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Hindi News पश्चिम बंगाल पहलगाम आतंकी हमलाः बितान अधिकारी कलमा नहीं पढ़ पाए तो आतंकियों ने पत्नी के सामने मार दी गोली

पहलगाम आतंकी हमलाः बितान अधिकारी कलमा नहीं पढ़ पाए तो आतंकियों ने पत्नी के सामने मार दी गोली

पश्चिम बंगाल के मंत्री अरूप बिस्वास ने बितान अधिकारी के परिवार के सदस्यों से मुलाकात की और उन्हें शव वापस लाने में हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया।

पहलगाम आतंकी हमला- India TV Hindi Image Source : PTI पहलगाम आतंकी हमला

कोलकाताः पहलगाम आतंकी हमले में कोलकाता के रहने वाले बितान अधिकारी की भी मौत हो गई। अपनी जान बचाने के लिए बितान अधिकारी ने खुद को आतंकियों से झूठ बोला। आतंकियों को उन्होंने कहा कि वह मुसलमान हैं। इसके बाद आतंकियों ने उनको कलमा पढ़ने के लिए कहा। इस दौरान उनकी पत्नी भी मौजूद थी। जब वह कलमा नहीं बढ़ पाए तो आतंकियों ने इनको गोली मार दी।

परिवार के साथ छुट्टियां बिताने घर आए थे बितान अधिकारी

जानकारी के अनुसार, अमेरिका में काम करने वाले 36 वर्षीय बितान अधिकारी अपनी पत्नी और बेटे के साथ समय बिताने के लिए अभी हाल में ही कोलकाता लौटे थे। मंगलवार को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर हुए आतंकी हमले में मारे गए लोगों में वे भी शामिल हैं। कोलकाता के पाटुली के रहने वाले बितान अपनी पत्नी सोहिनी और तीन साल के बेटे के साथ कश्मीर में छुट्टियां मना रहे थे। उनके पड़ोसियों के मुताबिक, अधिकारी परिवार 16 अप्रैल को कश्मीर गया था और उन्हें 24 अप्रैल को लौटना था। 

8 अप्रैल को कोलकाता आए थे बितान अधिकारी

उनके चचेरे भाई दीपक ने रोते हुए कहा कि बितान 8 अप्रैल को अमेरिका से लौटे थे। बंगाली नववर्ष पर, हम जश्न मनाने के लिए बाहर गए थे और 16 अप्रैल को वे कश्मीर के लिए रवाना हुए। उन्होंने मुझे अपने साथ चलने के लिए कहा, लेकिन मैंने मना कर दिया। हम रोज बात करते थे और मैं बार-बार उनसे कहता था कि वे घुड़सवारी पर न जाएं। 

बितान अधिकारी की पत्नी से सीएम ममता ने की फोन पर बात

वहीं मंत्री अरूप बिस्वास अधिकारी के घर पहुंचे और शोक संतप्त परिवार को हरसंभव मदद का आश्वासन दिया। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बिटन की पत्नी से फोन पर बात की और सोशल मीडिया पर पोस्ट किया: "आज जम्मू-कश्मीर में पर्यटकों पर हुए विनाशकारी आतंकवादी हमले के पीड़ितों के परिवारों के प्रति मेरी संवेदना है। पीड़ितों में से एक बितान अधिकारी, पश्चिम बंगाल से हैं। मैंने उनकी पत्नी से फोन पर बात की है। मैंने उन्हें आश्वासन दिया है कि मेरी सरकार उनके पार्थिव शरीर को कोलकाता में उनके घर वापस लाने के लिए सभी कदम उठा रही है।