Sakat Chauth 2026 Moon Rise Time Live: सकट चौथ का चांद निकल गया या नहीं, अगर चांद नहीं दिखे तो क्या करें
Sakat Chauth 2026 Puja Vidhi, Muhurat, Moon Rise Time Live: सकट चौथ का व्रत 6 जनवरी 2026, मंगलवार को है। ये व्रत माताएं अपनी संतान की लंबी आयु और खुशहाल जीवन की कामना से रखती हैं। यहां हम आपको बताएंगे सकट व्रत की पूजा विधि, मुहूर्त, मंत्र, कथा, आरती समेत सारी जानकारी।

Sakat Chauth 2026 Puja Vidhi, Muhurat, Moon Rise Time Live: सकट चौथ व्रत को संकष्टी चतुर्थी व्रत, माघी चतुर्थी, संकट चौथ, तिल चौथ, तिलकुट चौथ और महाराष्ट्र में लम्बोदर संकष्टी चतुर्थी के नाम से जाना जाता है। मान्यताओं अनुसार इस व्रत को रखने से जीवन के सारे कष्ट दूर हो जाते हैं और भगवान गणेश की विशेष कृपा प्राप्त होती है। वहीं महिलाएं ये व्रत मुख्य रूप से अपनी संतानों की लंबी आयु के लिए रखती हैं। ये व्रत निर्जला या फलाहार का सेवन करते हुए कैसे भी रखा जा सकता है। व्रत की शुरुआत सूर्योदय से होती है और समापन चंद्रोदय के बाद होता है। इस व्रत का मुख्य प्रसाद तिल और गुड़ के लड्डू, काली गाजर और शकरकंद होता है। यहां आप जानेंगे सकट चौथ से जुड़ी हर एक जानकारी।
सकट चौथ का चांद कितने बजे दिखेगा 2026 (Sakat Chauth Ka Chand Kab Dikhega 2026)
सकट चौथ का चांद रात 8 बजकर 54 मिनट पर दिखने की पूरी उम्मीद है। शहर अनुसार चांद दिखने के समय में थोड़ा-बहुत अंतर देखने को मिल सकता है।
सकट चौथ 2026 की पूजा विधि (Sakat Chauth 2026 Puja Vidhi)
- सकट चौथ की पूजा शाम में की जाती है।
- शाम के समय आप स्नान करके स्वच्छ वस्त्र पहनें।
- फिर एक चौकी पर लाल वस्त्र बिछाकर उस पर भगवान गणेश की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें।
- फिर भगवान गणेश को दूर्वा, रोली, अक्षत, तिल-गुड़ से बने तिलकुट का भोग अर्पित करें।
- साथ में भगवान को गन्ना, काली गाजर और शकरकंद का भोग भी लगाएं।
- सकट चौथ की कथा जरूर सुनें।
- रात में चंद्रमा का उदय होने पर चांद की पूजा-अर्चना करें और जल, दूध और अक्षत मिलाकर अर्घ्य चढ़ाएं।
- चांद की पूजा के बाद तिलकुट का प्रसाद खाकर अपना व्रत खोल लें।
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Live updates : Sakat Chauth 2026 Puja Vidhi Live
- January 06, 2026 9:06 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
दिल्ली में चांद निकला क्या?
