पटना: बिहार विधानसभा चुनाव के प्रचार के दौरान मोकामा के घोसवरी में हुए दुलारचंद मर्डर केस में चुनाव आयोग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पटना के ग्रामीण एसपी समेत 4 अधिकारियों का तबादला कर दिया है जबकि बाढ़ के SDPO को स्स्पेंड करने का निर्देश दिया है।चुनाव आयोग ने इस संबंध में बिहार के डीजीपी विनय कुमार से कल दोपहर 12 बजे तक एक्शन टेकेन रिपोर्ट मांगी है।
बाढ़ के एसडीओ को हटाया गया
चुनाव आयोग की ओर से जारी आदेश के मुताबिक बाढ़ के एसडीओ सह 178 मोकामा विधानसभा के रिटर्निंग ऑफिसर चंदन कुमार (बिहार प्रशासनिक सेवा) को हटा दिया गया है। उनकी जगह आईएएस अधिकारी आशीष कुमार को नियुक्त किया गया है। आशीष कुमार फिलहाल पटना नगर निगम के अतिरिक्त नगर आयुक्त हैं।
एसडीपीओ बाढ़-2 सस्पेंड
वहीं एसडीपीओ बाढ़-1 राकेश कुमार और एसडीपीओ बाढ़-2 अभिषेक सिंह का ट्रांसफर कर दिया गया है। उनकी जगह आनंद कुमार सिंह और आयुष श्रीवास्तव को नियुक्त किया गया है। चुनाव आयोग ने इन तीनों अधिकारियों के खिलाफ अनुशाषनात्मक कार्रवाई का भी आदेश दिया है। साथ ही एसडीपीओ बाढ़-2 अभिषेक सिंह को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड करने का निर्देश दिया है।
Image Source : election commissionचुनाव आयोग का निर्देश
क्या है मामला?
बता दें कि पटना के मोकामा इलाके में बृहस्पतिवार को जन सुराज पार्टी के उम्मीदवार पीयूष प्रियदर्शी के लिए प्रचार करते समय दुलारचंद यादव की हत्या कर दी गयी थी। यह घटना भदौर और घोसवारी थानों के पास हुई थी। एक अधिकारी ने बताया कि पुलिस ने घटना के संबंध में तीन प्राथमिकी दर्ज कर दो लोगों को गिरफ्तार किया है। उन्होंने बताया कि अब पुलिस इस बात की जांच करेगी कि वह कैसे घायल हुए और इस घटना में कौन शामिल था।
मोकामा से जदयू उम्मीदवार और स्थानीय कद्दावर नेता अनंत सिंह को मृतक के पोते की शिकायत के आधार पर दर्ज एक प्राथमिकी में चार अन्य लोगों के साथ आरोपी बनाया गया है। प्रशांत किशोर के नेता जन सुराज की शिकायत के आधार पर छह लोगों के खिलाफ एक अन्य प्राथमिकी दर्ज की गई जबकि तीसरा मामला पुलिस ने अपनी जांच के आधार पर दर्ज किया।