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Hindi News महाराष्ट्र मुंबई के मलाड से गायब हुए 70 कोरोना पेशेंट, तलाश में जुटी पुलिस

मुंबई के मलाड से गायब हुए 70 कोरोना पेशेंट, तलाश में जुटी पुलिस

एक तरफ जहां कोरोना वायरस मुंबई से निकलकर आसपास के इलाकों में फैल रहा है। वहीं मुंबई शहर प्रशासन के लिए एक नई परेशानी सामने आ रही है। मुंबई से कोरोना के मरीज गायब हो रहे हैं।

70 covid-19 patients missing in Mumbai- India TV Hindi Image Source : PTI 70 covid-19 patients missing in Mumbai

मुंबई: एक तरफ जहां कोरोना वायरस मुंबई से निकलकर आसपास के इलाकों में फैल रहा है। वहीं मुंबई शहर प्रशासन के लिए एक नई परेशानी सामने आ रही है। मुंबई से कोरोना के मरीज गायब हो रहे हैं। कुल 70 कोरोना पॉजिटिव गायब हैं। इनके पते ठिकाने और फोन नंबर फर्जी पाए गए हैं। एक और हैरान करने वाली बात यह है कि जो मरीज गायब हैं, जब उनके मोबाइल पर फोन किया गया तो पता लगा कि जो नंबर इन लोगों ने दिए थे वो किसी  हेल्थ ऑफिसर का है तो कोई नंबर पुलिस वाले का है।

बृहन्‍नमुंबई म्‍युनिसिपल कार्पोरेशन (बीएमसी) इन्हें खोजने में नाकाम रही है और अब पुलिस से मदद मांगी गई है। डिप्टी चीफ मिनिस्टर अजीर पवार ने कहा है कि कोशिश कर रहे हैं। कोरोना के मरीजों को जल्दी  ट्रेस कर लेंगे। वहीं शहर के मंत्री असलम शेख का कहना है कि कुछ लोगों से संपर्क नही हो पा रहा है ये बात सही है लेकिन वो भागे नहीं हैं, हो सकता है उनमें से कुछ प्रवासी मजदूर हों या कुछ और वजह हो।

बीएमसी ने मुंबई पुलिस को जानकारी दी है कि ये सभी 70 लोग पिछले 3 महीनों में लापता हुए हैं। मुंबई के पी-नॉर्थ वार्ड में इन सभी की कोविड-19 रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद से ही ये सभी लापता हो गए। बीएमसी ने मुंबई पुलिस से इन सभी लोगों को उनकी मोबाइल लोकेशन और सीडीआर के जरिये खोजने में मदद मांगी है। पी-नॉर्थ इलाका मलाड के जैसा है, जहां कोरोना मरीजों की संख्‍या बढ़ रही है।

इसके साथ ही मुंबई में अब बहुमंजिला इमारतें चिंता का सबब बन गई हैं। दरअसल दो महीने के अथक प्रयासों के बाद मुंबई के झग्गीबस्ती इलाके धारावी में कोरोना के नए मामलों में कमी आई है लेकिन इसी बीच बहुमंजिला इमारतों में महामारी के नए मामले तेजी के साथ बढ़े हैं।

बीएमसी के आंकड़ों के मुताबिक मुंबई की सील की हुई बहुमंजिला इमारतों में कोरोना के मामले बढ़े हैं। कहा जा रहा है कि हाउसिंग सोसायटी में नियमों का सही ढंग से पालन नहीं हो रहा है। नए मामलों ने बीएम की चिंता बढ़ा दी है।