मालेगांव को मिलेगी महिला मेयर, जानें महाराष्ट्र की 29 महानगरपालिका में कहां-कहां महिलाओं की निकली लॉटरी
लॉटरी सिस्टम के जरिए मालेगांव में महिला मेयर बनना तय हुआ है। मुस्लिम बहुल मालेगांव में ISLAM पार्टी 35 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनी है। अब यहां पर मेयर भी इसी पार्टी की होगी।

महाराष्ट्र की 29 महानगरपालिकाओं के लिए अब मेयर चुनाव की बारी है। मेयर पद के लिए आरक्षण तय करने की प्रक्रिया आज शुरू हुई है। मालेगांव महानगपालिका में मेयर पद के लिए महिला (ओपन वर्ग) की लॉटरी निकली है। महज दो साल पहले अस्तित्व में आई ISLAM पार्टी के संस्थापक शेख आसिफ के परिवार के दो सदस्य पार्षद चुनकर आए है। इनमें से एक महिला पार्षद को मेयर बनाया जाएगा।
ISLAM पार्टी ने शानदार जीत दर्ज की
बता दें कि इंडियन सेक्युलर लार्जेस्ट असेंबली ऑफ महाराष्ट्र (ISLAM) पार्टी ने 84 में से 35 सीटें जीतकर सभी सियासी दलों की परेशानी में डाल दिया है। मालेगांव में अब इसी पार्टी की मेयर बनने जा रही है। मुस्लिम बाहुल मालेगांव महानगरपालिका में 84 सीटें हैं, जिसमें से ISLAM पार्टी ने 35 सीटों पर कब्जा जमाया है। वहीं असदुद्दीन ओवैसी की AIMIM ने 21 सीटें जीती हैं। समाजवादी पार्टी ने 5, शिवसेना ने 18, कांग्रेस ने 3 और बीजेपी को महज दो सीटें मिली हैं।
इन 15 महानगरपालिकाओं को मिलेंगी महिला मेयर
- महाराष्ट्र की 15 महानगरपालिकाओं में महिला मेयर बैठेंगीं। मुंबई, नवी मुंबई, पुणे, नागपुर, नाशिक में महिला नेतृत्व देखने को मिलेगा।
- ओपन कैटेगरी से 9 महिला मेयर चुनी जाएंगी। इमें मुंबई, नवी मुंबई, पुणे, नाशिक, नागपुर, धुले, मालेगांव, नांदेड़ और भिवंडी शामिल है।
- OBC वर्ग से 4 महिला मेयर चुनी जाएंगी। इनमें अहिल्यानगर, अकोला, जलगांव और चंद्रपुर शामिल है।
- SC वर्ग से 2 महिला मेयर होंगी। इनमें जालना और लातूर शामिल है।
मालेगाव में क्यों नहीं चला ओवैसी का सिक्का?
मालेगांव महानगरपालिका में इस बार AIMIM सांसद असदुद्दीन ओवैसी का सिक्का नहीं चला है। इस बार मुसलमानों का मिजाज बदला हुआ नजर आया और उन्होंने ओवैसी, कांग्रेस की जगह ISLAM पार्टी को वोट दिए। इंडिया टीवी से बात करते हुए शेख आसिफ ने बताया, मैं आज भी ऑटो में पूरा शहर घुमता हूं। पिछले 40 साल से हमारा परिवार मालेगांव की जनता के लिए काम करता है। मेरे पिता पावरलूम में मजदूरी करतें थे, मैं खुद आज भी हजार फीट के घर में रहता हूं। मालेगांव में रहने वाले हर गरीब के सुख-दुख में उनका साथ देते हैं। उनके राशनकार्ड, अस्पताल से लेकर हर छोटे-बड़े काम करते हैं।
'हम कट्टर नहीं, सेक्युलर हैं'
आगे उन्होंने कहा, हम कट्टर नहीं, सेक्युलर हैं। पार्टी के नाम में भले ही इस्लाम हो लेकिन हम सेक्युलर दल है। हमारे तीन हिंदू उम्मीदवार भी जीत कर आए हैं। कांग्रेस मुसलमानों की लीडरशीप डेवलप होने नहीं देती है। आज मुसलमानों के पास ऑप्शन नहीं है इसलिए ओवैसी जीत कर आ रहें है। हमने मालेगांव में मुस्लिम जनता को ऑप्शन दिया तो उन्होंने हमें चुना।
मालेगांव का मेयर कौन बनेगा?
मालेगांव का मेयर कौन बनेगा, इस पर शेख आसिफ ने कहा, ये पार्टी की बैठक में तय करेंगे। मालेगांव में जीत के बाद कई जिलों से हमें फोन आ रहें है, यहां के मेयर चुनाव के बाद मैं राज्य का दौरा करूंगा और अपने नेताओं से बात करूंगा।
यह भी पढ़ें-
मुंबई BMC में सामान्य कैटेगरी की महिला होगी मेयर, उद्धव गुट ने लॉटरी प्रक्रिया का किया बहिष्कार