दिल्ली में चांद अभी नहीं निकला है। पटना, वाराणसी, कोलकाता में चांद दिखाई दे गया है।
- January 06, 2026 8:39 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Today Moonrise Time In Ludhiana: लुधियाना में चांद कब दिखेगा
लुधियाना में चांद रात 8 बजकर 57 मिनट पर दिखने की पूरी उम्मीद है।
- January 06, 2026 8:31 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Moon Time In Noida: नोएडा में चांद कब दिखेगा
नोएडा में चांद रात 8 बजकर 54 मिनट पर दिखाई देगा।
- January 06, 2026 8:19 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Chand Nikalne Par Kya Karna Hai: चांद निकलने पर क्या करना है
सकट चौथ का चांद जब निकल आए तो पूजा की थाली लेकर चांद के दर्शन करें। पहले चांद को अर्घ्य दें। फिर धूप-दीप दिखाएं। इसके बाद भोग लगाएं। फिर अपना व्रत खोल लें।
- January 06, 2026 7:58 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Moon Rise Time Today In Faridabad: फरीदाबाद में चांद कब निकलेगा
फरीदाबाद में चांद रात 8 बजकर 54 मिनट पर दिखाई देगा।
- January 06, 2026 7:41 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Live Moon Time Today In Gurgaon: गुरुग्राम में चांद निकलने का समय
पंचांग अनुसार गुरुग्राम में चांद रात 8 बजकर 55 मिनट पर दिखाई देने की पूरी उम्मीद है।
- January 06, 2026 7:24 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Live Moon Today in Bangalore: बेंगलुरु में चांद कितने बजे निकलेगा
बेंगलुरु में चांद रात 9 बजकर 10 मिनट पर निकलने की पूरी उम्मीद है। इससे पहले पूजा संपन्न कर लें। जिससे चांद निकलते ही आप अपना व्रत खोल सकें।
- January 06, 2026 7:08 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Chauth 2026 Live: दो तरीके से खोल सकते हैं सकट चौथ का व्रत
सकट चौथ का व्रत तारों को देखकर भी खोला जाता है और चांद को देखकर भी। आपके यहां जो परंपरा है उसी के अनुसार ये व्रत खोलें।
- January 06, 2026 6:53 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Star Rise Time Today: आज तारों के निकलने का समय क्या रहेगा?
आज तारे निकलने का समय शाम 7 बजे का है वहीं चांद का दीदार रात 9 बजे के करीब होगा।
- January 06, 2026 6:28 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Chand Kitne Baje Dikhega, 6 Jan 2026: आज चांद कितने बजे दिखेगा
कोलकाता - 08:15 पी एम
मुंबई - 09:23 पी एम
जयपुर - 09:02 पी एम
गाजियाबाद - 08:53 पी एम
रांची - 08:27 पी एम
जम्मू - 08:59 पी एम
कोटा - 09:04 पी एम
नोएडा - 08:54 पी एम
- January 06, 2026 6:15 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
सकट चौथ व्रत किस हिंदू तिथि पर पड़ता है?
सकट चौथ व्रत माघ कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को पड़ता है। ये साल की सबसे बड़ी चतुर्थी मानी जाती है।
- January 06, 2026 6:01 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
सकट चौथ माता की आरती (Sakat Chauth Mata Ki Aarti)
ओम जय श्री चौथ मैया, बोलो जय श्री चौथ मैया।
सच्चे मन से सुमिरे, सब दुःख दूर भया।। ओम जय श्री चौथ मैया
ऊंचे पर्वत मंदिर, शोभा अति भारी ।
देखत रूप मनोहर, असुरन भयकारी।। ओम जय श्री चौथ मैया
महासिंगार सुहावन, ऊपर छत्र फिरे।
सिंह की सवारी सोहे, कर में खड्ग धरे।। ओम जय श्री चौथ मैया
बाजत नौबत द्वारे, अरु मृदंग डैरु।
चौसठ जोगन नाचत, नृत्य करे भैरू।।ओम जय श्री चौथ मैया
बड़े बड़े बलशाली, तेरा ध्यान धरे ।
ऋषि मुनि नर देवा, चरणो आन पड़े।। ओम जय श्री चौथ मैया
चौथ माता की आरती, जो कोई सुहगन गावे।
बढ़त सुहाग की लाली, सुख सम्पति पावे।।ओम जय श्री चौथ मैया।
- January 06, 2026 5:47 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Chauth 2026: सकट चौथ व्रत के पारण में क्या खा सकते हैं?
सकट चौथ व्रत के पारण में आप शकरकंद, गाजर और तिलकुट का सेवन जरूर करें। इस व्रत में इन चीजों को जरूर ग्रहण किया जाता है।
- January 06, 2026 5:32 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Chauth 2026 Paran Time: सकट चौथ व्रत 2026 पारण का समय
सकट चौथ व्रत का पारण चंद्रोदय के बाद किया जाता है। 6 जनवरी को चंद्रोदय रात 8 बजकर 54 मिनट पर होगा। अलग-अलग शहरों में चांद निकलने का समय थोड़ा आगे-पीछे भी हो सकता है।
- January 06, 2026 5:19 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Chauth Ka Chand: सकट चौथ पर चांद न दिखाई दे तो क्या करें?
