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Maha Kumbh 2025: महाकुंभ के दौरान श्रद्धालुओं को इन 7 रास्तों से होगा जाना! यूपी पुलिस ने बनाया प्लान

Maha Kumbh 2025: इस साल महाकुंभ में 40 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं के आने की संभावना जताई जा रही है। ऐसे में योगी सरकार कोई भी ढिलाई नहीं बरतना चाह रही है। प्रशासन हर तरह से मेले में आने वाले लोगों की परेशानी को कम करने में लगा हुआ है।

Maha Kumbh 2025- India TV Hindi
Image Source : PTI महाकुंभ

Maha Kumbh Mela 2025: 13 जनवरी को महाकुंभ 2025 की शुरुआत हो रही है। ऐसे में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी तरह की दिक्कतों का सामना न करना पड़े, इसके लिए प्रशासन पूरी तैयारी करने में जुटा हुआ है। इसी के मद्देनजर यूपी की ट्रैफिक पुलिस ने आने-जाने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सही रास्तों के लिए एक महत्वपूर्ण प्लान तैयार किया है। इसके लिए प्रयागराज जिले में आने के लिए 7 प्रमुख मार्गों को पुलिस ने चुना है, यहां चाक-चौबंद व्यवस्था रहेगी।

कौन-कौन से हैं ये मार्ग?

यूपी की योगी सरकार ने मंगलवार को एक बयान में कहा कि ट्रैफिक पुलिस ने जौनपुर, वाराणसी, मिर्जापुर, कानपुर, रीवा/बांदा, लखनऊ और प्रतापगढ़ से महाकुंभ मेला और कमिश्नरी क्षेत्र तक के रास्तों के लिए प्लान बनाया है। माना जा रहा कि मेले में 40 करोड़ से अधिक श्रद्धालु आ सकते हैं। ऐसे में उनके साथ आए छोटे-बड़े वाहनों के लिए निर्धारित पार्किंग और पैदल यात्रियों के मुताबिक उपाय किए जाएंगे।

मेला क्षेत्र में रहेगा वन-वे रूट

प्लान के मुताबिक, महाकुंभ मेला क्षेत्र में वन-वे रूट लागू किए जाएंगे और एसएसपी, कुंभ मेला ज्यादा भीड़ बढ़ने पर तुरंत डायवर्जन लागू करेंगे। एक अनुमान के मुताबिक, जौनपुर के रास्ते से 21 प्रतिशत और रीवा/बांदा के रास्ते से 18 प्रतिशत ट्रैफिक आने की उम्मीद है। इसी तरह, वाराणसी रास्ते से 16 प्रतिशत ट्रैफिक आने की संभावना जताई जा रही है, जबकि कानपुर और मिर्जापुर के रास्ते से क्रमशः 14 प्रतिशत व 12 प्रतिशत लोग जिले में आने की उम्मीद है। इसके अतिरिक्त, 10 प्रतिशत लोग लखनऊ से और 9 प्रतिशत लोग प्रतापगढ़ जिले के रास्ते से आने की उम्मीद है।

इन व्यवस्थाओं का उद्देश्य श्रद्धालुओं के लिए बिना किसी दिक्कत के मेले में आसान सुविधा देना और कार्यक्रम के दौरान निर्बाध और आध्यात्मिक रूप से संतुष्टिदायक अनुभव प्रदान करना है।

(इनपुट- भाषा)