Interesting Facts: हमारे घर में किचन से लेकर बाथरूम तक कई ऐसी चीजों का उपयोग होता है जिन पर हमारी नजर रोज पड़ती है। हालांकि उन चीजों पर दिखने वाली मामूली चीजों पर हम लोगों का ध्यान कभी नहीं जाता है। ऐसी ही एक चीज है किचन में इस्तेमाल होने सिलेंडर। अब आप सोच रहे होंगे कि, भला सिलेंडर में ऐसा क्या हो सकता है जिस पर नजर न पड़ती हो। मगर, हम आपको बता दें कि सिलेंडर को रोज इस्तेमाल करने वाले लोग उसे ऊपर से तो देखते हैं मगर सिलेंडर के सबसे निचले भाग पर कभी नजर नहीं पड़ती है। सिलेंडर के सबसे निचले हिस्से पर जब आप गौर करेंगे तो पाएंगे कि, वहां पर छोटे-छोटे छेद बने होते हैं। क्या आपको मालूम है कि, सिलेंडर के नीचे गोल छेद क्यों बने होते हैं ? यदि आपको नहीं पता है तो आज हम आपको इसी के बारे में बताएंगे :
घर में लगने वाले वाले घरेलू सिलेंडर
सबसे पहले तो हम आपको ये बता दें कि, घर के किचन में लगने वाले सिलेंडर के अंदर लिक्विड पेट्रोलियम गैस यानी LPG भरी होती है। प्रोपेन और ब्यूटेन का मिश्रण होने वाली ये गैस किचन में खाना पकाने में इस्तेमाल होती है। स्टील-लोहे के बने ये सिलेंडर लगभग 14.2 किग्रा के होते हैं। भारत में प्राय: ये सिलेंडर लाल, नीले और सफेद रंगों में आते हैं। इनकी कीमत भी सब्सिडी और बाजार दरों के मुताबिक निर्धारित होती है।
Image Source : PTIसिलेंडर।
घरेलू सिलेंडर लाल क्यों होते हैं
यदि आपको नहीं पता तो ये बता दें कि, लाल रंग खतरे का प्रतीक होता है और एलपीजी ज्वलशील होती है जिससे लोगों को इसके खतरनाक होने का संकेत मिलता है। दूसरा कारण ये है कि, लाल रंग तरंगदैर्ध्य ज्यादा होने के कारण दूर से ही दिख जाता है इससे इसकी पहचान करना सरल हो जाता है।
सिलेंडर के नीचे छेद होने की वजह
आपने गौर किया होगा कि सिलेंडर के नीचे जो घेरा बना होता है उसमें कुछ छोटे-छोटे छेद बने होते हैं। सिलेंडर के नीचे ये छेद हवा के संचार और नमी को रोकने के लिए बनाए जाते हैं। इसकी कुछ और भी वजहें होती हैं। जैसे सिलेंडर से लगने वाली जंग से बचाव, दरअसल जब सिलेंडर फर्श पर रखा होता है तब जंग से उसके निशान फर्श पर आ जाते हैं और वहां नमी इकट्ठा होती है। इन छेदों से वायु प्रवाह के कारण नमी को सूखने में काफी मदद मिलती है। सिलेंडर के छेद हवा के प्रवाह बनाए रखते हैं जिससे तापमान नियंत्रित रहता है और गर्मी में दबाव बढ़ने से भी बचाता है। जंग लगने के कारण सिलेंडर कई बार कमजोर भी हो जाते हैं ऐसे में विस्फोट का खतरा भी बढ़ जाता है ऐसे में ये छेद ही इस जोखिम को कम कर सकते हैं।
Image Source : PTIसिलेंडर।
सिलेंडर की सफाई में कारगर होते हैं छेद
अब आपको बता दें कि, जब सिलेंडर को कभी धोया जाता है तो सबसे नीचे बने छेद काफी कारगर सिद्ध होते हैं। होता से है कि, धुलाई के दौरान पानी कहीं भी रुकता नहीं है और इन्हीं छेदों के सहारे बाहर निकल जाता है। हालांकि, हम आपको ये भी बता दें कि ये छेद हमेशा गोल ही नहीं मिलते हैं। अलग-अलग कंपनियां इन छेदों के डिजाइन में परिवर्तन करती रहती हैं।
डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया और रिपोर्ट्स में किए गए दावों पर आधारित है। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रमाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।
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