नई दिल्ली: 1993 मुंबई बम ब्लास्ट के दोषी याकूब मेमन को उसके जन्मदिन पर गुरुवार की सुबह फांसी दे दी गई। फांसी से पहले याकूब में बचने ने लिए हर संभव प्रयास किया लेकिन वह बच नहीं पाया। पेशे से चार्टर्ड अकाउंटेंट याकूब मेमन ने ही मुंबई के भीड़ भरे इलाकों में श्रृंखलाबद्ध हमले करके सैकड़ों लोगों को मौत के घाट उतारा था। याकूब मेमन भारत के मोस्ट वांटेड डॉन टाइगर मेमन का भाई है।
- याकूब का पूरा नाम याकूब अब्दुल रज्जाक मेमन है जो कि इंदिरा गांधी ओपन यूनिवर्सिटी से मास्टर्स की पढाई कर रहा है। पिछले साल याकूब मेमन ने एमए की द्वितीय वर्ष की परीक्षा दी है।
- याकूब ने 2013 में इग्नू से अंग्रेजी में पोस्ट ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल की है। इसके बाद याकूब पॉलिटिकल साइंस में फिर से पोस्ट ग्रेजुएशन कर रहा है।
- मुंबई में 12 मार्च 1993 को सिलसिलेवार 12 धमाके हुए थे, जिसमें 257 लोगों की मौत हुई थी। इस ब्लास्ट में कथित रूप से दाउद इब्राहिम, टाइगर मेमन और उसके भाई अयूब मेमन मुख्य षड़यंत्रकारी थे और इन्हें मोस्ट वांटेड अपराधी घोषित कर दिया गया था।
- 27 जुलाई 2007 को टाडा कोर्ट ने याकूब को आपराधिक साजिश का दोषी करार देते हुए सजा-ए-मौत सुनाई थी। इसके बाद उसने बॉम्बे हाईकोर्ट, सुप्रीम कोर्ट और राष्ट्रपति तक के पास अपील की लेकिन उसे राहत नहीं मिली।
- धमाकों के मास्टरमाइंड टाइगर मेमन के भाई याकूब के वकीलों ने अदालत में दलील थी कि वह सिर्फ
- धमाकों की साजिश में शामिल था लेकिन धमाकों को अंजाम देने में शामिल नहीं था।इस मामले में विशेष टाडा कोर्ट ने 10 अन्य दोषियों को मौत की सजा सुनाई थी लेकिन उसे सुप्रीम कोर्ट ने उम्र कैद में बदल दिया।
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