A
Hindi News वायरल न्‍यूज भारत के बॉस vs जापान के बॉस, छुट्टी मांगने पर कैसे रिएक्ट करते हैं दोनों; वायरल पोस्ट पर छिड़ी बहस

भारत के बॉस vs जापान के बॉस, छुट्टी मांगने पर कैसे रिएक्ट करते हैं दोनों; वायरल पोस्ट पर छिड़ी बहस

Viral Post: सोशल मीडिया पर एक पोस्ट पर यूजर्स के बीच बहस छिड़ी है, जिसमें भारत और जापान के बॉस की तुलना की गई है। इस पोस्ट में यूजर्स ने भारतीय कार्य संस्कृति पर प्रतिक्रिया दी है।

India VS Japan - India TV Hindi Image Source : PEXELS वर्क कल्चर।

Viral Post: सोशल मीडिया पर कॉरपोरेट जगत में वर्क कल्चर को लेकर प्राय: सवाल उठते रहते हैं। ऐसे में कई लोग अपने—अपने अनुभवों को प्रत्यक्ष  तौर पर खुलकर सबके सामने रखते हैं। इसी कल्चर पर एक बहस छिड़ी है उस वायरल रेडिट पोस्ट पर जिसें बताया गया है कि भारत और जापान के बॉस छुट्टी मांगने पर कैसी प्रतिक्रिया देते हैं। दरअसल, एक वायरल रेडिट पोस्ट में कर्मचारी ने अपना अनुभव शेयर किया जिसमें विभिन्न संस्कृतियों के पेशेवरों के साथ काम करने के बारे में बात की गई थी। यूजर ने 'एक जापानी मैनेजर और एक भारतीय मैनेजर के बीच अंतर' शीर्षक से दो स्क्रीनशॉट साझा किए जो कि काफी वायरल हो रहे हैं। 

स्क्रीनशॉट में देखें दोनों के जवाब 

रेडिटर ने लिखा कि, 'मुझे कुछ जरूरी काम से अपने होमटाउन वापस जाना था और मेरे पास अभी कम से कम 7 रिपोर्टिंग मैनेजर बचे हैं। मेरे दो रिपोर्टिंग मैनेजर हैं। एक जापानी है और दूसरा भारतीय। हालांकि दोनों ने मेरी छुट्टी मंजूर कर ली, लेकिन उनके व्यवहार में काफी अंतर है। भारतीय ऐसा व्यवहार कर रहा है मानो मेरी छुट्टी मंज़ूर करके वह मुझ पर कोई एहसान कर रहा हो।' जापानी मैनेजर का जवाब विनम्र और सहानुभूतिपूर्ण था- 'शुभ दिन!! अच्छी बात है। कृपया घर जाते समय सावधानी बरतें। धन्यवाद।' 

Image Source : r/IndianWorkplaceजापानी मैनेजर का जवाब।

भारतीय मैनेजर का जवाब संक्षिप्त और व्यवहारिक था: 'मंजूरी स्वीकृत। कृपया टीम्स और मेल पर ऑनलाइन रहें।' 

Image Source : r/IndianWorkplaceभारतीय मैनेजर का जवाब।

कर्मचारी ने भारतीय प्रबंधक के जवाब पर निराशा व्यक्त की तथा महसूस किया कि छुट्टी की स्वीकृति अर्जित अधिकार के बजाय 'व्यक्तिगत उपकार' लगी, जबकि उसके पास कई कैजुअल लीव थीं। 

यूजर्स ने दी प्रतिक्रियाएं 

पोस्ट पर कई यूजर्स ने अपनी बात रखी जिनमें से कुछ लोग इस तुलना से असहमत थे और उन्होंने टिप्पणी की कि अन्य एशियाई देशों के प्रबंधक भी उतने ही टॉक्सिक हैं। एक यूजर ने लिखा​ कि, 'यूरोपीय लोगों का वर्क कल्चर सबसे अच्छा है और उनके लिए वर्क-लाइफ बैलेंस किसी भी अन्य चीज से ज़्यादा महत्वपूर्ण है। मैंने उन्हें 20-25 दिनों की छुट्टियों पर जाते देखा है। मैं उनके साथ लगभग 2 साल से काम कर रहा हूं और वे हर चीज़ को लेकर बहुत सहज हैं और बहुत मददगार और सहयोगी हैं। भारत में इसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती।' दूसरे ने लिखा कि, 'मुझे लगता है कि जापान, चीन और फिलीपींस की कार्य संस्कृति बहुत ज़्यादा टॉक्सिक है।' एक तीसरे ने कहा, 'मेरा मानना ​​है कि जापानी प्रबंधक दूसरे देशों की कार्य संस्कृति को जल्दी अपना लेते हैं, जबकि भारतीय प्रबंधक अक्सर अपनी टॉक्सिक कार्य संस्कृति अपने साथ लाते हैं और उसे दूसरे देशों में भी अपनाते हैं।' 
नोट: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया पर किए गए दावों पर आधारित है। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रमाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।

ये भी पढ़ें-
Video: लंदन में छा गई कोलकाता की झालमुड़ी ! ब्रिटिश शेफ ने भारत में रहकर सीखी रेसिपी और अब विदेशों में चखा रहे इसका स्वाद 

Video: दुल्हन के सामने दूल्हे ने किया ऐसा खतरनाक डांस, देखकर यूजर्स बोले-'मौत आए लेकिन ऐसा कॉन्फिडेंस ना आए'