मुंबई: महाराष्ट्र में गेमचेंजर साबित हुई महायुति सरकार की लाडली बहना योजना के लाभार्थियों के लिए अच्छी खबर है। अब इस योजना के तहत नवंबर दिसंबर की राशि एक साथ लाभार्थियों के खाते में ट्रांसफर की जाएगी। नवंबर 2025 की निर्धारित ₹1,500 की किस्त अब तक लाभार्थियों के बैंक खातों में ट्रांसफर नहीं की गई है। सरकार अब नवंबर और दिसंबर, दोनों महीनों की कुल ₹3,000 राशि एक साथ जमा करने की तैयारी कर रही है। 7 दिसंबर तक नई किस्त न आने से कई महिलाओं ने यह आशंका जताई कि कहीं उनके KYC दस्तावेजों में कमी के कारण भुगतान न अटक गया हो।
अब 17वीं और 18वीं किस्त एक साथ
योजना के अनुसार दिसंबर में लाड़ली बहनों के खातों में 17वीं किस्त आनी थी। लेकिन नवंबर का भुगतान लंबित होने के कारण अब 17 वीं और 18वीं किश्त एक साथ जोड़कर लाभार्थियों के खाते में ट्रांसफर की जाएगी। एक लाभार्थी महिला ने बताया— “हर महीने पहले हफ्ते में 1500 रुपये आ जाते थे, लेकिन इस बार दिसंबर में अब तक पैसा नहीं आया है।”
KYC अनिवार्य, 31 दिसंबर अंतिम तिथि
राज्य की महिला एवं बाल विकास मंत्री अदिति तटकरे ने स्पष्ट किया है कि 31 दिसंबर 2025 तक हर लाभार्थी महिला को अपना KYC पूरा कराना अनिवार्य है।
KYC पूरा न होने पर आगामी किस्तों का भुगतान रोका जाएगा। महिला एवं बाल विकास विभाग के एक अधिकारी के अनुसार—कई बैंक खातों का KYC अपडेट न होने से भुगतान रोका गया है। अब योजना है कि दिसंबर के अंतिम सप्ताह में सीधे दो महीने की राशि भेजी जाए।
चुनावी आचार संहिता के बीच सरकार की सावधानी
राज्य में इस समय स्थानीय निकाय चुनाव चल रहे हैं और इसके परिणाम 21 दिसंबर को आएंगे। अधिकारियों का कहना है कि सरकार भुगतान की घोषणा और ट्रांसफर दोनों ही मामलों में आचार संहिता का ध्यान रखना चाहती है।
क्या महायुति को मिलेगा चुनावी फायदा?
लाड़ली बहना योजना की शुरुआत विधानसभा चुनाव 2024 से पहले एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली सरकार ने की थी। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, इस योजना से महायुति को चुनाव में लाभ मिला था। अब दिसंबर में दो महीने की राशि एक साथ मिलने से महायुति को राजनीतिक लाभ मिल सकता है।