जासूसी नहीं, सुरक्षा कर रहे थे, बंग भवन के पास क्यों तैनात था भारी पुलिस बल? ममता बनर्जी के आरोप पर दिल्ली पुलिस का जवाब
ममता बनर्जी ने आरोप लगाया था कि दिल्ली पुलिस के जवान जासूस के लिए बंगाल भवन के पास तैनात किए गए थे। इस पर दिल्ली पुलिस के स्पेशल सीपी देवेश चंद्र श्रीवास्तव ने कहा कि ममता बनर्जी की सुरक्षा के लिए पुलिसकर्मी वहां मौजूद थे।

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सोमवार को दिल्ली में थीं। वह एसआईआर में गड़बड़ी की शिकायत लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त से मिलने पहुंची थीं। ममता ने आरोप लगाया कि बंगाल में कई वोटरों के नाम जबरन काटे जा रहे हैं, उन्हें मृत दिखाया जा रहा है। इस दौरान वह बंगाल भवन में मौजूद कई लोगों से भी मिलीं, जिनके नाम वोटर लिस्ट से काटे गए हैं। ममता ने दावा किया कि 98 लाख लोगों के नाम काट दिए गए हैं। इस दौरान ममता बनर्जी दिल्ली पुलिस के जवानों से भी उलझ गईं। उन्होंने कहा कि जासूसी के लिए बंगाल भवन के आसपास दिल्ली पुलिस के जवान तैनात किए गए हैं।
ममता के आरोपों पर दिल्ली पुलिस ने जवाब दिया है। दिल्ली पुलिस के स्पेशल सीपी देवेश चंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री के लिए दिल्ली में Z+ कैटेगरी की सुरक्षा निर्धारित है। तय प्रोटोकॉल के अनुसार, राष्ट्रीय राजधानी में उनकी सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी दिल्ली पुलिस की है और इस बारे में पश्चिम बंगाल पुलिस ने उन्हें पहले ही बता दिया था। इसके बाद, दिल्ली पुलिस ने चाणक्य पुरी और हेली रोड, दिल्ली स्थित बंग भवन में व्यापक सुरक्षा और कानून व्यवस्था के इंतजाम किए। दिल्ली पुलिस सामान्यतः साल भर अलग-अलग सुरक्षा और कानून व्यवस्था की ड्यूटी के लिए सीएपीएफ के कर्मियों की भी मदद लेती है और उन्हें भी इन कानून व्यवस्था/सुरक्षा इंतजामों के लिए तैनात किया गया था।
बंगाल भवन में नहीं गया कोई पुलिसकर्मी
दिल्ली पुलिस के स्पेशल सीपी ने बताया कि सोमवार को न तो कोई पुलिसकर्मी बंग भवन में घुसा और न ही वहां रहने वालों की आवाजाही पर कोई रोक लगाई गई। उन्हें बताया गया था कि एक राजनीतिक पार्टी के लगभग 150-200 समर्थक पश्चिम बंगाल से आए हैं और दिल्ली में अलग-अलग जगहों पर रह रहे हैं, जिसमें साउथ दिल्ली, नई दिल्ली और सेंट्रल दिल्ली इलाकों के गेस्ट हाउस/होटल शामिल हैं। यह भी जानकारी मिली थी कि वीवीआईपी और वरिष्ठ नेता इन गेस्ट हाउस/होटलों में जाएंगे। उसी के अनुसार इन जगहों पर पर्याप्त तैनाती की गई थी।
क्यों चेकिंग कर रहे थे पुलिसकर्मी?
ममता के आरोपों पर जवाब देते हुए दिल्ली पुलिस के स्पेशल सीपी देवेश चंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि संसद का बजट सत्र चल रहा है, इसलिए दिल्ली पुलिस संसद परिसर के अंदर और आसपास के साथ-साथ राजधानी के अलग-अलग हिस्सों में भी पुस्ता सुरक्षा और कानून व्यवस्था के इंतजाम सुनिश्चित करने के लिए उचित एहतियाती कदम उठा रही है। इसे हासिल करने के लिए निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार अलग-अलग होटलों और गेस्ट हाउस के साथ-साथ व्यक्तियों की भी नियमित चेकिंग की जाती है। दिल्ली पुलिस के अधिकारी ने कहा, "हम अलग-अलग स्तरों पर पश्चिम बंगाल पुलिस के साथ लगातार संपर्क में हैं और हमें आधिकारिक या गैर-आधिकारिक तौर पर किसी भी अप्रिय घटना या सुरक्षा में चूक के बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई है। दिल्ली पुलिस वीआईपी के साथ-साथ दिल्ली में आने वाले सभी लोगों की पूरी सुरक्षा सुनिश्चित करने और उचित कानून व्यवस्था के इंतजाम करने के लिए प्रतिबद्ध है।"
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