दिल्ली की हवा बेहद खराब स्तर पर पहुंचने के बाद दिल्ली एनसीआर में सीएक्यूएम ने ग्रेप-3 की पाबंदियां लागू कर दी हैं। सीएक्यूएम की तरफ से बताया गया कि एयर क्वालिटी के आने वाले दिनों में 'गंभीर' होने की आशंका के मद्देनजर राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (दिल्ली-एनसीआर) में ‘चरणबद्ध प्रतिक्रिया कार्य योजना’ (ग्रैप) के तीसरे चरण के प्रतिबंध लागू किए गए हैं। दिल्ली एनसीआर से ग्रैप-3 के प्रतिबंध इस महीने की शुरुआत में हटाए गए थे, क्योंकि यहां की हवा थोड़ी साफ हुई थी। इससे पहले दिसंबर में दिल्ली की हवा बेहद जहरीली हो गई थी। इससे ग्रैप-4 के उपाय लागू किए गए थे। इसके बाद हवा साफ हुई और धीरे-धीरे ग्रैप के प्रतिबंध हटाए गए।
(ग्रैप) के तीसरे चरण के तहत सख्त प्रतिबंध शनिवार को लागू किए, जिनमें पांचवी कक्षा तक के विद्यालयों में पढ़ाई ‘हाइब्रिड मोड’ में कराया जाना और निर्माण एवं विध्वंस कार्यों पर प्रतिबंध लगाया जाना शामिल हैं। आयोग ने यह कदम मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों के बीच प्रदूषण स्तर में काफी बढ़ोतरी होने के बीच उठाया है।
इन कामों पर लगेगी रोक
तीसरे चरण के प्रतिबंधों में गैर-जरूरी निर्माण, विध्वंस कार्य, पत्थर तोड़ने और खनन गतिविधियों पर रोक शामिल है। दिल्ली, गुरुग्राम, फरीदाबाद, गाजियाबाद और गौतमबुद्धनगर में बीएस तीन के पेट्रोल संचालित और बीएस चार के डीजल संचालित चार पहिया वाहनों पर भी प्रतिबंध लागू किया गया है। इसमें दिल्ली में डीजल से संचालित पुराने मालवाहक वाहनों पर प्रतिबंध भी शामिल है, जबकि पांचवी कक्षा तक के विद्यालयों में ‘हाइब्रिड मोड’ (ऑनलाइन एवं ऑफलाइन दोनों) में पढ़ाई कराई जाएगी और दिल्ली-एनसीआर में कार्यालय 50 प्रतिशत कर्मचारियों के साथ काम कर सकते हैं।
दिल्ली सरकार कर रही कई उपाय
दिल्ली सरकार वायु प्रदूषण कम करने के लिए लगातार उपाय कर रही है। गुरुवार को इंडिया के कॉन्क्लेव 'पॉल्यूशन का सॉल्यूसन' में सीएम रेखा गुप्ता ने बताया कि उनकी सरकार प्रदूषण कम करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। इसका असर आने वाले समय में दिखेगा। फरवरी 2025 में दिल्ली के सीएम की शपथ लेने वाली रेखा गुप्ता ने वादा किया कि उनके कार्यकाल में ही दिल्ली के तीनों कचरे के पहाड़ खत्म कर दिए जाएंगे।
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