A
  1. Hindi News
  2. पश्चिम बंगाल
  3. 'बंगाल चुनाव अन्य राज्यों के साथ न कराए जाएं', BJP नेता शुभेंदु अधिकारी ने चुनाव आयोग से की खास मांग, बताई खास वजह

'बंगाल चुनाव अन्य राज्यों के साथ न कराए जाएं', BJP नेता शुभेंदु अधिकारी ने चुनाव आयोग से की खास मांग, बताई खास वजह

पश्चिम बंगाल में साल 2026 में विधानसभा के चुनाव होने हैं। इसको लेकर अभी से बयानबाजी शुरू हो गई है। BJP नेता शुभेंदु अधिकारी ने चुनाव आयोग से राज्य में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर खास मांग की है।

बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी- India TV Hindi
Image Source : FILE PHOTO बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी

भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सीनियर नेता शुभेंदु अधिकारी ने शुक्रवार को निर्वाचन आयोग से पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव अन्य राज्यों के साथ नहीं कराने का आग्रह किया। बीजेपी नेता अधिकारी ने राज्य में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर ‘आतंक का माहौल’ बनाने का आरोप लगाया। 

टीएमसी के लोगों पर गुंडागर्दी का आरोप

अधिकारी ने मीडिया से बात करते हुए तृणमूल कांग्रेस समर्थित बदमाशों पर गुरुवार को अलीपुरद्वार में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली में जाने वाले बीजेपी कार्यकर्ताओं और समर्थकों पर हमला करने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि तृणमूल समर्थित गुंडों ने 34 वाहनों में तोड़फोड़ की और भाजपा के 22 कार्यकर्ताओं को घायल कर दिया, ताकि उन्हें प्रधानमंत्री की रैली में पहुंचने से रोका जा सके। 

बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी ने बताई ये वजह

बीजेपी नेता अधिकारी ने दावा किया, 'प्रधानमंत्री के खिलाफ तृणमूल नेताओं द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली भाषा धमकी भरी और अलोकतांत्रिक है। इन परिस्थितियों में, पश्चिम बंगाल में स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव संभव नहीं हैं।' उन्होंने निर्वाचन आयोग से राज्य विधानसभा चुनाव को असम, बिहार या केरल में होने वाले चुनावों के साथ नहीं कराने का आग्रह किया। 

अधिकारी ने उठाया महंगी बिजली का मुद्दा

पश्चिम बंगाल में 2026 में विधानसभा चुनाव होने हैं। बीजेपी के सीनियर नेता ने बिजली की दरों में वृद्धि को लेकर भी राज्य सरकार की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक नेता स्मार्ट मीटर लगाने में शामिल निजी एजेंसियों से कमीशन ले रहे हैं और दावा किया कि ये उपकरण उपयोगकर्ताओं से 12 के बजाय 13 महीने का शुल्क लेते हैं। 

चलाया जाएगा जारुकता अभियान

हालांकि, इस आरोप के समर्थन में उन्होंने कोई साक्ष्य नहीं पेश किया। अधिकारी ने कहा, ‘हम इस संबंध में जन सभाएं और जागरूकता अभियान आयोजित करेंगे तथा भाजपा विधायक विधानसभा में इस मुद्दे को उठाएंगे।’ (भाषा के इनपुट के साथ)