A
Hindi News भारत राष्ट्रीय चीन के साथ तनाव के बीच भारत ने पश्चिमी मोर्चे पर तैनात किए स्वदेशी लड़ाकू विमान तेजस

चीन के साथ तनाव के बीच भारत ने पश्चिमी मोर्चे पर तैनात किए स्वदेशी लड़ाकू विमान तेजस

चीन के साथ पूर्वी लद्दाख में चल रहे गतिरोध के बीच भारतीय वायुसेना (आईएएफ) ने पाकिस्तान सीमा के साथ पश्चिमी मोर्चे पर हवाई सुरक्षा को और मजबूती देने के लिए देश में बने हल्के लड़ाकू विमान (एलसीए) तेजस तैनात किए हैं।

India China news indigenous fighter lac tejas deployed on western front- India TV Hindi Image Source : FILE PHOTO India China news indigenous fighter lac tejas deployed on western front

नई दिल्ली। चीन के साथ पूर्वी लद्दाख में चल रहे गतिरोध के बीच भारतीय वायुसेना (आईएएफ) ने पाकिस्तान सीमा के साथ पश्चिमी मोर्चे पर हवाई सुरक्षा को और मजबूती देने के लिए देश में बने हल्के लड़ाकू विमान (एलसीए) तेजस तैनात किए हैं। पाकिस्तान सीमा से लगे वेस्टर्न फ्रंट पर हल्के लड़ाकू विमान तेजस को तैनात किया गया है। बता दें कि, तेजस अनेक भूमिकाओं को निभाने में सक्षम एक हल्का लड़ाकू विमान है। 

संसद का मानसून सत्र 10 सितंबर से होगा शुरू- सूत्र, पहली बार देखने को मिलेंगे कई अहम बदलाव

सरकारी सूत्रों ने समाचार एजेंसी एएनआई को बताया, एलसीए (लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट) तेजस को भारतीय वायुसेना ने पश्चिमी सीमा पर पाकिस्तान सीमा के करीब तैनात किया गया है, ताकि दुश्मन द्वारा वहां किसी भी हरकत का माकूल जवाब दिया जा सके और कड़ी निगरानी रखी जा सके। इसके साथ ही सूत्रों ने बताया, दक्षिणी वायु कमान के तहत सुलूर से बाहर पहले तेजस स्क्वाड्रन '45 स्क्वाड्रन (फ्लाइंग डैगर्स)' को एक ऑपरेशनल भूमिका में तैनात किया गया है। 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बीते स्वतंत्रता दिवस (15 अगस्त) के भाषण के दौरान स्वदेशी तेजस विमान की प्रशंसा की थी और कहा था कि एलसीए मार्क1ए वर्जन को खरीदने का सौदा जल्द ही पूरा होने की उम्मीद है। बता दें कि विमानों का पहला स्क्वाड्रन इनिशियल ऑपरेशनल क्लीयरेंस वर्जन का है, वहीं दूसरा 18 स्क्वाड्रन 'फ्लाइंग बुलेट्स' अंतिम ऑपरेशनल क्लीयरेंस वर्जन का है और इसका संचालन भारतीय वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल आरकेएस भदौरिया ने 27 मई को सुलूर एयरबेस में किया था।

चीन के साथ तनाव के बीच भारत ने पश्चिमी मोर्चे पर तैनात किए स्वदेशी लड़ाकू विमान तेजस 

भारतीय वायु सेना और रक्षा मंत्रालय को इस वर्ष के अंत तक 83 Mark1A विमानों के लिए सौदे को अंतिम रूप देने की उम्मीद है। सीमाओं पर चीनी आक्रमण के मद्देनजर भारतीय वायुसेना ने अपने हथियारों को चीन और पाकिस्तान दोनों सीमाओं पर तैनात किया है। सुरक्षा बल के फॉरवर्ड एयरबेसों को पश्चिमी और उत्तरी मोर्चों पर स्थितियों की देखभाल करने के लिए तैनात किया गया है और हाल के दिनों में व्यापक उड़ान संचालन भी देखा गया है, जिसमें दिन और रात के समय हवाई अभियान भी शामिल हैं।

(इनपुट-ANI)

ये भी पढ़ें

भारत की कोरोना वैक्सीन का तीसरे चरण का ट्रायल आज-कल में होगा शुरू: नीति आयोग

चुनाव आयुक्त अशोक लवासा ने दिया इस्तीफा, एडीबी बैंक में संभालेंगे उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी

 

Latest India News