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Hindi News महाराष्ट्र कोरोना वैक्सीन में सुअर की चर्बी? सोशल मीडिया में चल रही खबरों पर मुस्लिम संगठनों की बैठक

कोरोना वैक्सीन में सुअर की चर्बी? सोशल मीडिया में चल रही खबरों पर मुस्लिम संगठनों की बैठक

सोशल मीडिया पर खबर फैल रही है कि इस वैक्सीन में सुअर की चर्बी मिलाई गई है।

<p>coronavirus vaccine</p>- India TV Hindi Image Source : INDIA TV coronavirus vaccine

कोरोना वायरस बीते 8 महीनों से समूची मानवजाति के लिए सबसे बड़ा खतरा बनकर सामने आया है। यह खतरनाक वायरस अब तक 1 करोड़ भारतीयों को संक्रमित कर चुका है। वहीं दुख की बात यह है कि कोरोना हर रोज सैकड़ों जिंदगियां भी लील रहा है। इस बीच आखिरी उम्मीद कोरोना की वैक्सीन को लेकर है। अमेरिका और ब्रिटेन जैसे देशों में वैक्सीन का इमर्जेंसी इस्तेमाल भी शुरू हो गया है। भारत में भी वैक्सीन के जनवरी के मध्य तक आने की उम्मीद है। 
 
इस बीच सोशल मीडिया पर खबर फैल रही है कि इस वैक्सीन में सुअर की चर्बी मिलाई गई है। सुअर मुस्लिम समाज में हराम माना जाता है। इस वायलर मैसेज के चलते मुस्लिम समुदाय में इस वैक्सीन के खिलाफ आवाजें उठने लगी हैं। मुंबई के 9 मुस्लिम संघटनों के  लोगों ने दक्षिण मुंबई के 2 टाकी इलाके में स्थित बिलाल मस्जिद में कोरोना वैक्सिन के मुद्दे पर बैठक की। इस मीटिंग में वैक्सीन में सुअर की चरबी इस्तेमाल करने की सोशल मीडिया में खबरों पर चर्चा की गई। मीटिंग में सौ डेढ़ सौ लोग शामिल थे। इस मीटिंग में मुफ्ती, मौलाना ,मस्जिदों के इमामों ने हिस्सा लिया।

आने के फौरन बाद वैक्सीन नही 

मीटिंग में कहा गया कि  वैक्सीन में क्या क्या मिला है पहले हम ये जानेंगे। आज कल बार कोड से दो मिनट में पता चल जाता है। बड़े डॉक्टरों से मीटिंग करके जानकारी हासिल करंगे। सरकार जो तय करे वैक्सीन को लेकर लेकिन हमें भी अल्लाह ने अक्ल दी है कि हम अपनी सुरक्षा के लिए सोचे। वैक्सीन आने के फौरन बाद वैक्सीन नही लगाना है। वेट करना है। खाना सामने आया तो तुरंत खा लेंगे ऐसा नही है। पहले देखेंगे खाना अच्छा है या नही।

"अभी शेर आया नहीं है"

बैठक के बाद मुस्लिम समुदाय के लोगों ने एलान किया गया कि यदि यह खबर सच है तो मुस्लिम कौम में जाकर इसका विरोध करेंगे। वैक्सीन अभी आई नही है इसलिए वैक्सीन आने के बाद उसमें क्या क्या इस्तेमाल किया है वो देखेंगे। वैक्सीन आएगी तब हम देखेंगे।। अभी शेर आया नहीं है  उसे मारने के लिए अभी से तैयारी क्यों करें। जब आएगी वैक्सीन तब हम फैसला करेंगे कि उसे लेना है या नहीं लेना है। फिर उसकी जानकारी पूरी कौम तक फैलाएंगे। इस बैठक में आल इंडिया सुन्नी जमीयतुल उलमा, रजा अकेडमी, जामिया केद्रीय अशरफिया, जामित उलेमा अहले सुन्नत, अंजुमन बरकाते रजा, दारुल उलूम हंफ़िया रजविया, दारुल उलूम फैजाने मुफ़्ती ए आजम, तंजीम आईन मई मसजिद, ऑल इंडिया मसाजीद कांउसिल सहित कुल 9 संगठनों ने शिरकत की। 

देश में पहले से ही वैक्सीन मौजूद

मीटिंग में कहा गया कि कोरोना से देश में कई लोगों की मौत हुई है तो इस लाइलाज बीमारी से बहुत लोग बाहर भी आए हैं। हमारा मानना है कि देश में पहले से ही वैक्सीन मौजूद है तभी तो लोग कोरोना से ठीक हो जा रहे हैं।  यह जानकारी हमारे पास सोशल मीडिया के जरिए आई है कि वैक्सीन के अंदर सूअर की चर्बी है सूअर की हड्डी है और सुअर हमारे यहां नापाक जानवर है। यही वजह है कि उसका इस्तेमाल हम किसी भी हालत में नहीं कर सकते।