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सरकारी कंपनियों के बोलीदाताओं को मालिकों के बारे में देनी होगी पूरी जानकारी- DIPAM

 Edited By: India TV Paisa Desk
 Published : Feb 16, 2021 09:39 pm IST,  Updated : Feb 16, 2021 09:39 pm IST

प्रारूप के अनुसार बोली लगाने वाली कंपनी में 10 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी हासिल करने के इच्छुक बोलीदाताओं को सुरक्षा मंजूरी के लिये संरक्षकों और सौदे से अंतिम रूप से लाभान्वित कंपनी के बारे में जानकारी देनी होगी।

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दीपम ने जारी किया सुरक्षा मंजूरी के आवेदन का प्रारुप Image Source : PTI

नई दिल्ली। सार्वजनिक क्षेत्र की बीपीसीएल, एयर इंडिया और बीईएमएल जैसी कंपनियों में सरकार की हिस्सेदारी खरीदने में रूचि रखने वाली विदेशी और भारतीय बोलीदाताओं को सुरक्षा मंजूरी प्राप्त करने के लिये सौदे से अंतिम रूप से लाभान्वित मालिकों के बारे में खुलासा करना होगा। निवेश और लोक संपत्ति प्रबंधन विभाग (दीपम) ने अधिग्रहणकर्ता के लिये सुरक्षा मंजूरी को लेकर आवेदन का प्रारूप जारी किया है। विभाग सरकार की कंपनियों में हिस्सेदारी की बिक्री का प्रबंधन का काम करता है। प्रारूप के अनुसार बोली लगाने वाली कंपनी में 10 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी हासिल करने के इच्छुक बोलीदाताओं को सुरक्षा मंजूरी के लिये संरक्षकों और सौदे से अंतिम रूप से लाभान्वित कंपनी के बारे में जानकारी देनी होगी।

बोलीदाता अगर एकमात्र खरीदार है तो उसे सरकार के साथ अपने निदेशकों और भागीदारों की राष्ट्रीयता, पता, संरक्षक, जिस देश के रहने वाले हैं, वहां की विशिष्ट पहचान संख्या और पासपोर्ट संख्या साझा करना होगा। साथ ही शेयरधारकों/पात्र रूचि रखने वाला पक्ष (क्यूआईपी) के सदस्यों (सभी कंपनियों/लोगों जिनकी 10 प्रतिशत हिस्सेदारी या 10 प्रतिशत मतदान अधिकार अथवा वितरित लाभांश का 10 प्रतिशत से अधिक प्राप्त करने वालों) के बारे में जानकारी देना होगा। साथ ही सुरक्षा मंजूरी के लिये स्व-घोषणा के जरिये यह भी बताना होगा कि क्यूआईपी का चीन और पाकिस्तान में किस रूप में तथा किस हद तक मौजूदगी है। क्यूआईपी अगर समूह है तो उसे सभी सदस्यों के नाम, हिस्सेदारी का प्रतिशत, पता और पंजीकरण ब्योरा देना होगा। अगर कर्मचारी श्रेणी में बोली आती है तो उन्हें सुरक्षा मंजूरी से छूट हैं। हालांकि इस श्रेणी में अगर दूसरे समूह भागीदार हैं तो उन्हें कर्मचारी बोली के तहत सुरक्षा मंजूरी लेनी होगी।

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