लिटन दास, मोहम्मद शाहिद, शाकिब अल हसन, सुवागत होम, सौम्य सरकार, तैजुल इस्लाम।