ठंडा दूध पीने से क्या होता है? जानें इससे सेहत को फायदा होता है या नुकसान?
Health Benefits Cold Milk:दूध पीना आम आदत है, लेकिन ठंडा दूध पीना सेहत के लिए फायदेमंद है या नुकसानदायक, चलिए जानते हैं?

दूध शायद भारतीय घरों में सबसे ज़्यादा इस्तेमाल होने वाला डेयरी प्रोडक्ट है। प्रोटीन, मैग्नीशियम, कैल्शियम, जिंक, विटामिन D और पोटेशियम से भरपूर, दूध पोषक तत्वों का भंडार माना जाता है। जहां कई लोग इसे बहुत गर्म पीना पसंद करते हैं, वहीं कुछ लोग ठंडा दूध पीना पसंद करते हैं। चलिए जानते हैं ठंडा दूध पीने से सेहत को कौन से फायदे मिलते हैं?
ठंडे दूध के फायदे
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पेट के अल्सर से राहत: अगर आप अक्सर पेट के अल्सर और एसिडिटी से परेशान रहते हैं, तो ठंडा दूध जादुई इलाज की तरह काम करता है। अगर आपको पाचन संबंधी समस्याएं हैं, तो आप एक गिलास ठंडे दूध में एक चम्मच 'इसबगोल' भी मिला सकते हैं, क्योंकि यह एसिड रिफ्लक्स के इलाज के तौर पर काम करता है।
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वजन कम करने में मदद करता है: मानें या न मानें, ठंडा दूध असल में वजन कम करने में मदद करता है। ठंडे दूध में कैल्शियम की मौजूदगी आपके शरीर के मेटाबॉलिज्म को बेहतर बनाती है, और इस तरह ज़्यादा कैलोरी बर्न होती है। एक गिलास दूध पीने से आपका पेट लंबे समय तक भरा रहता है और आपको बेवजह स्नैकिंग से बचने में भी मदद मिलती है।
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हाई बीपी की समस्या में ठंडा दूध: हाई बीपी की समस्या में आप ठंडा दूध पी सकते हैं। ये बहुत तेजी से काम करता है। पहले तो, ये ब्लड के साथ सर्कुलेट होता है और शरीर में स्ट्रेस होर्मोन यानी कॉर्टिसोल लेवल को कम करता है। दूसरा, इसका कैल्शियम, पोटेशियम और मैग्नीशियम बीपी कम करने वाले पोषक तत्व होते हैं। ये बायोएक्टिव पेप्टाइड्स, बीपी को कम करने में मदद करते हैं।
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त्वचा के लिए अच्छा: ठंडा दूध इलेक्ट्रोलाइट्स से भरपूर होता है जो आपके शरीर को डिहाइड्रेशन से लड़ने में मदद कर सकता है। यह आपके शरीर को हाइड्रेटेड रखेगा और त्वचा को चमकदार बनाएगा। ठंडा दूध पीने का सबसे अच्छा समय सुबह जल्दी है। हाथ की ट्रिक, प्लेट की ट्रिक और भी बहुत कुछ: ज़्यादा खाने से बचने के तरीके
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सीने में जलन की समस्या में ठंडा दूध: सीने में जलन की समस्या में ठंडा दूध पीना काफी फायदेमंद है। दूध में सबसे ज्यादा कैल्शियम होता है, जो अतिरिक्त एसिड को अवशोषित करके एसिड के निर्माण को रोकने में मदद करता है। इसलिए एसिडिटी और एसिड रिफ्लक्स के दौरान होने वाली जलन कम होती है।
Disclaimer: (इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।)