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असम में कांग्रेस सांसद पर बैट से हमला, सीएम ने कहा- '10 संदिग्धों की हुई पहचान'

असम में कांग्रेस के सांसद पर हमला मामले में 10 संदिग्धों की पहचान कर ली गई है। सीएम हिमंत विश्व शर्मा ने इस बात की जानकारी दी है।

सीएम ने कहा- संदिग्धों की हुई पहचान।- India TV Hindi
Image Source : PTI सीएम ने कहा- संदिग्धों की हुई पहचान।

गुवाहाटी: असम के नागांव जिले के रूपोहिहाट में गुरुवार को धुबरी से कांग्रेस के लोकसभा सांसद रकीबुल हुसैन और उनके निजी सुरक्षा अधिकारियों (पीएसओ) पर अज्ञात लोगों ने हमला किया। इस मामले में आज असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने कहा कि अब तक कुल 10 लोगों की पहचान कर ली गई है। सीएम हिमंत विश्व शर्मा ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, “पुलिस ने कांग्रेस सांसद रकीबुल हुसैन पर हमले की कथित घटना में शामिल व्यक्तियों की पहचान कर ली है।” उन्होंने आरोपियों के नाम और स्थानों को साझा करते हुए कहा कि पुलिस कानून के अनुसार कार्रवाई करेगी। 

नारेबाजी कर अज्ञात लोगों ने किया हमला

दरअसल, धुबरी लोकसभा क्षेत्र से कांग्रेस सांसद हुसैन, उनके बेटे तंजील और उनके पीएसओ पर गुरुवार को नगांव जिले के रूपाहीहाट इलाके में ‘रकीबुल हुसैन वापस जाओ’ के नारे लगाते हुए नकाबपोश बदमाशों ने हमला कर दिया। सांसद को क्रिकेट का बल्ला मारा गया, लेकिन वो सुरक्षित बच गए। हालांकि, उनके दो पीएसओ को मामूली चोटें आईं। सीएम हिमंत विश्व शर्मा ने हमले के बाद गुरुवार को विधानसभा में कहा था कि सांसद के जिले में रहने के दौरान उनकी सुरक्षा बढ़ा दी जाएगी, खासकर सामगुरी और रूपाहीहाट इलाकों में। इस मामले को लेकर समूचे विपक्ष ने शुक्रवार को राज्य सरकार की आलोचना की और कहा कि यह ‘लोकतंत्र की हत्या’ है और असम में ‘जंगल राज और गुंडा राज’ को जगह नहीं दी जाएगी। 

जांच में जुटी पुलिस

पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों ने बताया कि विस्तृत जानकारी का इंतजार है। सांसद रकीबुल हुसैन ने पिछले साल धुबरी लोकसभा सीट से रिकॉर्ड 10 लाख से अधिक मतों के अंतर से जीत हासिल की थी। उनके बेटे ने समागुरी विधानसभा क्षेत्र के लिए उपचुनाव लड़ा था, जिसका प्रतिनिधित्व हुसैन ने पांच बार किया था। वह भाजपा उम्मीदवार दीपू रंजन शर्मा से हार गए थे। पिछले वर्ष नवंबर में उपचुनाव के दौरान इस निर्वाचन क्षेत्र तथा आस-पास के क्षेत्रों में हिंसा की कई घटनाएं देखी गयी थीं। बता दें कि असम में पहली बार विधानसभा का सत्र गुवाहाटी के बाहर आयोजित किया जा रहा है। (इनपुट- पीटीआई)

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