अगर आसमान में बादल हों या चांद दिखना संभव न हो तो मानसिक रूप से चंद्रमा का ध्यान करके अर्घ्य दे सकते हैं। चांद की दिशा की ओर मुख करके जल अर्पित करें। या फिर चंद्रमा के चित्र, कलश में जल या दीपक को चंद्र का प्रतीक मानकर भी पूजा कर सकते हैं। जल में कच्चा दूध, अक्षत और सफेद फूल डालकर अर्घ्य दें।
- January 06, 2026 5:04 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Chauth 2026: सकट चौथ को किन-किन नामों से जाना जाता है?
सकट चौथ को संकट चौथ, संकष्टी चतुर्थी, तिल-कुटा चौथ, वक्र-तुण्डि चतुर्थी तथा माघी चौथ के नाम से भी जाना जाता है।
- January 06, 2026 4:24 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Ka Vrat Kyon Rakhte Hain: सकट का व्रत क्यों रखते हैं?
सकट का व्रत बच्चों के लिए रखा जाता है। कहते हैं इस व्रत को रखने से बच्चों के जीवन की सारी परेशानियां दूर हो जाती हैं।
- January 06, 2026 3:55 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
सकट चौथ पूजा विधि (Sakat Chauth Puja Vidhi)
- सकट चौथ व्रत वाले दिन सुबह सूर्योदय से पहले उठकर स्नान करें और फिर साफ वस्त्र पहनें।
- संभव हो तो इस दिन लाल रंग के वस्त्र पहनें।
- स्नान के बाद आप पूजा आरंभ करें और हाथ में अक्षत और फूल लेकर व्रत का संकल्प लें।
- इसके बाद भगवान गणेश को ये अक्षत और पुष्प चढ़ा दें।
- पूजा के स्थान पर गुड़ और तिल के लड्डू, शकरकंद, धूप, चंदन, तांबे के एक कलश में जल और मौसमी फल जरूर रखें।
- पूजा के स्थान पर माता दुर्गा की प्रतिमा भी जरूर रखें।
- इस व्रत की मुख्य पूजा शाम में होती है इसलिए शाम की पूजा से पहले फिर से स्नान कर लें।
- फिर भगवान की प्रतिमा के समक्ष घी का दीपक जलाएं।
- देवी-देवताओं को तिलक लगाएं और जल अर्पित करें।
- भगवान गणेश के मंत्रों का जाप करें। फिर सकट चौथ की कथा सुनें।
- कथा के बाद भगवान गणेश की आरती करें और उन्हें भोग लगाएं।
- फिर रात में चांद को अर्घ्य देकर भोग लगाएं।
- चांद की पूजा के बाद अपना व्रत खोल लें।
- January 06, 2026 3:35 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Chauth 2026: सकट चौथ का अचूक उपाय
अगर आप नौकरी में उच्च पद की प्राप्ति करना चाहते हैं, तो सकट चौथ के दिन आठ मुखी रुद्राक्ष की विधिवत पूजा करके गले में धारण करें।
- January 06, 2026 3:11 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
सकट चौथ व्रत का महत्व
सकट चौथ का व्रत रखने से संतान के जीवन से सभी तरह के संकट नष्ट हो जाते हैं और संतान प्राप्ति का आशीर्वाद मिलता है। ये व्रत जीवन में खुशहाली लाता है।
- January 06, 2026 2:20 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Chauth Vrat Mein Kya Khana Chahiye: सकट चौथ व्रत में क्या खाना चाहिए
सकट चौथ व्रत में अन्न का सेवन नहीं किया जाता है। इस व्रत में सिर्फ फलाहारी भोजन ही ग्रहण किया जाता है। जैसे आप शकरकंद, आलू, टमाटर, तिल के लड्डू खा सकते हैं।
- January 06, 2026 1:42 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
