पटना: बिहार विधानसभा में नीतीश कुमार को सदन का नेता घोषित किया गया है। वहीं तेजस्वी यादव को नेता प्रतिपक्ष घोषित किया गया है। हालांकि तेजस्वी यादव आज सदन में मौजूद नहीं है। वह मंगलवार को दिल्ली चले गए थे। सदन में उनकी गैरमौजूदगी चर्चा का विषय भी रही।
हालही में शुरू हुआ विधानसभा का पहला सत्र
बिहार में 18वीं विधानसभा का पहला सत्र हालही में शुरू हुआ है। इस मौके पर सभी विधायकों ने शपथ ली और विधानसभा अध्यक्ष को भी चुना था। मंगलवार को बीजेपी के सीनियर नेता प्रेम कुमार को सर्वसम्मति के साथ विधानसभा का अध्यक्ष चुना गया था।
इस मौके पर तेजस्वी यादव का बयान भी सामने आया था। तेजस्वी ने उम्मीद जताई थी कि विधानसभा के नए अध्यक्ष प्रेम कुमार सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों को ही सदन में समान अवसर देंगे।
विधानसभा चुनावों में NDA को मिली प्रचंड जीत
गौरतलब है कि हालही में हुए बिहार विधानसभा चुनावों में NDA को प्रचंड बहुमत मिला और महागठबंधन को करारी शिकस्त का सामना करना पड़ा था। इस चुनाव में NDA को 202 सीटें मिलीं और महागठबंधन को 35 सीटें मिलीं थीं।
पार्टी के हिसाब से देखें तो बीजेपी को 89 सीटें, जेडीयू को 85 सीटें, आरजेडी को 25 सीटें, एलजेआरवी को 19 सीटें, कांग्रेस को 6 सीटें, एआईएमआईएम को 5 सीटें, हम को 5 सीटें और बाकी को 9 सीटें मिली थीं। इस चुनाव में नई पार्टी जनसुराज का खाता भी नहीं खुल सका था और इसके लीडर प्रशांत किशोर काफी ट्रोल भी हुए थे।
चुनवा के बाद नीतीश कुमार को फिर सीएम बनाया गया था। वहीं डिप्टी सीएम पद विजय सिन्हा और सम्राट चौधरी को दिया गया। नीतीश कैबिनेट में कुल 26 नेताओं को मंत्री बनाया गया। इसमें बीजेपी के 14 मंत्री, जेडीयू के 8 मंत्री, एलजेपी के 2 मंत्री, हम के एक और आरएमएल के एक मंत्री हैं।