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Hindi News मध्य-प्रदेश पूर्व किन्नर विधायक शबनम मौसी ने छुपा कर रखी पिस्टल, आचार संहिता के उल्लंघन का मामला दर्ज

पूर्व किन्नर विधायक शबनम मौसी ने छुपा कर रखी पिस्टल, आचार संहिता के उल्लंघन का मामला दर्ज

मध्य प्रदेश के शहडोल में सोहागपुर की पूर्व विधायक शबनम मौसी के खिलाफ आचार संहिता के उल्लंघन का मामला दर्ज किया गया है। शबनम मौसी को आचार संहिता लागू होने के बाद पुलिस ने पिस्टल जमा करने के लिए कई बार नोटिस दिए थे, लेकिन उन्होंने अपनी पिस्टल जमा नहीं की।

Shabnam Mousi- India TV Hindi Image Source : FILE PHOTO सोहागपुर की पूर्व विधायक शबनम मौसी

अनूपपुर: आज से 22 साल पहले यानि साल 2000 में देश की पहली किन्नर विधायक बनकर देश में इतिहास रचने वाली शहडोल के सोहागपुर की पूर्व विधायक शबनम मौसी आए दिन अपने कारनामों की वजह से चर्चा में बनी रहती हैं। अभी कुछ महीनों पहले ही वह एक वेल्डिंग दुकान संचालक की दुकान से उसका मोबाइल उठाकर ले आई थीं, जिसकी शिकायत थाने में हुई थी। इसके बाद एक ऑटो चालक से मारपीट कर सुर्खियां बटोरीं। अब  शबनम मौसी पर चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन का नया मामला कोतवाली अनूपपुर में दर्ज किया गया है। 

शबनम मौसी पर आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज

दरअसल, पूर्व विधायक शबनम मौसी पर विधानसभा चुनाव के दौरान अपनी पिस्टल जमा नहीं कराने का मामला है। इसपर पुलिस ने धारा 188 और 29, 30 आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। बता दें कि विधानसभा चुनाव की आचार संहिता लगने के बाद पुलिस ने शस्त्रधारियों को अपने-अपने शस्त्र जमा करने के लिए नोटिस जारी किया था। इसके बाद सभी शस्त्रधारियों ने अपने-अपने हथियार नजदीकी थानों में जमा कर दिए थे। 

सभी बन्दूकें जमा कराईं लेकिन पिस्टल नहीं

पूर्व विधायक सोहागपुर (शहडोल) क्षेत्र की शबनम मौसी के पास पिस्टल व एक 12 बोर की दोनाली बन्दूक है। इस नोटिस पर शबनम मौसी ने पिस्टल को छोंड़ कर अन्‍य सभी बन्दूकों को जमा करा दिया था, जिस पर पुलिस ने पिस्टल जमा करने के लिए कई बार नोटिस दिया था। इसके बाद भी शबनम मौसी ने शस्त्र जमा नहीं कराया। जिसके बाद उनका लाइसेंस निलंबित कर दिया गया था। सोमवार को इस मामले में थाना कोतवाली अनूपपुर में धारा 188 और 29, 30 आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।

14 से अधिक भाषाओं की जानकार हैं शबनम

गौरतलब है कि 66 साल की शबनम मौसी मध्यप्रदेश के शहडोल जिले के सोहागपुर निर्वाचन क्षेत्र से साल 2000 के उपचुनाव में निर्दलीय चुनी गई थीं। 14 से अधिक भारतीय भाषाओं की जानकार शबनम मौसी ने उस वक्त 44.08 प्रतिशत वोट हासिल करके भाजपा के उम्मीदवार को 17,863 मतों से हराया था। इसके बाद शबनम मौसी ने साल 2018 में भी विधानसभा चुनाव लड़ा था लेकिन हार गई थीं।

(रिपोर्ट- विशाल खण्डेलवाल)

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