सकट चौथ माता की आरती (Sakat Chauth Mata Ki Aarti)
- ओम जय श्री चौथ मैया, बोलो जय श्री चौथ मैया।
- सच्चे मन से सुमिरे, सब दुःख दूर भया।। ओम जय श्री चौथ मैया
- ऊंचे पर्वत मंदिर, शोभा अति भारी ।
- देखत रूप मनोहर, असुरन भयकारी।। ओम जय श्री चौथ मैया
- महासिंगार सुहावन, ऊपर छत्र फिरे।
- सिंह की सवारी सोहे, कर में खड्ग धरे।। ओम जय श्री चौथ मैया
- बाजत नौबत द्वारे, अरु मृदंग डैरु।
- चौसठ जोगन नाचत, नृत्य करे भैरू।।ओम जय श्री चौथ मैया
- बड़े बड़े बलशाली, तेरा ध्यान धरे ।
- ऋषि मुनि नर देवा, चरणो आन पड़े।। ओम जय श्री चौथ मैया
- चौथ माता की आरती, जो कोई सुहगन गावे।
- बढ़त सुहाग की लाली, सुख सम्पति पावे।।ओम जय श्री चौथ मैया।
- January 06, 2026 1:20 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
सकट चौथ पूजा सामग्री (Sakat Chauth Puja Samagri)
गणेश जी की प्रतिमा, लाल फूल, 21 गांठ दूर्वा, लकड़ी की चौकी जिस पर गणेश भगवान की प्रतिमा स्थापित करेंगे, जनेऊ, सुपारी, पान का पत्ता, पीला कपड़ा चौकी पर बिछाने के लिए, गाय का घी, दीप, धूप, गंगाजल, मेहंदी, सिंदूर, लौंग, रोली, अबीर, गुलाल, इलायची, अक्षत, हल्दी, मौली, गंगाजल, 11 या 21 तिल के लड्डू, मोदक, फल, कलश, चंद्रमा को अर्घ्य देने के लिए दूध, चीनी, इत्र और सकट चौथ कथा पुस्तक।
- January 06, 2026 1:02 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
सकट चौथ के दिन करें ये उपाय
अगर आप अपने बच्चों के जीवन की गति को बनाये रखना चाहते हैं, तो सकट चौथ के दिन भगवान गणेश की पूजा के समय एक हल्दी की गांठ लें और उसे कलावे से बांधकर पूजा स्थल पर रख दें। पूजा समाप्त होने के बाद उस हल्दी की गांठ को पानी की सहायता से पीस लें और उससे बच्चे के मस्तक पर तिलक लगाएं।
- January 06, 2026 12:34 PM (IST) Posted by Laveena Sharma
सकट चौथ पर चांद निकलने का समय 2026 (Sakat Chauth 2026 Moon Time)
- नई दिल्ली - 08:54 पी एम
- लखनऊ - 08:41 पी एम
- रांची - 08:27 पी एम
- जम्मू - 08:59 पी एम
- कोटा - 09:04 पी एम
- नोएडा - 08:54 पी एम
- पटना - 08:25 पी एम
- कोलकाता - 08:15 पी एम
- मुंबई - 09:23 पी एम
- जयपुर - 09:02 पी एम
- गाजियाबाद - 08:53 पी एम
- January 06, 2026 11:34 AM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Chauth: सकट चौथ 2026 पर बने कई शुभ योग
साल 2026 की सकट चौथ पर अनेक शुभ और दुर्लभ संयोगों का निर्माण हो रहा है जिससे इस दिन का महत्व कई गुना बढ़ जाएगा। बता दें कि इस दिन प्रीति योग बना है। इसके अलावा धनु राशि में कई बड़े ग्रह जैसे सूर्य, बुध, मंगल और शुक्र एक साथ मौजूद हैं। ऐसे में, चार ग्रहों के एक साथ होने पर चतुर्ग्रही योग, लक्ष्मी नारायण योग और बुधादित्य योग का निर्माण हुआ है। जिससे सकट चौथ व्रत की शुभता में वृद्धि हो गई है।
- January 06, 2026 10:44 AM (IST) Posted by Laveena Sharma
सकट चौथ व्रत कथा साहूकार-साहूकारनी वाली (Sakat Chauth Vrat Katha)
