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Hindi News महाराष्ट्र रामदेव ने एकनाथ शिंदे को बालासाहेब ठाकरे की विरासत का 'उत्तराधिकारी' घोषित किया

रामदेव ने एकनाथ शिंदे को बालासाहेब ठाकरे की विरासत का 'उत्तराधिकारी' घोषित किया

Maharashtra News: रामदेव ने कहा कि सीएम शिंदे 'सनातन हिंदुत्व' के प्रतीक हैं, जो शिवसेना के संस्थापक दिवंगत बालासाहेब ठाकरे के आदर्शों का पालन करते रहे हैं, जिनके साथ उनके सौहार्दपूर्ण संबंध है।

Eknath Shinde and Ramdev- India TV Hindi Image Source : TWITTER Eknath Shinde and Ramdev

Maharashtra News: योग गुरु रामदेव ने मंगलवार को मुंबई में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे (Eknath Shinde) से मुलाकात की। अधिकारियों ने इसे 'शिष्टाचार यात्रा' के रूप में वर्णित किया। इस दौरान दोनों ने चर्चा की। इससे पहले उन्होंने डिप्टी सीएम देवेंद्र फडणवीस से भी मुलाकात की। इस मुलाकात के बाद उन्होंने मीडिया से बातचीत करते हुए सीएम शिंदे की जमकर तारीफ की है। मीडियाकर्मियों से बातचीत करते हुए, रामदेव ने कहा कि सीएम शिंदे 'सनातन हिंदुत्व' के प्रतीक हैं, जो शिवसेना के संस्थापक दिवंगत बालासाहेब ठाकरे के आदर्शों का पालन करते रहे हैं, जिनके साथ उनके सौहार्दपूर्ण संबंध है।

रामदेव ने कहा, "अब, एकनाथ शिंदे बालासाहेब ठाकरे की हिंदुत्व की विरासत के सच्चे उत्तराधिकारी हैं।"

शिवसेना ने किया विरोध
रामदेव की टिप्पणियों का शिवसेना ने विरोध किया और प्रवक्ता किशोर तिवारी ने आश्चर्य जताया कि बालासाहेब ठाकरे की विरासत पर टिप्पणी करने के लिए रामदेव होते कौन हैं। तिवारी ने कहा, "रामदेव खुद एक दागी व्यक्ति हैं। वह शिंदे-फडणवीस के अपवित्र गठबंधन को स्वत: प्रमाण पत्र दे रहे हैं, जिसने अभी भी राज्य के लोगों की विश्वसनीयता या सम्मान अर्जित नहीं किया है और मामला कोर्ट में लंबित है।"

'शिवसेना गद्दारों से नहीं, शिवसैनिकों के खून से बड़ी हुई है'
वहीं, आपको बता दें कि इससे एक दिन पहले ही महाराष्ट्र के पूर्व सीएम उद्धव ठाकरे ने शिवसेना की दशहरा रैली को लेकर शिंदे सरकार को चेतावनी दी है। उद्धव ने कहा कि चाहें कुछ भी हो जाए, शिवाजी पार्क मैदान में ही दशहरा रैली करेंगे। उन्होंने कहा कि शिवसेना की दशहरा रैली मुंबई के शिवाजी पार्क में ही होगी। राज्यभर से शिवसैनिक इस रैली के लिए पहुंचेंगे।

'महाराष्ट्र की मिट्टी गद्दारी के बाद मर्दों को जन्म देती है, नामर्दों को नहीं'
उद्धव ने कहा कि सरकार अनुमति देगी या नहीं, ये तकनीकी बातें हम नहीं जानते। हम रैली करेंगे। कोई नहीं कर रहा है, इस बात से हमें फर्क नहीं पड़ता है। जिनके खून में निष्ठा है, वो शिवसेना है। शिवसेना गद्दारों से नहीं बल्कि शिवसैनिकों के खून से बड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र की मिट्टी गद्दारी के बाद मर्दों को जन्म देती है, नामर्दों को नहीं। सत्तापक्ष के साथ लोग अमूमन जाते हैं लेकिन लोग शिवसेना में आ रहे हैं। मुझे जो बोलना है, उसे दशहरा रैली में बोलूंगा।