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Hindi News भारत राष्ट्रीय पाकिस्तान में सत्ता परिवर्तन को महबूबा ने भारत के लिए बताया 'अच्छा', जानें मुफ्ती ने क्या कहा

पाकिस्तान में सत्ता परिवर्तन को महबूबा ने भारत के लिए बताया 'अच्छा', जानें मुफ्ती ने क्या कहा

पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) के अध्यक्ष शहबाज शरीफ को सोमवार को संसद ने निर्विरोध रूप से पाकिस्तान का नया प्रधानमंत्री चुन लिया है। शहबाज शरीफ पाकिस्तानी समय अनुसार रात 8:30 बजे प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे।

Mehbooba Mufti on political developments in Pakistan- India TV Hindi Image Source : PTI Mehbooba Mufti on political developments in Pakistan

Highlights

  • पाकिस्तान के नए प्रधानमंत्री चुने गए शहबाज
  • पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने दिया बयान
  • "पाकिस्तान में लोकतंत्र की जड़ें मजबूत हो रही"

श्रीनगर: पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) के अध्यक्ष शहबाज शरीफ को सोमवार को संसद ने निर्विरोध रूप से पाकिस्तान का नया प्रधानमंत्री चुन लिया है। शहबाज शरीफ पाकिस्तानी समय अनुसार रात 8:30 बजे प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे। पड़ोसी देश में सत्ता परिवर्तन होते ही जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री और पीडीपी अध्यक्ष का बड़ा बयान सामने आया है। महबूबा ने कहा कि पाकिस्तान में लोकतंत्र की जड़ें मजबूत हो रही हैं और पड़ोसी देश में राजनीतिक स्थिरता हमारे लिए अच्छी है।

बता दें कि नेशनल असेंबली में अविश्वास प्रस्ताव के बाद पाकिस्तानी संसद में शहबाज शरीफ को आज देश का नया प्रधानमंत्री चुन लिया गया है। इससे पहले प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवार पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी के शाह महमूद कुरैशी ने घोषणा की थी कि वह मतदान का बहिष्कार करेंगे और सदन से वॉकआउट कर गए। नेशनल असेंबली में कुरैशी के चुनाव के बहिष्कार के बाद शहबाज इस पद के लिए एक मात्र दावेदार बचे थे। जीत के लिए 342 सदस्यीय सदन में 172 सांसदों का समर्थन जरूरी था। 

इस दौरान तीन बार पूर्व प्रधानमंत्री रहे नवाज शरीफ के छोटे भाई शहबाज को 174 मत मिले जो 172 के साधारण बहुमत से दो ज्यादा है। शहबाज पाकिस्तान के 23वें प्रधानमंत्री हैं। वह तीन बार देश के सबसे अधिक आबादी वाले और राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण पंजाब प्रांत के मुख्यमंत्री रहे हैं। पूर्व राष्ट्रपति और पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) के सह-अध्यक्ष आसिफ अली जरदारी ने अविश्वास प्रस्ताव के जरिए हटाए गए इमरान खान की जगह लेने के लिए संयुक्त विपक्ष की बैठक में प्रधानमंत्री पद के लिए शहबाज के नाम का प्रस्ताव रखा था। 

सदन के नए नेता के चुनाव की प्रक्रिया रविवार को प्रधानमंत्री इमरान खान को अविश्वास मत के माध्यम से पद से हटाए जाने के बाद शुरू हुई। खान सदन का विश्वास खोने के बाद देश के इतिहास में पहले प्रधानमंत्री बने जिन्हें पद छोड़ना पड़ा। पाकिस्तान 1947 में अपने गठन के बाद से कई शासन परिवर्तन और सैन्य तख्तापलट के साथ राजनीतिक अस्थिरता से जूझ रहा है। किसी भी प्रधानमंत्री ने अब तक पूरे पांच साल का कार्यकाल पूरा नहीं किया है।

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