A
  1. Hindi News
  2. लाइफस्टाइल
  3. फीचर
  4. इस साल अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की थीम क्या है, जानिए 8 मार्च को ही क्यों मनाया जाता है वुमेन्स डे?

इस साल अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की थीम क्या है, जानिए 8 मार्च को ही क्यों मनाया जाता है वुमेन्स डे?

International Women's Day 2026: हर साल 8 मार्च के दिन अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाता है। आइए इसके इतिहास और इस साल की थीम के बारे में जानते हैं।

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 2026- India TV Hindi
Image Source : FREEPIK अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 2026

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि हर साल 8 मार्च के दिन को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के रूप में मनाया जाता है। साल 2026 में रविवार के दिन अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाएगा। इस दिन आपको भी अपने जान-पहचान की सभी महिलाओं को जरूर विश करना चाहिए। इस दिन न केवल महिलाओं के सम्मान को लेकर बल्कि उनकी उपलब्धियों और जेंडर इक्वालिटी को लेकर भी जागरूकता फैलाई जाती है। आइए अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के बारे में कुछ खास बातें जानते हैं।

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की थीम- क्या आपको अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की इस साल की थीम पता है? आपकी जानकारी के लिए बता दें कि अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 2026 की थीम, दान से लाभ है। अब आप सोच रहे होंगे कि इस थीम का मतलब क्या है? जब कोई किसी दूसरे की मदद करता है, तब किसी दूसरे के साथ-साथ मदद करने वाले व्यक्ति को भी फायदा होता है। इस थीम का मतलब ये है कि लोग अपने योगदान से जेंडर इक्वालिटी को बढ़ावा दे सकते हैं।

क्या है इस दिन का इतिहास- आइए अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के इतिहास के बारे में जानकारी हासिल करते हैं। कई साल पहले 1908 में न्यूयॉर्क में लगभग 15,000 महिलाओं ने काम के घंटे कम करने, बेहतर वेतन और वोट देने के अधिकार के लिए विरोध प्रदर्शन किया था। इस विरोध प्रदर्शन को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की नींव माना जा सकता है। इसके लगभग 2 साल बाद 1910 में क्लारा जेटकिन ने कोपेनहेगन में हुए एक सम्मेलन में 'अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस' को सेलिब्रेट करने की बात रखी। 1911 में पहली बार ऑस्ट्रिया, डेनमार्क, जर्मनी और स्विट्जरलैंड में महिला दिवस मनाया गया।

8 मार्च का दिन ही क्यों चुना गया- आइए अब इस सवाल का जवाब जानते हैं कि 8 मार्च के दिन ही अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस क्यों मनाया जाता है। दरअसल, 8 मार्च 1917 में रूसी महिलाओं ने ब्रेड एंड पीस यानी रोटी और शांति की डिमांड को लेकर ऐतिहासिक हड़ताल की थी। इस हड़ताल के बाद वहां की सरकार को महिलाओं को वोट देने का अधिकार देना पड़ा। यही वजह है कि ग्रेगोरियन कैलेंडर के मुताबिक 8 मार्च को महिला दिवस के तौर पर चूज किया। आपको बता दें कि 1975 में यूएन ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस को ऑफिशियली मान्यता दी और तब से अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस को वैश्विक स्तर पर 8 मार्च के दिन मनाया जाने लगा।

 

Latest Lifestyle News