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भारत का इकलौता रेलवे स्टेशन, जिसके प्लेटफॉर्म के बीच में खड़ी होती हैं सैकड़ों कैब-टैक्सी; सरपट दौड़ते हैं वाहन

Railway Facts : सोशल मीडिया पर आपने कई तरह के अनोखे रेलवे स्टेशनों के बारे में पढ़ा होगा। मगर, आज हम आपको बताएंगे कि किस रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म के बीच में कैब और टैक्सी खड़ी होती हैं।

which railway platform cab taxi parked, railway station interesting facts, which railway station has- India TV Hindi Image Source : INDIANRAILINFO AND FREEPIK (CIRCLE) भारत का रेलवे स्टेशन।

Railway Facts : भारतीय रेलवे दुनिया भर में अपनी उपलब्धियों का परचम लहरा चुका है। यही वजह है कि, दुनिाया के बड़े-बड़े मुल्क भारत के रेल नेटवर्क को चौथे से दूसरा बड़ा रेल नेटवर्क मानने लगे हैं। रेलवे ट्रैक के इलेक्ट्रिफिकेशन से लेकर ट्रेनों के कायाकल्प तक और स्टेशनों पर हाइजीन मेंटेन करने से लेकर लग्जरी और प्रीमियम वेटिंग एरिया बनाने तक रेलवे ने कई ऐसे अभूतपूर्व काम किए हैं जिनको देखने के बाद भारत के अलावा विदेशी टूरिस्ट तक हैरत में पड़ जाते हैं। भारत के रेलवे स्टेशनों के बारे में तो आपने खूब पढ़ा होगा। मगर, क्या आपको पता है कि वो कौन सा रेलव स्टेशन है जिसके 2 प्लेटफॉर्म्स के बीच में सैकड़ों कैब-टैक्सी खड़ी होती हैं ? यदि आपको नहीं पता है तो आज हम आपको भारत के एक ऐसे ही अनोखे रेलवे स्टेशन के बारे में बताने वाले हैंं। 

भारत के अनोखे रेलवे स्टेशन कौन से हैं

भारत में कई अनोखे रेलवे स्टेशन हैं। इनमें दो राज्यों बंटा स्टेशन (भवानी मंडी और नवापुर), वीजा-पासपोर्ट की अनिवार्यता वाला स्टेशन (अमृतसर का अटारी), भूतिया स्टेशन (बंगाल का बेगुनकोडोर), छोटे नाम वाला स्टेशन (ओडिशा इब), छोटे प्लेटफॉर्म वाला स्टेशन (ओडिशा का बासपानी), भारत के कोने में पहुंचाने वाला स्टेशन (यूपी का मथुरा जंक्शन) भी शामिल है। 

Image Source : indianrailinfo भारत का रेलवे स्टेशन।

किस रेलवे स्टेशन पर प्लेटफॉर्म के बीच में कैब-टैक्सी खड़ी होती है 

यदि आपको नहीं पता है तो बता दें कि, पश्चिम बंगाल का हावड़ा जंक्शन इकलौता ऐसा रेलवे स्टेशन है। इसके दो रेलवे प्लेटफार्मों के ठीक बीच से एक सड़क गुजरती है। कैब रोड के नाम से जानी जाने वाली यह आंतरिक सड़क वाहनों को सीधे स्टेशन परिसर के अंदर जाने की सुविधा देती है। भवन के बाहर रुकने के बजाय, कैब और टैक्सी यात्रियों को लगभग उनके ट्रेन डिब्बों के पास ही उतार सकती हैं। यह कोई अस्थायी व्यवस्था नहीं है, बल्कि स्टेशन के लेआउट का एक पूर्णतः कार्यात्मक हिस्सा है। प्लेटफार्म 8 और 9 के बीच स्थित है। वाहन फोरशोर रोड से प्रवेश करते हैं और निर्धारित एकतरफा मार्ग पर चलते हैं। निकास बकलैंड ब्रिज गेट से होता है, जिससे यातायात का सुचारू प्रवाह सुनिश्चित होता है। 

Image Source : indianrailinfo हावड़ा जंक्शन।

कार-कैब वालों को देना पड़ता है पार्किंग शुल्क

गौरतलब है कि, ओल्ड कॉम्प्लेक्स कैब रोड पर प्रतिदिन लगभग 900 से 1000 वाहन चलते हैं। निजी कारें, टैक्सियां और ऐप-आधारित कैब यहां प्रवेश कर सकती हैं। प्राइवेट कार मालिक दो घंटे के प्रवेश के लिए लगभग 71 रुपये का भुगतान करते हैं। ऐप-आधारित कैब ड्राइवर आमतौर पर पिक-अप या ड्रॉप-ऑफ के लिए लगभग 70 रुपये का व्यावसायिक पार्किंग शुल्क देते हैं। 
डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया और रिपोर्ट्स में किए गए दावों पर आधारित है। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रमाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।

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