संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने गाजा को लेकर उठाया बड़ा कदम, जानें हुआ क्या है
इजरायल और हमास के बीच जंग में गाजा बुरी तरह तबाह हो चुका है। गाजा मलबे के ढेर में तब्दील हो गया है और यहां बुनियादी सुविधाएं तक नहीं रह गई है। इस बीच संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने गाजा को लेकर बड़ा फैसला किया है।
UN Trump Plan For Gaza: संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने गाजा के लिए अमेरिका की उस योजना को मंजूरी दे दी है, जिसमें तबाह हो चुके क्षेत्र में सुरक्षा प्रदान करने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय बल की तैनाती और भविष्य में एक स्वतंत्र फिलिस्तीनी राष्ट्र की संभावना तलाशने का विचार है। संयुक्त राष्ट्र में अमेरिका की इस योजना के पक्ष में शून्य के मुकाबले 13 मत मिले। रूस और चीन ने मतदान से दूरी बनाई तथा रूस ने एक विपरीत प्रस्ताव पेश किया।
जरूरी थी सुरक्षा परिषद की मंजूरी
अमेरिका और अन्य देशों को उम्मीद थी कि रूस इस प्रस्ताव को रोकने के लिए अपने वीटो अधिकार का उपयोग नहीं करेगा। यह मतदान युद्ध विराम के बाद स्थायित्व लाने और 2 साल तक चले इजरायल-हमास संघर्ष के बाद गाजा के भविष्य की रूपरेखा तय करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम था। कई अरब और मुस्लिम देशों ने अंतरराष्ट्रीय बल में सैनिक भेजने की इच्छा जताई थी, लेकिन इसके लिए सुरक्षा परिषद की मंजूरी आवश्यक थी।
ट्रंप करेंगे नेतृत्व
अमेरिकी प्रस्ताव राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की 20 सूत्रीय युद्ध विराम योजना का समर्थन करता है, जिसमें एक अंतरिम ‘शांति बोर्ड’ के गठन का प्रावधान है, जिसका नेतृत्व ट्रंप करेंगे। यह योजना अंतरराष्ट्रीय बल को सीमाओं की निगरानी, सुरक्षा प्रदान करने और गाजा के असैन्यीकरण जैसे व्यापक अधिकार देती है। यह अधिकार 2027 के अंत तक मान्य रहेंगे। इस प्रस्ताव को पारित कराने में अरब और मुस्लिम देशों का समर्थन महत्वपूर्ण रहा है।
नेतन्याहू और पुतिन के बीच हुई थी वार्ता
इस बीच यहां यह भी बता दें कि, हाल ही में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के बीच गाजा मुद्दे पर फोन पर विस्तृत बातचीत हुई था। यह वार्ता संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में अमेरिकी प्रस्ताव पर मतदान से ठीक पहले हुई थी। दोनों नेताओं ने इस दौरान मध्य पूर्व की तनावपूर्ण स्थिति पर गहन विचार-विमर्श किया था। (एपी)
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