हरदोई: यूपी के हरदोई से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक दिहाड़ी मजदूर को इनकम टैक्स विभाग ने 7 करोड़ से ज्यादा का नोटिस भेजा है। विभाग ने मजदूर से उसके वित्तीय लेन-देन का ब्यौरा मांगा है। इस मामले में मजदूर के परिजनों की हालत खराब है क्योंकि उनका कहना है कि मजदूर 2 वक्त की रोटी मुश्किल से कमाता है, करोड़ों रुपए कहां से आएंगे।
क्या है पूरा मामला?
हरदोई में एक दिहाड़ी मजदूर को जब इनकम टैक्स विभाग की तरफ से 7 करोड़ 15 लाख रुपए का नोटिस भेजा गया और उसे इनकम टैक्स के रूप में इतना रुपए जमा करने के लिए कहा गया तो मजदूर के परिवार के होश उड़ गए। मजदूर के परिवार का कहना है कि मजदूर 2 वक्त के खाने का इंतजाम बमुश्किल कर पाता है। कई दिनों से खाना नहीं बना है घर में और नोटिस में इतने बड़े अमाउंट की बात की गई है।
मजदूर की पहचान माधोगंज थानाक्षेत्र के रुदामऊ गांव में रहने वाले गोविंद कुमार के रूप में हुई है। उसे इनकम टैक्स नोटिस 8 जनवरी को जारी किया गया था और उसने इस नोटिस को 13 जनवरी को प्राप्त किया। इस मामले के सामने आने के बाद मजदूर और उसका परिवार परेशान है।
मजदूर के हालात ये हैं कि वह फूस की झोपड़ी में रहता है और उसके पास कोई धनराशि नहीं है। परिजनों में भी इस नोटिस को लेकर परेशानी नजर आ रही है क्योंकि वह नहीं जानते कि अब क्या करें।
मजदूर ने क्या बताया?
मजदूर ने बताया कि करीब 6 साल पहले वह कानपुर में काम करता था। इस दौरान एक महिला ने उसे सरकारी फायदा दिलाने के बहाने फंसा लिया था और उसे सीतापुर के बिसवां ले जाया गया था। यहां पर उसका बैंक खाता खोला गया था। इसके बाद उसे कुछ हजार रुपए मिले लेकिन बाद में उसकी पासबुक और चेकबुक उससे ले ली गई।
ऐसे में मजदूर का शक है कि उसके बैंक अकाउंट का इस्तेमाल गलत तरीके से किया गया है, जिसमें करोड़ों का लेन-देन हुआ है। इस मामले की मजदूर के इलाके में काफी चर्चा है और लोग हैरानी जता रहे हैं।