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Hindi News दिल्ली राशन माफिया के तार बहुत ऊपर तक, अगर घर-घर राशन व्यवस्था लागू हो जाती तो माफिया खत्म हो जाता- केजरीवाल

राशन माफिया के तार बहुत ऊपर तक, अगर घर-घर राशन व्यवस्था लागू हो जाती तो माफिया खत्म हो जाता- केजरीवाल

दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने राशन व्यवस्था पर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपना पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार ने एक बार नहीं पांच-पांच बार केंद्र सरकार से अप्रूवल लिया।

Ration Mafia have high links says Arvind Kejriwal राशन माफिया के तार बहुत ऊपर तक, अगर घर-घर राशन व्य- India TV Hindi Image Source : PTI राशन माफिया के तार बहुत ऊपर तक, अगर घर-घर राशन व्यवस्था लागू हो जाती तो माफिया खत्म हो जाता- केजरीवाल

नई दिल्ली. दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने राशन व्यवस्था पर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपना पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार ने एक बार नहीं पांच-पांच बार केंद्र सरकार से अप्रूवल लिया। दिल्ली सरकार ने केंद्र सरकार के सारे ऑब्जेक्शन खत्म किए, हमने स्कीम से नाम भी हटा दिया। इसके बाद भी हमसे कहा गया कि हमने केंद्र सरकार की परमिशन नहीं लिया। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि राशन माफिया के तार बहुत ऊपर तक, अगर घर-घर राशन व्यवस्था लागू हो जाती तो माफिया खत्म हो जाता है। केजरीवाल ने कहा, "सर, अगर आप देश के राशन माफिया के साथ खड़े होंगे तो देश की गरीब जनता के साथ कौन खड़ा होगा।"

अरविंद केजरीवाल ने कहा कि केंद्र सरकार ने दो दिन पहले राशन योजना को रोक दिया। पिछले 75 सालों से देश की जनता राशन माफिया का शिकार होती आई है। राशन माफिया बहुत ताकतवर है। 75 साल में आजतक कोई सरकार इस माफिया को खत्म करने की हिम्मत नहीं कर पाई। अगर ये व्यवस्था लागू हो जाती तो ये राशन माफिया खत्म हो जाता लेकिन देखिए ये माफिया कितना ताकतवर है इसने एक हफ्ता पहले हमारी योजना को खारिज करवा दिया।

उन्होंने कहा कि हम केंद्र सरकार के साथ कोई विवाद नहीं चाहते थे इसलिए पांच पर केंद्र सरकार से अप्रवुल लिया। केंद्र सरकार के ऑब्जेक्शन पर योजना का नाम ही हटा दिया। लोग पूछ रहे हैं कि अगर देश में पीज्जा, बर्गर की होम डिलीवरी हो सकती है तो राशन की डिलीवरी क्यों नहीं हो सकती। सारा देश जानना चाहता है कि केंद्र सरकार ने ये योजना क्यों नहीं लागू होने दी। केंद्र सरकार को इन राशन वालों से इतनी हमदर्दी क्यों है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना काल में यह योजना सिर्फ दिल्ली में ही नहीं, बल्कि पूरे देश में लागू होनी चाहिए, क्योंकि राशन की दुकानें ‘सुपरस्प्रेडर’ (महामारी के अत्यधिक प्रसार वाली जगह) हैं।