सकट चौथ की कथा अनुसार एक नगर में साहूकार और साहूकारनी रहते थे। उनका धर्म-कर्म के कार्यों में बिल्कुल भी मन नहीं लगता था। इसके कारण उनकी कोई संतान भी नहीं थी। एक दिन साहूकारनी किसी कारण से पड़ोसी के घर गयी। उसने देखा पड़ोसन सकट चौथ की पूजा करके कहानी सुना रही थी।
साहूकारनी ने पड़ोसन से पूछा ये तुम क्या कर रही हो? तब पड़ोसन ने कहा कि आस सकट चौथ का व्रत है जिसकी मैं कहानी सुना रही हूं। तब साहूकारनी ने पूछा कि सकट क्या होता है? तब पड़ोसन ने उसे बताया कि इस व्रत को करने से अन्न, धन, सुहाग और पुत्र सब मिलता है। साहूकारनी बोली यदि ऐसा है तो मैं सवा सेर तिलकुट करूंगी और चौथ का व्रत भी करूंगी। अगर मैं गर्भवती हो जाती हूं।
श्री गणेश भगवान की कृपया से साहूकारनी गर्भवती हो गई। इसके बाद उसकी इच्छाएं ओर भी ज्यादा बढ़ गई और वो भगवान से कहने लगी कि अगर मेरे लड़का हो जाये, तो में ढाई सेर तिलकुट करूंगी। कुछ दिन बाद उसे लड़का हो गया। इसके बाद वो बोली हे चौथ भगवान! मेरे बेटे का विवाह हो जाए बस, तो मैं सवा पांच सेर का तिलकुट करूंगी।
कुछ वर्षो बाद भगवान गणेश की कृपा से उसका विवाह भी तय हो गया। लेकिन इतने सब के बावजूद उस साहूकारनी ने तिलकुट नहीं किया जिससे चौथ देव क्रोधित हो गये और उन्होंने उसके बेटे को विवाह मंडप से उठाकर पीपल के पेड़ पर बिठा दिया। सभी लोग वर को खोजने लगे पर वो नहीं मिला। इधर जिस लड़की से साहूकारनी के लड़के का विवाह होने वाला था, वह अपनी सहेलियों के साथ गणगौर पूजने के लिए जंगल में दूब लेने के लिए निकली।
तभी रास्ते में उस लड़की को पीपल के पेड़ से आवाज आई: ओ मेरी अर्धब्यहि! यह सुनकर जब लड़की घर आयी तो वह धीरे-धीरे सूख कर कांटा होने लगी। एक दिन लड़की की मां ने कहा कि तू सूखती क्यों जा रही है? मैं तो तुझे अच्छा खाना खिलाती हूं, तेरा खास ख्याल रखती हूं लेकिन समझ नहीं आ रहा कि तेरा ये हाल क्यों हो गया है। तब लड़की बोली कि वह जब भी दूब लेने जंगल जाती है, तो पीपल के पेड़ से कोई आदमी बोलता है कि ओ मेरी अर्धब्यहि।
उसने अपनी माता को बताया कि उस लड़के ने मेहंदी लगा राखी है और सेहरा भी बांध रखा है। तब उसकी मां पीपल के पेड़ के पास पहुंची और उसने देखा कि ये यह तो उसका जमाई ही है। मां ने जमाई से कहा: यहां क्यों बैठे हैं? मेरी बेटी तो अर्धब्यहि कर दी। साहूकारनी का बेटा बोला मेरी मां ने चौथ का तिलकुट बोला था लेकिन नहीं किया जिसकी सजा मुझे मिल रही है।
यह सुनकर उस लड़की की मां साहूकारनी के घर गई और उससे पूछा कि तुमने सकट चौथ का कुछ बोला है क्या? तब साहूकारनी ने उसे सारी बात बता दी। साहूकारनी को अपनी गलती समझ आ गई और फिर उसने सच्चे मन से भगवान गणेश से कहा कि मेरा बेटा घर आजाये, तो ढाई मन का तिलकुट करूंगी। ये सुन सकट भगवान प्रसंन हो गए और उसके बेटे मंडप पर लाकर बैठा दिया। इसके बेटे का विवाह धूम-धाम से हो गया। जब साहूकारनी के बेटा-बहू घर आए तब साहूकारनी ने ढाई मन तिलकुट किया और बोली हे चौथ देवता आप के आशीर्वाद से मेरे बेटा-बहू घर आ गए हैं। अत: अब से मैं हमेशा तिलकुट करके व्रत करूंगी।
