पटना: बिहार की सियासत में अब एक नया विवाद खड़ा हो गया है। राष्ट्रीय लोक मोर्चा यानी कि RLM के बाजोपट्टी विधानसभा सीट से विधायक रामेश्वर महतो ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट डालकर पार्टी नेतृत्व पर निशाना साधा है। उनकी यह पोस्ट पार्टी प्रमुख और केंद्रीय मंत्री उपेंद्र कुशवाहा के खिलाफ बगावत का संकेत दे रही है। विधायक महतो ने उपेंद्र कुशवाहा द्वारा अपने बेटे दीपक प्रकाश को मंत्री बनाने के फैसले पर परिवारवाद का आरोप लगाया है। यह मामला तब और गहरा हो गया जब रामेश्वर महतो ने फेसबुक पर लिखा, 'राजनीति में सफलता केवल भाषणों से नहीं, बल्कि सच्ची नीयत और दृढ़ नीति से मिलती है।'
मंत्री पद न मिलने से नाराज चल रहे हैं महतो!
महतो ने आगे लिखा, 'जब नेतृत्व की नीयत धुंधली हो जाए और नीतियां जनहित से अधिक स्वार्थ की दिशा में मुड़ने लगें, तब जनता को ज्यादा दिनों तक भ्रमित नहीं रखा जा सकता। आज का नागरिक जागरूक है, वह हर कदम, हर निर्णय और हर इरादे को बारीकी से परखता है।' पोस्ट में इस्तेमाल किए गए शब्द जैसे 'नेतृत्व की नीयत धुंधली होने' और 'स्वार्थ की दिशा में मुड़ने' को सीधे उपेंद्र कुशवाहा पर निशाना माना जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक, रामेश्वर महतो सरकार के गठन के समय से ही मंत्री पद न मिलने से नाराज चल रहे हैं। हाल ही में उपेंद्र कुशवाहा के बेटे दीपक प्रकाश को मंत्री बनाने के फैसले ने महतो की नाराजगी को चरम पर पहुंचा दिया।
चुनावों में RLM ने जीती थीं कुल 4 सीटें
बता दें कि नवंबर 2025 में हुए बिहार विधानसभा चुनावों में उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी RLM को 4 सीटें मिली थीं। वहीं, NDA ने कुल 202 सीटें जीतकर शानदार जीत हासिल की थी। BJP को 89 और JDU को 85 सीटें मिलीं, जबकि अन्य सहयोगी दलों में लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) को 19, हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा को 5 और RLM को 4 सीटें प्राप्त हुईं। फिलहाल, पार्टी की ओर से विधायक महतो के पोस्ट पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। लेकिन इस पोस्ट ने RLM के अंदर नई सियासी मुश्किल खड़ी कर दी है। रामेश्वर महतो वर्तमान में दिल्ली में हैं और इस मसले पर अभी और सियासत होने के पूरे आसार हैं।