हे सकट चौथ भगवान जिस तरह से आपने साहूकारनी को बेटे-बहू से मिलवाया, वैसे ही हम सब को मिलवाना और इस कथा को कहने सुनने वालों का भला करना। बोलो सकट चौथ की जय। श्री गणेश देव की जय।
- January 06, 2026 10:03 AM (IST) Posted by Laveena Sharma
सकट चौथ मंत्र (Sakat Chauth Mantra)
1. ॐ गं गणपतये नमः
2. त्रयीमयायाखिलबुद्धिदात्रे बुद्धिप्रदीपाय सुराधिपाय।
नित्याय सत्याय च नित्यबुद्धि नित्यं निरीहाय नमोस्…
3. गणपूज्यो वक्रतुण्ड एकदंष्ट्री त्रियम्बक:।
नीलग्रीवो लम्बोदरो विकटो विघ्रराजक :।।
धूम्रवर्णों भालचन्द्रो दशमस्तु विनायक:।
गणपर्तिहस्तिमुखो द्वादशारे यजेद्गणम।। - January 06, 2026 9:32 AM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Chauth Aarti: सकट चौथ की आरती
- जय गणेश जय गणेश,
- जय गणेश देवा ।
- माता जाकी पार्वती,
- पिता महादेवा ॥
- एक दंत दयावंत,
- चार भुजा धारी ।
- माथे सिंदूर सोहे,
- मूसे की सवारी ॥
- जय गणेश जय गणेश,
- जय गणेश देवा ।
- माता जाकी पार्वती,
- पिता महादेवा ॥
- पान चढ़े फल चढ़े,
- और चढ़े मेवा ।
- लड्डुअन का भोग लगे,
- संत करें सेवा ॥
- जय गणेश जय गणेश,
- जय गणेश देवा ।
- माता जाकी पार्वती,
- पिता महादेवा ॥
- अंधन को आंख देत,
- कोढ़िन को काया ।
- बांझन को पुत्र देत,
- निर्धन को माया ॥
- जय गणेश जय गणेश,
- जय गणेश देवा ।
- माता जाकी पार्वती,
- पिता महादेवा ॥
- 'सूर' श्याम शरण आए,
- सफल कीजे सेवा ।
- माता जाकी पार्वती,
- पिता महादेवा ॥
- जय गणेश जय गणेश,
- जय गणेश देवा ।
- माता जाकी पार्वती,
- पिता महादेवा ॥
- दीनन की लाज रखो,
- शंभु सुतकारी ।
- कामना को पूर्ण करो,
- जाऊं बलिहारी ॥
- जय गणेश जय गणेश,
- जय गणेश देवा ।
- माता जाकी पार्वती,
- पिता महादेवा ॥
- January 06, 2026 9:11 AM (IST) Posted by Laveena Sharma
Sakat Chauth 2026 Vrat Katha: सकट चौथ की कथा
गणेश जी की कहानी अनुसार एक बुढ़िया माई थी जो नियमित रूप से मिट्टी के गणेश जी की पूजा किया करती थी। लेकिन उसकी परेशानी ये थी कि वो रोज मिट्टी के गणेश बनाए और वो रोज ही गल जाए। उसके घर के पास ही एक सेठ जी का मकान बन रहा था। बुढ़िया मकान बनाने वाले मिस्त्री के पास जाकर बोली मेरा पत्थर का गणेश बना दो। मिस्त्री बोले। जितने में हम तेरा पत्थर का गणेश घड़ेंगे उतने में अपनी दीवार ना चिनेंगे।
बुढ़िया क्रोधित हो गई और बोली राम करे तुम्हारी दीवार टेढ़ी हो जाए। इसके बाद उनकी दीवार टेढ़ी हो गई। अब मिस्त्री बार-बार दीवार चिनें और ढा देवें, चिने और ढा देवें। यही काम करते-करते शाम हो गई। शाम को जब सेठ जी आए तो उन्होंने पूछा कि आज कुछ भी नहीं किया। तब एक मिस्त्री ने बताया कि एक बुढ़िया आई थी वो कह रही थी मेरा पत्थर का गणेश बना दो, हमने उसकी बात नहीं मानी तो उसने कहा तुम्हारी दीवार टेढ़ी हो जाए। तब से ये दीवार सीधी बन ही नहीं रही है।
मिस्त्री की बात सुनकर सेठ ने बुढ़िया बुलवाई और कहा हम तेरा सोने का गणेश गढ़ देंगे। बस हमारी दीवार सीधी कर दो। सेठ ने बुढ़िया को सोने का गणेश गढ़ा दिया। जिसके बाद सेठ की दीवार सीधी हो गई। हे गणेश बगवान जैसे सेठ की दीवार सीधी की वैसी सबकी करना।